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Fraud: जर्मनी भेजने के नाम 17 लाख की ठगी, बिना वेतन 3 महीने दुबई में कराया काम, फिर भेज दिया हिसार
Sat, 22 Jun 2024 02:52 PM IST
अंकेश ठाकुर
संवाद न्यूज एजेंसी, बास (हिसार)
संवाद न्यूज एजेंसी, बास (हिसार)
Published by: अंकेश ठाकुर
Updated Sat, 22 Jun 2024 02:52 PM IST
सार
हिसार के नारनौंद में विदेश भेजने के नाम पर चार लोगों के साथ 17 लाख 59 हजार 500 रुपए रुपये की ठगी हुई है। पुलिस ने पांच आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। आरोपियों में दो महिलाएं भी शामिल हैं।
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : Istock
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विस्तार
हिसार के नारनौंद क्षेत्र के गांव सिंघवा खास के चार लोगों के साथ जर्मनी भेजने के नाम पर 17 लाख 59 हजार 500 रुपए की ठगी का मामला सामने आया है। मामले में बास थाना पुलिस ने सिंघवा खास निवासी दीपक, उसकी पत्नी प्रियंका, सूर्या, उसकी मां प्रमोद और रोहतक जिले के महम के गांव लाखन माजरा निवासी बिजेंद्र राठी के खिलाफ धोखाधड़ी सहित विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। उक्त आरोपियों ने सिंघवा खास निवासी रविंद्र कुमार, कृष्ण, विजय और जयबीर के साथ ठगी की है।
शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि उन्होंने अपने बेटों को जर्मनी में नौकरी लगवाने के लिए आरोपी दीपक, प्रियंका, सूर्या, प्रमोद और बिजेंद्र राठी को 17 लाख 59 हजार 500 रुपए दिए थे। शिकायतकर्ता रविंद्र कुमार ने आरोपी दीपक के कहने पर 4 लाख 99 हजार 500 रुपए अलग-अलग बैंक खाते में डाले थे।
वहीं विजय व उसके बेटे आशीष ने आरोपी सूर्या के बताए अलग-अलग बैंक खातों में 6 लाख रुपए जमा किए थे। वहीं जयबीर ने सूर्या के बताए गए अलग-अलग बैंक खातों में 5 लाख 50 हजार रुपए जमा करवाए। इसके अलावा कृष्ण ने दीपक के बताए गए बैंक खातों में 6 लाख रुपए जमा किए।
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शिकायतकर्ता विजय ने बताया कि उनके साथ 12-12 लाख रुपए में चारों को जर्मनी भेजने की बात हुई थी। आरोपियों ने कहा था कि उनको पहले 3 महीने के लिए दुबई में काम करना पड़ेगा और उसके बाद उनको जर्मनी भेजा जाएगा। इसके लिए उन्होंने विजय के बेटे आशीष और जयबीर के बेटे सोनू को दुबई भेज दिया जहां पर आरोपी सिंघवा खास निवासी दीपक व उसकी पत्नी प्रियंका का होटल है और करीब सवा 3 महीने तक वहीं पर आशीष व सोनू से काम करवाया गया और उसके बदले में उनकी सिर्फ रहने और खाने की व्यवस्था ही की गई। इस दौरान करवाए गए काम का भी उनको कोई पैसा नहीं दिया। सवा तीन महीने बाद आरोपी दीपक व प्रियंका ने उनको यह कहकर वापस गांव सिंघवा खास भेज दिया कि उनको कुछ दिन बाद गांव से ही सीधा जर्मनी भेज दिया जाएगा, लेकिन आरोपियों ने न उन्हें जर्मनी भेजा और न ही उनके रुपए वापस लौटाए। सभी आरोपियों ने मिलकर उक्त चारों के साथ 17 लाख 59 हजार 500 रुपए की धोखाधड़ी की है।
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शिकायतकर्ता ने पुलिस को बताया कि उन्होंने अपने बेटों को जर्मनी में नौकरी लगवाने के लिए आरोपी दीपक, प्रियंका, सूर्या, प्रमोद और बिजेंद्र राठी को 17 लाख 59 हजार 500 रुपए दिए थे। शिकायतकर्ता रविंद्र कुमार ने आरोपी दीपक के कहने पर 4 लाख 99 हजार 500 रुपए अलग-अलग बैंक खाते में डाले थे।
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वहीं विजय व उसके बेटे आशीष ने आरोपी सूर्या के बताए अलग-अलग बैंक खातों में 6 लाख रुपए जमा किए थे। वहीं जयबीर ने सूर्या के बताए गए अलग-अलग बैंक खातों में 5 लाख 50 हजार रुपए जमा करवाए। इसके अलावा कृष्ण ने दीपक के बताए गए बैंक खातों में 6 लाख रुपए जमा किए।
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शिकायतकर्ता विजय ने बताया कि उनके साथ 12-12 लाख रुपए में चारों को जर्मनी भेजने की बात हुई थी। आरोपियों ने कहा था कि उनको पहले 3 महीने के लिए दुबई में काम करना पड़ेगा और उसके बाद उनको जर्मनी भेजा जाएगा। इसके लिए उन्होंने विजय के बेटे आशीष और जयबीर के बेटे सोनू को दुबई भेज दिया जहां पर आरोपी सिंघवा खास निवासी दीपक व उसकी पत्नी प्रियंका का होटल है और करीब सवा 3 महीने तक वहीं पर आशीष व सोनू से काम करवाया गया और उसके बदले में उनकी सिर्फ रहने और खाने की व्यवस्था ही की गई। इस दौरान करवाए गए काम का भी उनको कोई पैसा नहीं दिया। सवा तीन महीने बाद आरोपी दीपक व प्रियंका ने उनको यह कहकर वापस गांव सिंघवा खास भेज दिया कि उनको कुछ दिन बाद गांव से ही सीधा जर्मनी भेज दिया जाएगा, लेकिन आरोपियों ने न उन्हें जर्मनी भेजा और न ही उनके रुपए वापस लौटाए। सभी आरोपियों ने मिलकर उक्त चारों के साथ 17 लाख 59 हजार 500 रुपए की धोखाधड़ी की है।