एस्ट्रोटर्फ पर अभ्यास करने के लिए खिलाड़ियों को 58 लाख का इंतजार
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साढ़े दस करोड़ की लागत से बनाए गए हॉकी एस्ट्रोटर्फ पर अभ्यास के लिए हॉकी खिलाड़ियों को अभी कुछ समय और इंतजार करना पड़ेगा। करीब एक साल से बिजली, पानी, सीवरेज कनेक्शन के लिए तरस रहे एस्ट्रोटर्फ का खेल मंत्री अनिल विज के आदेशानुसार खेल विभाग द्वारा एस्टीमेट तैयार कर लिया गया है। बीते सप्ताह खेल मंत्री अनिल विज ने एस्ट्रोटर्फ का दौरा करने के बाद बिजली, पानी, कनेक्शन के लिए प्रपोजल तैयार करने के आदेश खेल अधिकारियों को दिए थे। खेल मंत्री ने जल्द ही प्रपोजल के अनुसार तैयार एस्टीमेट की ग्रांट जल्द ही मुहैया करवाने की बात कही थी।
58.50 लाख में लगेंगे एस्ट्रोटर्फ में बिजली, पानी, सीवरेज के कनेक्शन
जिला खेल विभाग द्वारा एस्ट्रोटर्फ के लिए तैयार किए गए प्रपोजल के अनुसार एस्ट्रोटर्फ में बिजली, पानी, सीवरेज कनेक्शन के लिए कुल 58.50 लाख का खर्च आएगा, जिसमें पानी के कनेक्शन के लिए 40.5 लाख, सीवरेज के लिए 11 लाख व बिजली कनेक्शन के लिए 7 लाख रुपये का एस्टीमेट तैयार किया गया है। इसकी रिपोर्ट जल्द ही खेल मुख्यालय पंचकूला भेजी जाएगी। ग्रांट मिलते ही खेल अधिकारियों ने एस्ट्रोटर्फ को अभ्यास के लिए तैयार करने की बात कही है।
खिलाड़ियों को करना पड़ रहा कच्चे मैदान पर अभ्यास
एस्ट्रोटर्फ के होते हुए भी हॉकी खिलाड़ी कच्चे मैदान पर अभ्यास करने को मजबूर है। खिलाड़ियों को गिरी सेंटर पर बने कच्चे मैदान पर हॉकी का अभ्यास करना पड़ता है। हॉकी खेल नियमों के अनुसार हॉकी एस्ट्रोटर्फ पर ही खेली जा सकती है, कच्चे मैदान पर नहीं। कच्चे मैदान पर न तो खिलाड़ी शॉट सिलेक्शन ढंग से कर पाते हैं और न ही उनके पैरों की ग्रिप भी नहीं बन पाती।
मीडिया व अधिकारियों के लिए भी बनेगी वीआईपी गैलरी
खेल मंत्री अनिल विज ने एस्ट्रोटर्फ स्टेडियम में मीडिया व अन्य अधिकारियों के बैठने के प्रबंध करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही वीआईपी के लिए भी नजदीक से खेल को देखने के लिए उचित प्रबंध करने को कहा है। इसे देखते हुए मीडिया व अधिकारियों के लिए वीआईपी गैलरी बनाई जाएगी।
एस्ट्रोटर्फ के लिए खेल मंत्री के आदेश के बाद बिजली, पानी व सीवरेज कनेक्शन का प्रपोजल तैयार कर लिया गया है। इसकी रिपोर्ट जल्द ही खेल मुख्यालय चंडीगढ़ को भेजी जाएगी। ग्रांट मिलते ही जल्द ही एस्ट्रोटर्फ के सभी कार्य पूरे किए जाएंगे, जिसके बाद खिलाड़ी इस मैैदान पर हॉकी का अभ्यास कर पाएंगे।
- सूबेसिंह बैनीवाल, जिला खेल अधिकारी
सविता पूनिया व पूनम मलिक की तरह कई खिलाड़ी हॉकी में आगे बढ़ पाएंगी। यदि उन्हें एस्ट्रोटर्फ व खेल से जुड़ी अन्य सुविधाएं भी प्राप्त हो। कच्चे मैदान पर खेलने के कारण ही खिलाड़ी एस्ट्रोटर्फ पर कामयाबी हासिल नहीं कर पाते।
- आजाद सिंह मलिक, हॉकी कोच