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पूर्वोत्तर के विद्यार्थी चखेंगे हमारे देसी खाणे का स्वाद
ब्यूरो/अमर उजाला, हिसार
Updated Fri, 16 Dec 2016 11:46 PM IST
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म्हारा देसी खाणा
- फोटो : bureau
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पूर्वोत्तर के विद्यार्थी हरियाणा के देसी खाने का स्वाद चखेंगे। पूर्वोत्तर के करीब 40 विद्यार्थी शहर के करीब 20 परिवारों के घरों में रुकेंगे और उत्तर भारत के खानपान के अलावा पूजा पद्धति, संस्कृति आदि से रूबरू होंगे। इन विद्यार्थियों को अग्रोहा धाम के अलावा मंगाली गांव की सैर करवाई जाएगी। ये विद्यार्थी सेवन सिस्टर्स स्टेट के नाम से जाने जाने वाले असम, नागालैंड, मेघालय, मिजोरम, अरुणाचल प्रदेश, त्रिपुरा और मणिपुर से आएंगे।
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एबीवीपी के राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य सुनील भारद्वाज ने बताया कि एबीवीपी की शील यात्रा के तहत पूर्वोत्तर के करीब 40 विद्यार्थी तीन दिवसीय हिसार दर्शन के लिए आ रहे हैं। शनिवार सुबह करीब 3 बजे रेलवे स्टेशन पर उनके स्वागत के लिए जीजेयू के रजिस्ट्रार एके पुंडीर, किसान आयोग के चेयरमैन डॉ. रमेश यादव, डॉ. सुखबीर, डॉ. समीर, डॉ. अलका शर्मा, अश्विन लाहौरिया, श्रीनिवास व एबीवीपी के अन्य कई पदाधिकारी पहुंचेंगे।
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दही, परांठे का लेंगे स्वाद
ये विद्यार्थी सुबह रेलवे स्टेशन से 2-2 की संख्या में यजमान परिवारों के साथ जाएंगे। जहां वे विश्राम एवं नाश्ता करेंगे। नाश्ते में मेहमान विद्यार्थी दही परांठे, दूध परांठे, दलिया आदि का स्वाद चखेंगे। हालांकि इन मेहमानों के लिए हर घर में चावल आवश्यक रूप से बनाया जाएगा। वहीं शाम को इनके मनपसंद खाने का प्रबंध एमजी क्लब में किया गया है।
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मंगाली में खाएंगे शुद्ध देसी खाणा
पूर्वोत्तर के विद्यार्थी 18 दिसंबर को सुबह मंगाली गांव में जाएंगे। जहां मंगाली के पांचों गांवों की पंचायत उनका स्वागत करेगी। यहां मेहमानों के लिए विशेष पकवान बनाए जाएंगे। मेहमान यहां खीर, हलवा, चूरमा, बाजरे की रोटी, सरसों का साग, लस्सी, दही आदि का स्वाद चखेंगे। इस दौरान हरियाणवी संस्कृति को दर्शाते कार्यक्रम भी होंगे। इसके बाद मेहमान गांव का भ्रमण करेंगे।
17 से 24 वर्ष के छात्र-छात्राएं हैं हमारे मेहमान
पूर्वोत्तर से आने वाले छात्र-छात्राएं 17 से 14 वर्ष की आयु के हैं। इनमें 14 लड़कियां और 26 लड़के शामिल हैं। नागालैंड से 6, आसाम से 13, मिजोरम से 8, अरुणाचल प्रदेश से 2, त्रिपुरा से 2, मणिपुर से 2 और मेघालय से 7 विद्यार्थी शामिल हैं।
इनके घर रुकेंगे
ये 40 विद्यार्थी दो-दो की संख्या में जीजेयू के रजिस्ट्रार डॉ. अनिल पुंडीर, प्रो. डॉ. अल्का, प्रो. अनिल कुंडू, डॉ. संदीप राणा, प्रदीप कुमार, डॉ. प्रवीन, एचएयू के रिटायर्ड प्रोफेसर डॉ. एनके बंसल, सामान्य अस्पताल के डॉ. समीर, हरियाणा किसान आयोग के चेयरमैन डॉ. रमेश यादव, सुनील, पुनीत, डॉ. सरिता, गगन कुमार, दीपक, अश्विनी लाहौरिया, सर्वेश, सीए रामनिवास, बलजीत, नरेंद्र यादव, कुलदीप मान, आदिश, राहुल गर्ग, सुखबीर आदि के घर रुकेंगे।