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अनशनकारियों को अस्पताल ले जाने के लिए पहुंचे तहसीलदार वापस लौटे
Updated Sun, 22 Apr 2018 12:48 AM IST
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दुष्कर्मियों को छह महीनों के अंदर फांसी की सजा की मांग पर क्रांतिमान पार्क में बैठे अनशनकारियों की तबीयत बिगड़ने पर तहसीलदार विनय चौधरी उन्हें अस्पताल में भर्ती कराने के लिए पहुंचीं। अनशनकारियों ने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया।
पिछले चार से दिन से अनशन कर रहे अनूप सिंह चानौत और नवीन ढाका की तबीयत खराब होने लगी है। दोनों का वजन भी तेजी से कम हुआ है। शरीर के अंदर कीटोंस की मात्रा बढ़ रही है। नवीन ढाका ने कहा कि हमारा अनशन बिल्कुल गैर राजनीतिक है। समाज और देश की हर बहन-बेटी की सुरक्षा के लिए है। उन्होंने बीजेपी सरकार को कोसते हुए कहा कि बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का नारा देने वालों के राज में बेटियों के साथ सबसे ज्यादा दरिंदगी हुई है। दिन प्रतिदिन अखबारों में रेप की खबरें आम हो गई हैं। नारनौंद में महज आठ साल की गुड़िया को भी इन दरिंदों ने नहीं बख्शा। सत्यवान कुंडू की अध्यक्षता में प्राइवेट अध्यापक संघ अपना समर्थन देने पहुंचे। राजीव सरदाना, जगदीश राय, रोशनी देवी, छोटी देवी, शकुंतला देवी, नीलम, सतबीर दूहन, राजेंद्र भारती, हरपाल क्रांति, परमजीत सिंह, अजय ढाका, अनिल डाहौला, कपिल कुमार, राजूराम, अन्य संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। शाम के समय तहसीलदार विनय कुमार अनशनकारियों को अस्पताल में भर्ती कराने के लिए अनशन स्थल पहुंचे। अनशनकारियों ने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया। इसके बाद तहसीलदार वापस लौट गए।
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दुष्कर्मियों को छह महीनों के अंदर फांसी की सजा की मांग पर क्रांतिमान पार्क में बैठे अनशनकारियों की तबीयत बिगड़ने पर तहसीलदार विनय चौधरी उन्हें अस्पताल में भर्ती कराने के लिए पहुंचीं। अनशनकारियों ने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया।
पिछले चार से दिन से अनशन कर रहे अनूप सिंह चानौत और नवीन ढाका की तबीयत खराब होने लगी है। दोनों का वजन भी तेजी से कम हुआ है। शरीर के अंदर कीटोंस की मात्रा बढ़ रही है। नवीन ढाका ने कहा कि हमारा अनशन बिल्कुल गैर राजनीतिक है। समाज और देश की हर बहन-बेटी की सुरक्षा के लिए है। उन्होंने बीजेपी सरकार को कोसते हुए कहा कि बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ का नारा देने वालों के राज में बेटियों के साथ सबसे ज्यादा दरिंदगी हुई है। दिन प्रतिदिन अखबारों में रेप की खबरें आम हो गई हैं। नारनौंद में महज आठ साल की गुड़िया को भी इन दरिंदों ने नहीं बख्शा। सत्यवान कुंडू की अध्यक्षता में प्राइवेट अध्यापक संघ अपना समर्थन देने पहुंचे। राजीव सरदाना, जगदीश राय, रोशनी देवी, छोटी देवी, शकुंतला देवी, नीलम, सतबीर दूहन, राजेंद्र भारती, हरपाल क्रांति, परमजीत सिंह, अजय ढाका, अनिल डाहौला, कपिल कुमार, राजूराम, अन्य संगठनों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। शाम के समय तहसीलदार विनय कुमार अनशनकारियों को अस्पताल में भर्ती कराने के लिए अनशन स्थल पहुंचे। अनशनकारियों ने अस्पताल जाने से इनकार कर दिया। इसके बाद तहसीलदार वापस लौट गए।
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