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कॉलोनाईजर ने पार्टनरशिप डीड में गड़बड़ी कर महिला पार्टनर से की 54 लाख से ज्यादा की धोखाधड़ी--
Updated Sat, 11 Aug 2018 02:20 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार। सेेक्टर-14 निवासी महिला तारा विजय के साथ पार्टनरशिप डीड में गड़बड़ी करके 54 लाख रुपये से अधिक की ठगी करने का मामला सामने आया है। महिला के पति कैप्टन विजय कुमार नागरिक उड़यन विभाग में महानिदेशक के पद पर कार्यरत है और उनके जेठ संजय जैन शहर के शीशमहल के संचालक है। ठगी करने वाले चार आरोपी ग्रीन डेवल्पर्स नाम से फर्म चलाते हैं और प्राइवेट कॉलोनी काटने का काम करते हैं। इस धोखाधड़ी में महिला तारा विजय ने अग्रसेन कॉलोनीवासी वीरेंद्र, सेक्टर-13 निवासी जगप्रवेश, सेक्टर-14 निवासी वीना कुमारी, पीएलए निवासी भारत भूषण के खिलाफ केस दर्ज करवाया है।
पुलिस को दी शिकायत में महिला तारा विजय ने बताया कि 13 फरवरी 2012 को उसकी मुलाकात ग्रीन डेवलपर्स फर्म चलाने वालेेे जोगेंद्र, जगप्रवेश व वीरेंद्र के साथ हुई थी। तीनों ने महिला को बताया कि वह एक प्राइवेट कॉलोनी विकसित कर रहे हैं। इस काम के लिए उन्होंने सभी जरूरी अनुमति ले ली है। अभी इस फर्म में वह चार हिस्सेदार है। उन्होंने बताया कि इस कॉलोनी में उनको जबरदस्त फायदा मिलेगा। इसके बाद तीनों ने प्रलोभन में लेकर उसको फर्म का हिस्सेदार बना लिया। हिस्सेदारी के नाम पर आरोपियों ने उससे 54 लाख रुपये ले लिए। आरोपियों ने एक अन्य हिस्सेदार अनिल जैन को भी इस फर्म में शामिल करके नई पार्टनरशिप डीड तैयार करवा ली और सबको बराबर छह हिस्से का पार्टनर बनाया गया। इसके बाद उन्होंने 2015 में फर्म के कागजात चेक किए तो पता चला कि चारों आरोपियों ने एक नई पार्टनरशिप डीड बनवा ली है और उसमें से उसका हिस्सा गायब कर दिया गया है। आरोपियों ने नई पार्टनरशिप डीड से प्लॉट बेच दिए हैं। इसके अलावा आरोपियों ने फर्म के बैंक खाते से पैसे भी निकलवा लिए हैं। महिला को जब इस बारे में पता चला तो उसने इस बारे में आरोपियों से बात की तो उन्होंने गलती मानते हुए जल्द उसके हिस्से की राशि लौटाने की बात कही। इसके बाद जब भी इनसे पैसे मांगे जाते तो बाजार में मंदी बोलकर प्लॉट नहीं बिकने की बात कहकर टालमटोल करने लगे। महिला ने जब फर्म की कॉलोनी के बारे में जानकारी जुटाई तो पता लगा कि आरोपियों ने नई डीड के अनुसार कॉलोनी के सभी प्लॉट मोटे मुनाफे पर बेच दिए हैं और बैैंक से पैसा भी निकलवा लिया है। आरोपियों ने उसका हिस्सा गबन करने के लिए फर्जी तरीके से नई पार्टनरशिप डीड बनवाई है। इसके बाद महिला ने अपने साथ हुई इस धोखाधड़ी के बारे में पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने मामले में आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी करने, छल के उद्देश्य से फर्जी कागजात तैयार करने व नकली कागजात को असली बनाकर पेश करने का केस दर्ज कर लिया है।
हिसार। सेेक्टर-14 निवासी महिला तारा विजय के साथ पार्टनरशिप डीड में गड़बड़ी करके 54 लाख रुपये से अधिक की ठगी करने का मामला सामने आया है। महिला के पति कैप्टन विजय कुमार नागरिक उड़यन विभाग में महानिदेशक के पद पर कार्यरत है और उनके जेठ संजय जैन शहर के शीशमहल के संचालक है। ठगी करने वाले चार आरोपी ग्रीन डेवल्पर्स नाम से फर्म चलाते हैं और प्राइवेट कॉलोनी काटने का काम करते हैं। इस धोखाधड़ी में महिला तारा विजय ने अग्रसेन कॉलोनीवासी वीरेंद्र, सेक्टर-13 निवासी जगप्रवेश, सेक्टर-14 निवासी वीना कुमारी, पीएलए निवासी भारत भूषण के खिलाफ केस दर्ज करवाया है।
पुलिस को दी शिकायत में महिला तारा विजय ने बताया कि 13 फरवरी 2012 को उसकी मुलाकात ग्रीन डेवलपर्स फर्म चलाने वालेेे जोगेंद्र, जगप्रवेश व वीरेंद्र के साथ हुई थी। तीनों ने महिला को बताया कि वह एक प्राइवेट कॉलोनी विकसित कर रहे हैं। इस काम के लिए उन्होंने सभी जरूरी अनुमति ले ली है। अभी इस फर्म में वह चार हिस्सेदार है। उन्होंने बताया कि इस कॉलोनी में उनको जबरदस्त फायदा मिलेगा। इसके बाद तीनों ने प्रलोभन में लेकर उसको फर्म का हिस्सेदार बना लिया। हिस्सेदारी के नाम पर आरोपियों ने उससे 54 लाख रुपये ले लिए। आरोपियों ने एक अन्य हिस्सेदार अनिल जैन को भी इस फर्म में शामिल करके नई पार्टनरशिप डीड तैयार करवा ली और सबको बराबर छह हिस्से का पार्टनर बनाया गया। इसके बाद उन्होंने 2015 में फर्म के कागजात चेक किए तो पता चला कि चारों आरोपियों ने एक नई पार्टनरशिप डीड बनवा ली है और उसमें से उसका हिस्सा गायब कर दिया गया है। आरोपियों ने नई पार्टनरशिप डीड से प्लॉट बेच दिए हैं। इसके अलावा आरोपियों ने फर्म के बैंक खाते से पैसे भी निकलवा लिए हैं। महिला को जब इस बारे में पता चला तो उसने इस बारे में आरोपियों से बात की तो उन्होंने गलती मानते हुए जल्द उसके हिस्से की राशि लौटाने की बात कही। इसके बाद जब भी इनसे पैसे मांगे जाते तो बाजार में मंदी बोलकर प्लॉट नहीं बिकने की बात कहकर टालमटोल करने लगे। महिला ने जब फर्म की कॉलोनी के बारे में जानकारी जुटाई तो पता लगा कि आरोपियों ने नई डीड के अनुसार कॉलोनी के सभी प्लॉट मोटे मुनाफे पर बेच दिए हैं और बैैंक से पैसा भी निकलवा लिया है। आरोपियों ने उसका हिस्सा गबन करने के लिए फर्जी तरीके से नई पार्टनरशिप डीड बनवाई है। इसके बाद महिला ने अपने साथ हुई इस धोखाधड़ी के बारे में पुलिस को शिकायत दी। पुलिस ने मामले में आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी करने, छल के उद्देश्य से फर्जी कागजात तैयार करने व नकली कागजात को असली बनाकर पेश करने का केस दर्ज कर लिया है।
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