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टिकट के लिए दावेदारों की दिल्ली-चंडीगढ़ के बीच शुरू हुई दौड़
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सुरेंद्र दलाल
हिसार। आदमपुर उपचुनाव के एलान के बाद कांग्रेस, आम आदमी पार्टी की ओर से टिकट के दावेदारों की दिल्ली-चंडीगढ़ के बीच दौड़ शुरू हो गई है। अभी किसी भी दल की ओर से प्रत्याशी घोषित नहीं किया गया है। भाजपा-जजपा गठबंधन की ओर से प्रत्याशी लगभग तय है। कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी के लिए उम्मीदवार का इंतजार है। कांग्रेस का उम्मीदवार सबसे अंत में 10 से 12 अक्तूबर के बीच घोषित होने के आसार हैं। हालांकि एक सप्ताह में तस्वीर साफ हो जाएगी।
भावी प्रत्याशियों ने आदमपुर उपचुनाव में टिकट पाने के लिए अपने प्रयास तेज कर दिए हैं। कांग्रेस से टिकट पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के पसंदीदा प्रत्याशी को मिलेगी। अधिकतर प्रत्याशी दीपेंद्र हुड्डा, भूपेंद्र सिंह हुड्डा से ही संपर्क कर रहे हैं। कांग्रेस की ओर से प्रदीप बैनीवाल, पूर्व मंत्री जयप्रकाश, पूर्व मंत्री संपत सिंह को दौड़ में माना जा रहा है। वहीं, भाजपा-जजपा की ओर से गठबंधन का प्रत्याशी घोषित किए जाने की औपचारिकता बाकी है। गठबंधन की ओर से भव्य बिश्नोई को मैदान में उतारा जाना लगभग तय माना जा रहा है। आम आदमी पार्टी की ओर से सतेंद्र सिंह, भूपेंद्र बैनीवाल प्रमुख दावेदारों की सूची में शामिल हैं। आम आदमी पार्टी का प्रत्याशी 10 अक्तूबर तक घोषित किए जाने के उम्मीद है।
कांग्रेस के दावेदार --------
प्रदीप बैनीवाल
मजबूत पक्ष : स्थानीय होने के अलावा बिश्नोई समाज से ताल्लुक रखते हैं। बिश्नोई सभा के अध्यक्ष, जिला पार्षद भी रह चुके हैं। कमजोर पक्ष : विधानसभा चुनाव का अनुभव नहीं है।
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जयप्रकाश
मजबूत पक्ष : भजनलाल परिवार को सबसे मजबूत टक्कर देने वाले प्रत्याशी रहे हैं। वर्ष 2009 में कुलदीप बिश्नोई से महज 5891 वोट से हारे थे।
कमजोर पक्ष : बाहरी प्रत्याशी होने का ठप्पा
संपत सिंह
मजबूत पक्ष : आदमपुर में पहले भी चुनाव लड़ने का अनुभव। लोकसभा चुनाव लड़ने का भी अनुभव। जाट समाज से होने का फायदा मिलेगा।
कमजोर पक्ष : बाहरी प्रत्याशी और दलबदलू से पहचान
आम आदमी पार्टी के दावेदार ------
सतेंद्र सिंह
मजबूत पक्ष : आदमपुर से स्थानीय होने का फायदा, पहले भी आदमपुर से चुनाव लड़ चुके। पिछले 5 साल से क्षेत्र में लगातार सक्रियता।
कमजोर पक्ष : बार-बार नई पार्टी से आना
भूपेंद्र सिंह बैनीवाल
मजबूत पक्ष : स्थानीय निवासी, लोगों के साथ लगातार जुड़े रहते हैं। पेशे से वकील हैं। बिश्नोई समाज से प्रत्याशी हैं।
कमजोर पक्ष : अभी तक चुनाव का अनुभव नहीं
रामप्रसाद गढ़वाल
मजबूत पक्ष : स्थानीय निवासी हैं। जाट समाज से ताल्लुक रखते हैं। जिला पार्षद रह चुके हैं। सरल व्यवहार के लिए पहचान।
कमजोर पक्ष : बड़ा राजनीतिक कॅरिअर नहीं
भाजपा के दावेदार ------
भव्य बिश्नोई
मजबूूत पक्ष : युवा प्रत्याशी, भजनलाल परिवार का 51 साल से कुर्सी पर कब्जा, सत्ता का हाथ
कमजोर पक्ष : जनता के साथ संपर्क न होना
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हिसार। आदमपुर उपचुनाव के एलान के बाद कांग्रेस, आम आदमी पार्टी की ओर से टिकट के दावेदारों की दिल्ली-चंडीगढ़ के बीच दौड़ शुरू हो गई है। अभी किसी भी दल की ओर से प्रत्याशी घोषित नहीं किया गया है। भाजपा-जजपा गठबंधन की ओर से प्रत्याशी लगभग तय है। कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के प्रत्याशी के लिए उम्मीदवार का इंतजार है। कांग्रेस का उम्मीदवार सबसे अंत में 10 से 12 अक्तूबर के बीच घोषित होने के आसार हैं। हालांकि एक सप्ताह में तस्वीर साफ हो जाएगी।
भावी प्रत्याशियों ने आदमपुर उपचुनाव में टिकट पाने के लिए अपने प्रयास तेज कर दिए हैं। कांग्रेस से टिकट पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के पसंदीदा प्रत्याशी को मिलेगी। अधिकतर प्रत्याशी दीपेंद्र हुड्डा, भूपेंद्र सिंह हुड्डा से ही संपर्क कर रहे हैं। कांग्रेस की ओर से प्रदीप बैनीवाल, पूर्व मंत्री जयप्रकाश, पूर्व मंत्री संपत सिंह को दौड़ में माना जा रहा है। वहीं, भाजपा-जजपा की ओर से गठबंधन का प्रत्याशी घोषित किए जाने की औपचारिकता बाकी है। गठबंधन की ओर से भव्य बिश्नोई को मैदान में उतारा जाना लगभग तय माना जा रहा है। आम आदमी पार्टी की ओर से सतेंद्र सिंह, भूपेंद्र बैनीवाल प्रमुख दावेदारों की सूची में शामिल हैं। आम आदमी पार्टी का प्रत्याशी 10 अक्तूबर तक घोषित किए जाने के उम्मीद है।
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कांग्रेस के दावेदार --------
प्रदीप बैनीवाल
मजबूत पक्ष : स्थानीय होने के अलावा बिश्नोई समाज से ताल्लुक रखते हैं। बिश्नोई सभा के अध्यक्ष, जिला पार्षद भी रह चुके हैं। कमजोर पक्ष : विधानसभा चुनाव का अनुभव नहीं है।
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जयप्रकाश
मजबूत पक्ष : भजनलाल परिवार को सबसे मजबूत टक्कर देने वाले प्रत्याशी रहे हैं। वर्ष 2009 में कुलदीप बिश्नोई से महज 5891 वोट से हारे थे।
कमजोर पक्ष : बाहरी प्रत्याशी होने का ठप्पा
संपत सिंह
मजबूत पक्ष : आदमपुर में पहले भी चुनाव लड़ने का अनुभव। लोकसभा चुनाव लड़ने का भी अनुभव। जाट समाज से होने का फायदा मिलेगा।
कमजोर पक्ष : बाहरी प्रत्याशी और दलबदलू से पहचान
आम आदमी पार्टी के दावेदार ------
सतेंद्र सिंह
मजबूत पक्ष : आदमपुर से स्थानीय होने का फायदा, पहले भी आदमपुर से चुनाव लड़ चुके। पिछले 5 साल से क्षेत्र में लगातार सक्रियता।
कमजोर पक्ष : बार-बार नई पार्टी से आना
भूपेंद्र सिंह बैनीवाल
मजबूत पक्ष : स्थानीय निवासी, लोगों के साथ लगातार जुड़े रहते हैं। पेशे से वकील हैं। बिश्नोई समाज से प्रत्याशी हैं।
कमजोर पक्ष : अभी तक चुनाव का अनुभव नहीं
रामप्रसाद गढ़वाल
मजबूत पक्ष : स्थानीय निवासी हैं। जाट समाज से ताल्लुक रखते हैं। जिला पार्षद रह चुके हैं। सरल व्यवहार के लिए पहचान।
कमजोर पक्ष : बड़ा राजनीतिक कॅरिअर नहीं
भाजपा के दावेदार ------
भव्य बिश्नोई
मजबूूत पक्ष : युवा प्रत्याशी, भजनलाल परिवार का 51 साल से कुर्सी पर कब्जा, सत्ता का हाथ
कमजोर पक्ष : जनता के साथ संपर्क न होना