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सांस में दिक्कत
Updated Thu, 09 Nov 2017 12:38 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार।
स्मॉग का कहर लगातार जारी है। बुधवार को भी वातावरण में स्मॉग छाया रहा। इसका आमजन की सेहत पर बुरा असर पड़ रहा है और सांस फूलने की शिकायत आ रही है। सिविल अस्पताल में आने वाले सांस रोगियों की संख्या में 15 फीसदी और आंखों में जलन के रोगियों की संख्या में औसतन 20 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा चर्म रोग के मामले बढे़ हैं। तीसरे दिन भी वातावरण में स्मॉग छाया रहा। जिला के कई क्षेत्रों में स्मॉग के कारण हादसे भी हुए और दर्जनों लोगों की जान पर बन आई। इससे श्वांस, आंखों में जलन और चर्म रोग की तकलीफ वाले लोग बढे़ हैं। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो जब तक बारिश या फिर तेज हवाएं नहीं चलेंगी वातावरण में ऐसा ही हाल रह सकता है। संभावना जताई जा रही है कि दो दिन और ऐसा ही हाल रहेगा।
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तीन दिन में 75 सड़क हादसे, 4 की मौत 113 घायल
सोमवार से स्मॉग के चलते जिला में बुरा हाल है। इसके चलते तीन दिन में 75 से ज्यादा वाहन टकरा चुके हैं। इन हादसों में चार लोगों की मौत हो चुकी है और 113 से ज्यादा लोग घायल हो चुके हैं। मृतकों में तीन दिन पहले तलवंडी रुक्का के हिमालय सीनियर सेकंडरी स्कूल की टीचर कुसुम लता चौहान, प्रीति, ज्योति और क्रूजर चालक संजय शामिल हैं। इसके अलावा स्टाफ के 7 सदस्य घायल हो गए थे।
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चेहरा ढक कर निकलें, मास्क और चश्मा करें यूज
आमजन को सावधानी बरतते हुए मुंह ढककर चलना चाहिए, धूल व धुएं से बचना चाहिए और ऐसे मौसम में कम प्रदूषण वाले रास्ते से निकलना चाहिए। डॉक्टरों का कहना है कि ऐसे मौसम में चेहरा ढक कर निकलें। आंखों पर चश्मा लगाएं और मास्क का भी प्रयोग करें।
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बरवाला में भिड़े 9 वाहन
बरवाला में बाईपास पर स्मॉग के चलते बुधवार सुबह नौ वाहन आपस में टकरा गए। इसमें वाहनों के 12 चालक व परिचालकों को चोटें आई हैं। इस हादसे के कारण कुछ देर यातायात प्रभावित हुआ। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंच गई।
वर्जन
स्मॉग से पहले हमारे पास रोज सांस के औसतन 300 रोगी आते थे। इन तीन दिनों में उनकी संख्या 10 से 15 फीसदी तक बढ़ गई है। इससे चर्म रोगी भी ज्यादा आने लगे हैं।
- डॉ. ज्ञानेंद्र सिंह, फिजिशियन सिविल अस्पताल।
स्मॉग ने फुलाई आमजन की सांस, 15 फीसदी रोगी बढे़, दो दिन और रह सकता है ऐसा हाल
फोटो संख्या 19 व 20
- आंखों में जलन के मामले में 20 फीसदी की बढ़ोतरी, दृश्यता कम होने से कई वाहन भिड़े
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हिसार।
स्मॉग का कहर लगातार जारी है। बुधवार को भी वातावरण में स्मॉग छाया रहा। इसका आमजन की सेहत पर बुरा असर पड़ रहा है और सांस फूलने की शिकायत आ रही है। सिविल अस्पताल में आने वाले सांस रोगियों की संख्या में 15 फीसदी और आंखों में जलन के रोगियों की संख्या में औसतन 20 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है। इसके अलावा चर्म रोग के मामले बढे़ हैं। तीसरे दिन भी वातावरण में स्मॉग छाया रहा। जिला के कई क्षेत्रों में स्मॉग के कारण हादसे भी हुए और दर्जनों लोगों की जान पर बन आई। इससे श्वांस, आंखों में जलन और चर्म रोग की तकलीफ वाले लोग बढे़ हैं। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो जब तक बारिश या फिर तेज हवाएं नहीं चलेंगी वातावरण में ऐसा ही हाल रह सकता है। संभावना जताई जा रही है कि दो दिन और ऐसा ही हाल रहेगा।
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तीन दिन में 75 सड़क हादसे, 4 की मौत 113 घायल
सोमवार से स्मॉग के चलते जिला में बुरा हाल है। इसके चलते तीन दिन में 75 से ज्यादा वाहन टकरा चुके हैं। इन हादसों में चार लोगों की मौत हो चुकी है और 113 से ज्यादा लोग घायल हो चुके हैं। मृतकों में तीन दिन पहले तलवंडी रुक्का के हिमालय सीनियर सेकंडरी स्कूल की टीचर कुसुम लता चौहान, प्रीति, ज्योति और क्रूजर चालक संजय शामिल हैं। इसके अलावा स्टाफ के 7 सदस्य घायल हो गए थे।
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चेहरा ढक कर निकलें, मास्क और चश्मा करें यूज
आमजन को सावधानी बरतते हुए मुंह ढककर चलना चाहिए, धूल व धुएं से बचना चाहिए और ऐसे मौसम में कम प्रदूषण वाले रास्ते से निकलना चाहिए। डॉक्टरों का कहना है कि ऐसे मौसम में चेहरा ढक कर निकलें। आंखों पर चश्मा लगाएं और मास्क का भी प्रयोग करें।
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बरवाला में भिड़े 9 वाहन
बरवाला में बाईपास पर स्मॉग के चलते बुधवार सुबह नौ वाहन आपस में टकरा गए। इसमें वाहनों के 12 चालक व परिचालकों को चोटें आई हैं। इस हादसे के कारण कुछ देर यातायात प्रभावित हुआ। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंच गई।
वर्जन
स्मॉग से पहले हमारे पास रोज सांस के औसतन 300 रोगी आते थे। इन तीन दिनों में उनकी संख्या 10 से 15 फीसदी तक बढ़ गई है। इससे चर्म रोगी भी ज्यादा आने लगे हैं।
- डॉ. ज्ञानेंद्र सिंह, फिजिशियन सिविल अस्पताल।
स्मॉग ने फुलाई आमजन की सांस, 15 फीसदी रोगी बढे़, दो दिन और रह सकता है ऐसा हाल
फोटो संख्या 19 व 20
- आंखों में जलन के मामले में 20 फीसदी की बढ़ोतरी, दृश्यता कम होने से कई वाहन भिड़े