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आरडब्ल्यूए की चेतावनी लावारिस पशुओं को पकड़वाए निगम, नहीं तो कार्यालय में छोड़ जाएंगे

Mon, 18 Mar 2019 12:29 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Mon, 18 Mar 2019 12:29 AM IST
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आरडब्ल्यूए की चेतावनी लावारिस पशुओं को पकड़वाए निगम, नहीं तो कार्यालय में छोड़ जाएंगे
लावारिस पशुओं को पकड़वाए निगम, नहीं तो कार्यालय में छोड़ जाएंगे
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अमर उजाला ब्यूरो
हिसार। लावारिस पशुओं से निजात नहीं मिलने से परेशान सेक्टरों की रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन ने नगर निगम प्रशासन के खिलाफ कड़ा रुख अपनाने का एलान किया है। एसोसिएशन सदस्यों ने चेतावनी दी है कि अगर निगम प्रशासन ने लावारिस पशुओं को नहीं पकड़वाया तो सेक्टरवासी खुद के स्तर पर पशुओं को पकड़कर निगम कार्यालय में छोड़ देंगे। जल्द ही अलग-अलग सेक्टरों की एसोसिएशन के प्रतिनिधि इस मुद्दे को लेकर नगर निगम के कमिश्नर अशोक कुमार गर्ग व मेयर गौतम सरदाना से मुलाकात भी करेंगे।
फरवरी में भी 15 दिन का आरडब्ल्यूए ने दिया था अल्टीमेटम
सेक्टर 16-17 में सेक्टरवासियों द्वारा खुद पशु पकड़ने के बावजूद निगम प्रशासन उन पशुओं को नंदीशाला या गोशाला भिजवाने में नाकाम रहा था। उस समय सेक्टर 16-17, सेक्टर-13, सेक्टर 9-11 व पीएलए सेक्टरों की आरडब्ल्यूए के प्रतिनिधियों ने एकत्रित होकर निगम प्रशासन को सेक्टरों से गाय पकड़ने के लिए 15 दिन का अल्टीमेटम दिया था। हालांकि उसके बाद भी पूरी तरह लावारिस पशु मुक्त सेक्टर तो नहीं बनाए जा सके। मगर कुछ दिन ठेकेदार ने इन सेक्टरों से पकड़ने पर पूरा जोर लगाया। अब फिर से सेक्टरों की सड़कों पर पशु देखने को मिल रहे हैं।
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अर्बन एस्टेट आरडब्ल्यूए लावारिस पशुओं से चोटिल लोगों को लेकर जाएगी निगम
उधर, अर्बन एस्टेट की आरडब्ल्यूए ने भी निगम प्रशासन से लावारिस पशुओं का स्थायी समाधान करने की मांग की है। सोमवार को आरडब्ल्यूए पदाधिकारियों की ओर से कमिश्नर व मेयर के सामने ऐसे लोगों को ले जाया जाएगा, जो लावारिस पशुओं के कारण चोटिल हो चुके हैं, ताकि स्थिति से अच्छी तरह अधिकारी अवगत हो सकें।
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निगम के पास संसाधनों का भी टोटा
विडंबना यह भी है कि नगर निगम के पास लावारिस पशुओं को पकड़ने के लिए संसाधनों का भी टोटा है। निगम की जो टीम पशुओं को पकड़ती है, उसमें कर्मचारियों की संख्या भी थोड़ी है। वहीं पशुओं को लादने के लिए मात्र एक गाड़ी है, वह भी पुरानी हो गई है। हालांकि शहर में घूम रहे सांड़ पकड़ने की जिम्मेदारी निगम की टीम को दी हुई है, जबकि गाय पकड़ने का टेंडर ठेकेदार को दिया गया है।
ठेकेदार सभी गायों को पकड़ने में समर्थ नहीं है। इसलिए हम निगम अधिकारियों से मिलकर उनसे लावारिस पशुओं का स्थायी समाधान करने की मांग करेंगे। अगर प्रशासन पशु नहीं पकड़वा पाया तो हम अपने स्तर पर पशु एकत्रित कर उन्हें निगम कार्यालय छोड़ देंगे।

- जितेंद्र श्योराण, प्रधान, सेक्टर 16-17 आरडब्ल्यूए

लावारिस पशुओं के कारण आए दिन हादसे हो रहे हैं। बार-बार कहने के बावजूद न तो ठेकेदार गाय पकड़ पा रहा है और न ही निगम अधिकारी कुछ कर रहे हैं। लावारिस पशु आतंक बन चुके हैं। इनसे निजात दिलाने की सख्त जरूरत है।
- राकेश आर्य, महासचिव, अर्बन एस्टेट आरडब्ल्यूए
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