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Fatehabad News: अविश्वास पास...जाखल ब्लॉक समिति के अध्यक्ष और उपाध्यक्ष की कुर्सी गई
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जाखल ब्लॉक समिति के अध्यक्ष व उपाध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पास करने के बाद विजयी चिह्न
फतेहाबाद/जाखल। ब्लॉक पंचायत समिति (बीडीसी) जाखल के अध्यक्ष जगतार सिंह व उपाध्यक्ष मीनू रानी के खिलाफ मंगलवार को अविश्वास प्रस्ताव पास हो गया। लघु सचिवालय के कमरा नंबर 32 में अतिरिक्त उपायुक्त अनुराग ढालिया की अध्यक्षता में पंचायत समिति के कुल 10 में से 7 सदस्य पहुंचे। कोरम पूरा होने पर वोटिंग कराई गई। सभी सात सदस्यों ने अविश्वास प्रस्ताव के पक्ष में वोट डाला, जिससे अध्यक्ष और उपाध्यक्ष की कुर्सी चली गई।
बता दें कि अध्यक्ष जगतार सिंह और उपाध्यक्ष मीनू रानी के साथ पंचायत सदस्य बलजिंद्र सिंह अविश्वास प्रस्ताव की वोटिंग के दौरान मौजूद नहीं थे। अध्यक्ष व उपाध्यक्ष पूर्व कैबिनेट मंत्री देवेंद्र बबली समर्थित हैं, जबकि अब दो पदों के दावेदार पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला गुट के बताए जा रहे हैं।
पूर्व मंत्री देवेंद्र बबली के भाजपा ज्वाइन करने के बाद जगतार सिंह व मीनू रानी भी उनके साथ ही रहे। इस समय केंद्र व प्रदेश में भाजपा की सरकार है। अविश्वास प्रस्ताव पारित होने के बाद अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि वह सरकार को रिपोर्ट बनाकर भेज देंगे। सरकार की ओर से आगामी कदम के लिए नोटिस जारी किया जाएगा।
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ब्लॉक समिति के अध्यक्ष व उपाध्यक्ष से उक्त सदस्य काफी समय से नाराज चल रहे थे। जिन सदस्यों के बल पर दोनों को कुर्सी मिली थी, उन्हें ही वह संतुष्ट नहीं कर पाए। ऐसे में नाराज सदस्यों ने प्रशासन को शपथ पत्र देकर दोनों को पद से हटाने की मांग की थी। नाराज सदस्यों का आरोप है कि वह अध्यक्ष व उपाध्यक्ष दोनों के कार्यों से संतुष्ट नहीं हैं। इस पर जिला प्रशासन ने अविश्वास प्रस्ताव के लिए 3 जून की तिथि तय की थी।
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बता दें कि अध्यक्ष जगतार सिंह और उपाध्यक्ष मीनू रानी के साथ पंचायत सदस्य बलजिंद्र सिंह अविश्वास प्रस्ताव की वोटिंग के दौरान मौजूद नहीं थे। अध्यक्ष व उपाध्यक्ष पूर्व कैबिनेट मंत्री देवेंद्र बबली समर्थित हैं, जबकि अब दो पदों के दावेदार पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला गुट के बताए जा रहे हैं।
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पूर्व मंत्री देवेंद्र बबली के भाजपा ज्वाइन करने के बाद जगतार सिंह व मीनू रानी भी उनके साथ ही रहे। इस समय केंद्र व प्रदेश में भाजपा की सरकार है। अविश्वास प्रस्ताव पारित होने के बाद अतिरिक्त उपायुक्त ने कहा कि वह सरकार को रिपोर्ट बनाकर भेज देंगे। सरकार की ओर से आगामी कदम के लिए नोटिस जारी किया जाएगा।
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ब्लॉक समिति के अध्यक्ष व उपाध्यक्ष से उक्त सदस्य काफी समय से नाराज चल रहे थे। जिन सदस्यों के बल पर दोनों को कुर्सी मिली थी, उन्हें ही वह संतुष्ट नहीं कर पाए। ऐसे में नाराज सदस्यों ने प्रशासन को शपथ पत्र देकर दोनों को पद से हटाने की मांग की थी। नाराज सदस्यों का आरोप है कि वह अध्यक्ष व उपाध्यक्ष दोनों के कार्यों से संतुष्ट नहीं हैं। इस पर जिला प्रशासन ने अविश्वास प्रस्ताव के लिए 3 जून की तिथि तय की थी।