{"_id":"68fe6367d8a837fc490d542d","slug":"patches-of-roads-uprooted-in-tohanas-additional-grain-market-fatehabad-news-c-127-1-shsr1019-142603-2025-10-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehabad News: टोहाना की अतिरिक्त अनाज मंडी में उखड़ गए सड़कों के पैच, लोगों में रोष","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehabad News: टोहाना की अतिरिक्त अनाज मंडी में उखड़ गए सड़कों के पैच, लोगों में रोष
Sun, 26 Oct 2025 11:37 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Sun, 26 Oct 2025 11:37 PM IST
विज्ञापन
कार्यक्रम के दौरान तेरापंथ धर्म के श्रावक। स्त्रोत- प्रवक्ता।
टोहाना। शहर के रतिया रोड स्थित अतिरिक्त अनाज मंडी में मार्केटिंग बोर्ड द्वारा सड़कों के गड्ढे भरने के लिए लगाए गए पैच कुछ ही दिनों में उखड़ गए हैं। धान खरीद सीजन शुरू होने से पहले किसानों की सुविधा के लिए इन पैचों पर हजारों रुपये खर्च किए गए थे, ताकि ट्रैक्टर-ट्रॉली ले जाने में दिक्कत न हो। लेकिन अब सड़कें फिर से गड्ढों में तब्दील हो गई हैं, जिससे किसानों और मजदूरों में रोष है।
किसानों ने निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल का आरोप लगाते हुए भ्रष्टाचार की आशंका जताई है। किसान जिले सिंह, राजेश और राजबीर ने बताया कि ये पैच किसानों की सुविधा के लिए लगाए गए थे, मगर अधिकारियों ने कथित तौर पर लापरवाही और भ्रष्टाचार करते हुए निम्न गुणवत्ता की सामग्री का प्रयोग किया।
परिणामस्वरूप, सीजन खत्म होने से पहले ही पैच उखड़ गए और सड़कों पर पानी व धान जमा हो रहा है। इससे धान खराब होने के साथ-साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली के आवागमन में भी दिक्कत पेश आ रही है। किसानों ने सरकार से मांग की है कि इस कार्य की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों और ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन
किसानों ने निर्माण में घटिया सामग्री के इस्तेमाल का आरोप लगाते हुए भ्रष्टाचार की आशंका जताई है। किसान जिले सिंह, राजेश और राजबीर ने बताया कि ये पैच किसानों की सुविधा के लिए लगाए गए थे, मगर अधिकारियों ने कथित तौर पर लापरवाही और भ्रष्टाचार करते हुए निम्न गुणवत्ता की सामग्री का प्रयोग किया।
विज्ञापन
परिणामस्वरूप, सीजन खत्म होने से पहले ही पैच उखड़ गए और सड़कों पर पानी व धान जमा हो रहा है। इससे धान खराब होने के साथ-साथ ट्रैक्टर-ट्रॉली के आवागमन में भी दिक्कत पेश आ रही है। किसानों ने सरकार से मांग की है कि इस कार्य की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों और ठेकेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
विज्ञापन