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खुला दरबार पहले ही दिन रद्द, चेयरमैन पहुंचे और न अधिकारी

Fri, 20 Dec 2019 11:33 PM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Fri, 20 Dec 2019 11:33 PM IST
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Open court canceled on the first day, the chairman arrived and not the officer, fatehabad
नप प्रधान कक्ष में खुला दरबार शुरू होने का इंतजार करते पार्षद और प्रतिनिधि - फोटो : Fatehabad
फतेहाबाद। शहर की जनता की समस्याएं सुनने के लिए शुरू होने वाले खुले दरबार पर शुक्रवार को पहले दिन ही ग्रहण लग गया। जनता दरबार में न चेयरमैन पहुंचे और न ही अधिकारी समस्याएं सुनने के लिए पहुंचे। पार्षद और फरियादी एक घंटे तक इंतजार करने के बाद वापस लौट गए। नगर परिषद की तरफ से खुला दरबार न लगाने को लेकर कोई सूचना भी नहीं जारी की गई। इसके चलते खुला दरबार में समस्याएं लेकर पहुंचे फरियादी और पार्षदों के हाथ मायूसी लगी। खुला दरबार न लगाने के पीछे नप जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक को कारण बता रहा है लेकिन अहम बात यह है कि अधिकारी भी इस खुला दरबार में नहीं पहुंचे।
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कई जिलों में नप अधिकारियाें द्वारा लोगों की समस्याएं न सुनने को लेकर मिल रही शिकायतों को लेकर नगर निकाय मंत्री अनिल विज ने रोजाना सुबह 11 बजे से लेकर 12 बजे तक खुला दरबार लगाने के आदेश दिए थे। इस खुला दरबार में चेयरमैन, पार्षद और अधिकारियों का भी रहने के आदेश थे। इस दौरान जो भी शिकायत आएगी उसे नप रजिस्टर में दर्ज करेगा और फिर मुख्यालय कोई भी रिपोर्ट करेगा। शुक्रवार से इस खुला दरबार की शुरूआत होनी थी। लेेकिन ना नप चेयरमैन पहुंचे और ना ही कोई अधिकारी फरियाद सुनने के लिए पहुंचा।
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खुला दरबार में अधिकारियों का पहुंचना जरूरी
मुख्यालय ने सख्त आदेश दिए हैं कि खुला दरबार में अधिकारियों का मौजूद रहना जरूरी है। अगर कोई अधिकारी नहीं आता है तो उसे इस बारे में पहले सूचना देनी होगी। अगर कोई सूचना नहीं देता है तो उस पर विभागीय कार्रवाई हो सकती है।
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सरकार द्वारा खुला दरबार का फैसला सही है, हम शुरू होने वाले खुला दरबार में अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे थे, लेकिन यहां पर ना ही कोई अधिकारी पहुंचा है और ना ही चेयरमैन पहुंचे है। अधिकारियों को सरकार के आदेशों की भी परवाह नहीं है।
ज्योति मेहता, पार्षद
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अगर खुला दरबार नहीं लगाना था तो इस बारे में सूचना देनी चाहिए थी। इस बारे में कोई सूचना नहीं दी गई। इसके अलावा ना ही कोई अधिकारी खुला दरबार में पहुंचा है। अधिकारियों को जनता की समस्याओं की कोई परवाह नहीं है।

- दीपू टूटेजा, पार्षद प्रतिनिधि
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सोमवार से लगेगा खुला दरबार : प्रधान
मंत्री की जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक होने के कारण खुला दरबार की शुरूआत नहीं हो सकी। मुझे वीरवार शाम को ही इस बारे में सूचना मिली थी। सोमवार से हर कार्यदिवस पर एक घंटा शिकायतें सुनी जाएंगी।
दर्शन नागपाल, प्रधान, नगर परिषद
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