फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Fatehabad News ›   Mother's tears are not stopping, she said- if the government makes efforts then the son will return

Fatehabad News: मां के नहीं रुक रहे आंसू, बोली- सरकार प्रयास करें तो बेटा लौट आएगा

Sun, 14 Sep 2025 10:52 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Sun, 14 Sep 2025 10:52 PM IST
विज्ञापन
Mother's tears are not stopping, she said- if the government makes efforts then the son will return
गांव कुम्हारिया निवासी सुशीला बेटे वीडियो देखकर रोते हुए और सरकार से वापसी की गुहार लगाते हुए 
फतेहाबाद। जे सरकार म्हारी सुनाई करे तो हमारा बच्चा वापस आ जै, म्हे बहुत परेशान है। परसों बात हुई, फिर कोई बात नहीं हुई, मुझे विश्वास है मोदी सरकार पै, बेटे जरूर वापस लौटेंगे, ये बात रूस-यूक्रेन सीमा पर फंसे गांव कुम्हारिया के अंकित जांगड़ा की मां सुशीला बार-बार रोते हुए कह रही है।
विज्ञापन

मां सुशीला के आंसू नहीं रुक रहे हैं और बार-बार बेटे की वीडियो देख रही है। रिश्तेदार-ग्रामीण हालचाल पूछने के लिए पहुंच रहे हैं। भाई रघुबीर बस ये ही कह रहा है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर आस है, वह जरूर प्रयास करेंगे। गांव कुम्हारिया के अंकित जांगड़ा और विजय कुमार का तीन दिन बाद भी परिवार से संपर्क नहीं हुआ है। परिवार मोबाइल फोन पर मैसेज कर रहा है लेकिन नेटवर्क नहीं आ रहा है।
विज्ञापन

वीरवार रात को अंकित ने अपने भाई रघुबीर के मोबाइल फोन पर वॉयस मैसेज भेजा था कि बचा लो सुबह 5 बजे युद्ध क्षेत्र में ले जाएंगे। वहीं विजय ने अपने भाई सुनील के पास मैसेज किया था। हालांकि इससे पहले रूस में दोनों के सोशल मीडिया एप डिलीट करवा दी गई थी। दोनों वीडियो कॉल के जरिए परिवार से संपर्क कर रहे थे और मदद की गुहार लगा रहे थे। वीडियो में दोनों सेना की वर्दी में नजर आ रहे थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

-
स्टडी और बिजनेस वीजा पर गए थे रूस
गांव कुम्हारिया के दो युवक अंकित जांगड़ा स्टडी और विजय पूनिया बिजनेस वीजा पर रूस गए थे। वहां उन्हें सिक्योरिटी गार्ड व ड्राइवर की नौकरी दिलाने के नाम पर जबरन रशियन आर्मी में भर्ती करवा दिया गया। वहां से उन्हें यूक्रेन के खिलाफ युद्ध क्षेत्र में भेजा जा रहा है।

-
वीडियो कॉल करके बताया तो सेना की वर्दी में थे
गांव कुम्हारिया के अंकित जांगड़ा (23) और विजय पूनिया (25) रूस गए थे। अंकित के भाई रघुवीर ने बताया कि सोमवार को अंकित की कॉल आई थी। उसके साथ तब विजय भी था। अंकित ने उधर, से कहा, हमें बचा लो। हमारे पास एक दो दिन ही बचे हैं। इसके बाद हमें युद्ध क्षेत्र में भेज दिया जाएगा।
-

अंकित के पिता राजमिस्त्री
अंकित के भाई रघुबीर ने बताया कि उसके पिता राजमिस्त्री हैं। पिता ने पांच लाख रुपये कर्ज लेकर भेजा था, उम्मीद थी कि बेटा आर्थिक मदद करेगा लेकिन अब मकान का निर्माण अधूरा है। विजय के भाई सुनील का कहना है कि गांव के कुछ लड़के पहले भी रूस जा चुके हैं। विजय सीएससी चलाता था और जून में ही रूस गया था लेकिन वहां जाकर वह फंस गया है। परिवार की हालत ठीक नहीं है जलभराव के कारण ढाणी में दरार आ चुकी है।

-
अब सरकार के हाथ में है सब कुछ
भाई अंकित का अंतिम मैसेज यही आया था कि आगे लेकर जा रहे हैं। सरकार से प्रार्थना है कि मदद करें। सीएम सैनी से दो बार मिल चुके हैं। सीएम को कहा है कि वह स्टडी वीजा पर गए हैं, डोंकी के जरिये नहीं। उनके साथ जो हालात बने हैं वह उन्हें ही पता है। केंद्र और प्रदश सरकार के हाथ में सब कुछ है। बच्चों की गलती है कि वे लालच में आ गए। पीएम मोदी से प्रार्थना है कि वे बच्चों को वहां से निकलवाएं। मदद के लिए वे विदेश मंत्रालय, की एंबेसी भी जा चुके हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed