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Fatehabad News: खरीफ फसल का मुआवजा व बीमा क्लेम में की धांधली

Mon, 01 Jun 2026 11:05 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Mon, 01 Jun 2026 11:05 PM IST
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Kharif crop compensation and insurance claims were rigged
फतेहाबाद। कृ​षि विभाग के उपनिदेशक को मुआवजा व बीमा क्लेम की गड़बडिय़ों को दुरुस्त करने बारे मांग
फतेहाबाद। खरीफ 2025 फसल मुआवजे और बीमा क्लेम के वितरण में भारी अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए अखिल भारतीय किसान सभा ने सरकार और प्रशासन को जिम्मेदार ठहराया है। संगठन ने चेतावनी दी है कि सात दिन में विसंगतियां दूर नहीं हुईं तो प्रभावित किसानों के साथ तहसील पर धरना-प्रदर्शन शुरू किया जाएगा।
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इसी मांग के साथ किसान सभा का प्रतिनिधिमंडल पतराम ढाणी ईशर की अगुवाई में सोमवार को कृषि विभाग के उपनिदेशक, सीटीएम और जिला राजस्व अधिकारी से मिला। तहसील सचिव ओमप्रकाश फगेड़िया ने कहा कि सरकार की तरफ से जारी खरीफ 2025 मुआवजा राशि किसानों के नुकसान की तुलना में बेहद कम है।
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किसान नेताओं ने कहा कि फतेहाबाद तहसील के भूथन कलां, कुम्हारिया, बीघड़, बड़ोपल, चिंदड़, धारनिया, खाराखेड़ी, खजूरी जाटी, भोड़िया खेड़ा, बनगांव, मानावाली और ढांड सहित अनेक गांवों में बहुत कम किसानों को मुआवजा मिला है। जिन किसानों को राशि मिली भी है उन्हें केवल 2 से 8 हजार रुपये प्रति एकड़ दिए गए हैं जो कि नुकसान की तुलना में नाकाफी हैं।
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किसान सभा के अनुसार मेरी फसल मेरा ब्योरा और क्षतिपूर्ति पोर्टल पर नरमा-कपास की फसल में 80 से 100 प्रतिशत तक नुकसान दर्ज कराया था। उनका आरोप है कि फसल पूरी तरह नष्ट होने के बावजूद पोर्टल पर अधिकांश किसानों का नुकसान 0 से 24 प्रतिशत दर्शा दिया गया। इससे बड़ी संख्या में किसान मुआवजा पाने की पात्रता से बाहर हो गए क्योंकि 24 प्रतिशत से कम नुकसान पर राहत राशि का प्रावधान नहीं है।


उपप्रधान धर्मपाल कुम्हारिया तथा प्रभावित किसानों सुंदर सिंह, उमेद कुलड़िया, हरपाल खीचड़ और लीलूराम ने बताया कि जलभराव से प्रभावित सैकड़ों एकड़ भूमि के किसानों को अब तक कोई राहत नहीं मिली है। वहीं, बीमा कंपनियों ने भी कई गांवों के दावों पर आपत्तियां लगाकर क्लेम जारी नहीं हैं। किसान सभा ने मांग की है कि सभी तकनीकी और प्रशासनिक खामियों को तत्काल दूर कर किसानों को पूरा मुआवजा और बीमा क्लेम दिया जाए।
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