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Fatehabad News: खाते नहीं किए बंद तो बैंक के गेट पर डाला कचरा और धरने पर बैठे
Fri, 29 May 2026 11:09 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Fri, 29 May 2026 11:09 PM IST
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रतिया बैंक के गेट के सामने लगे हुए कचरे के ढेर :संवाद
रतिया। टोहाना रोड स्थित कोटक महिंद्रा बैंक के सामने शुक्रवार को उस समय हंगामा हो गया जब नगर पालिका कर्मचारी बैंक के गेट पर धरने पर बैठ गए और कचरे से भरी दो ट्रॉलियां वहां पलट दीं। कर्मचारियों का आरोप था कि सरकार के निर्देशों के बावजूद बैंक प्रबंधन नगर पालिका का खाता बंद नहीं कर रहा।
स्थिति बिगड़ने पर बैंक मैनेजर रामफल बाहर आए और कर्मचारियों को समझाने का प्रयास किया लेकिन वे अपनी मांग पर अड़े रहे। इसके बाद नगर पालिका सचिव शुभम कुमार और लेखाकार मनजीत कौर मौके पर पहुंचे और बैंक प्रबंधन से बातचीत शुरू की। अधिकारियों के समझाने पर कर्मचारियों ने बैंक के गेट का सामने से कचरा हटा दिया।
नगर पालिका कर्मचारियों का कहना था कि सरकार ने हाल ही में निजी बैंकों में अनियमितताओं के चलते नगर पालिका के खाते बंद करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद दो महीने पहले लेखाकार की ओर से बैंक में खाता बंद करने का पत्र भेजा गया था लेकिन अब तक कार्रवाई नहीं हुई। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि लगभग दो महीने बीत जाने के बाद भी बैंक प्रबंधन ने प्रक्रिया पूरी नहीं की।
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प्रदर्शन के दौरान कर्मचारी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के साथ बैंक के सामने पहुंच गए और दो ट्रॉलियों का कचरा गेट के सामने डाल दिया और धरना शुरू कर दिया। नगर पालिका सचिव शुभम कुमार ने कहा कि सरकार के निर्देशों के बावजूद कार्रवाई में देरी हुई जबकि बैंक प्रबंधन ने तकनीकी कारणों से प्रक्रिया लंबित रहने की बात कही। बाद में बैंक ने शनिवार तक खाते बंद करने की प्रक्रिया पूरी करने का आश्वासन दिया है।
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स्थिति बिगड़ने पर बैंक मैनेजर रामफल बाहर आए और कर्मचारियों को समझाने का प्रयास किया लेकिन वे अपनी मांग पर अड़े रहे। इसके बाद नगर पालिका सचिव शुभम कुमार और लेखाकार मनजीत कौर मौके पर पहुंचे और बैंक प्रबंधन से बातचीत शुरू की। अधिकारियों के समझाने पर कर्मचारियों ने बैंक के गेट का सामने से कचरा हटा दिया।
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नगर पालिका कर्मचारियों का कहना था कि सरकार ने हाल ही में निजी बैंकों में अनियमितताओं के चलते नगर पालिका के खाते बंद करने के निर्देश दिए थे। इसके बाद दो महीने पहले लेखाकार की ओर से बैंक में खाता बंद करने का पत्र भेजा गया था लेकिन अब तक कार्रवाई नहीं हुई। कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि लगभग दो महीने बीत जाने के बाद भी बैंक प्रबंधन ने प्रक्रिया पूरी नहीं की।
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प्रदर्शन के दौरान कर्मचारी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के साथ बैंक के सामने पहुंच गए और दो ट्रॉलियों का कचरा गेट के सामने डाल दिया और धरना शुरू कर दिया। नगर पालिका सचिव शुभम कुमार ने कहा कि सरकार के निर्देशों के बावजूद कार्रवाई में देरी हुई जबकि बैंक प्रबंधन ने तकनीकी कारणों से प्रक्रिया लंबित रहने की बात कही। बाद में बैंक ने शनिवार तक खाते बंद करने की प्रक्रिया पूरी करने का आश्वासन दिया है।