{"_id":"5e87610c8ebc3e6feb3e959f","slug":"four-youth-from-tamilnadu-and-15-laborers-quaratine-fatehabad-news-rtk549448422","type":"story","status":"publish","title_hn":"तमिलनाडू से आए चार युवकों और 15 मजदूरों को क्वारंटीन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
तमिलनाडू से आए चार युवकों और 15 मजदूरों को क्वारंटीन
विज्ञापन
तमिलनाडु से रतिया में आए चार लोगों को शेल्टर होम में ले जाते हुए कर्मचारी
- फोटो : Fatehabad
रतिया के दो गांवों में दूसरे राज्यों से आए 19 युवकों की सूचना मिलते ही स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। आनन-फानन में स्वास्थ्य विभाग व पुलिस की टीमें दोनों गांवों में पहुंची और युवकों को रतिया के शेल्टर होम में क्वारंटीन कर दिया। प्रवासी युवकों के गांवों में मिलने की सूचना पर खंड विकास एवं पंचायत अधिकारी रमेश मिथरानी ने दोनों जगह का निरीक्षण किया। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने दोनों मामलों में युवकों की स्वास्थ्य जांच की है और अभी तक इनमें कोई युवक संदिग्ध नहीं मिला है।
पहला मामला गांव शेरगढ़ ढाणी का है जहां पर तमिलनाडु से आए चार युवक मिले हैं। रतिया पुलिस को अज्ञात ने सूचना दी कि गांव शेरगढ़ ढाणी में चार युवक बाहर से आए हैं और गांव में एक धार्मिक स्थल में रह रहे हैं। इस पर रतिया शहर थाना से सहायक पुलिस निरीक्षक कर्मवीर सिंह टीम के साथ शेरगढ़ ढाणी में पहुंचे वहां पर एक धार्मिक स्थल के पास रतिया से बाहरी क्षेत्र के चार लोग मिले । बातचीत करने पर उन्होंने बताया कि वह तमिलनाडु के मदुरई शहर की यूनिवर्सिटी में बाइबल पर मास्टर डिग्री कर रहे थे। इनमें से एक बिहार, दो उत्तर प्रदेश व एक कैथल का निवासी है। चारों ने पुलिस को बताया कि 20 मार्च को वो चारों दोस्त अपने अपने शहर जा रहे थे। इस दौरान अचानक लॉकडाउन होने के चलते वो अपने एक अन्य दोस्त भूना निवासी कमल के साथ ट्रेन में जाखल आए थे और इसके बाद उनका दोस्त उन्हें शेरगढ़ ढाणी में लेकर आ गया। इसके बाद वो एक चर्च में पनाह लेकर पिछले दस दिनों से यहां पर रुके हुए हैं। इसके बाद चारों युवकों की नागरिक अस्पताल रतिया में जांच की गई और कोई लक्षण न मिलने पर बुढ़लाढ़ा रोड स्थित शेल्टर होम में क्वारंटीन कर दिया।
दूसरा मामला रतिया के गांव नंगल का है। यहां पर गांव के सरपंच प्रतिनिधि भूपेंद्र सिंह को किसी ने सूचना दी कि गांव में राजस्थान में फसल काटने गए 15 मजदूर देर रात वापिस आ गए। जिसके बाद सरपंच प्रतिनिधि ने इसकी सूचना रतिया पुलिस व स्वास्थ्य विभाग को दी। सूचना मिलने पर एसएमओ डॉ. भरत सिंह ने गांव एएनएम व आशा वर्कर्स को सभी की स्वास्थ्य जांच के निर्देश दिए। फिलहाल सभी मजदूर स्वस्थ मिले हैं जिसके बाद एसएमओ ने उन्हें होम क्वारंटीन करने के निर्देश दिए।
विज्ञापन
इस बारे में रतिया शहरी थाना प्रभारी विक्रम सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी की शेरगढ़ ढाणी में चार युवक बाहर से आकर दस दिनो से रह रहे हैं और गांव नंगल में भी कुछ मजदूर राजस्थान से आए हैं। जिस पर उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर इन चार युवकों को रतिया होम शेल्टर में स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में रखा है और मजदूरों को उनके घरों में होम क्वारंटीन किया है।
विज्ञापन
पहला मामला गांव शेरगढ़ ढाणी का है जहां पर तमिलनाडु से आए चार युवक मिले हैं। रतिया पुलिस को अज्ञात ने सूचना दी कि गांव शेरगढ़ ढाणी में चार युवक बाहर से आए हैं और गांव में एक धार्मिक स्थल में रह रहे हैं। इस पर रतिया शहर थाना से सहायक पुलिस निरीक्षक कर्मवीर सिंह टीम के साथ शेरगढ़ ढाणी में पहुंचे वहां पर एक धार्मिक स्थल के पास रतिया से बाहरी क्षेत्र के चार लोग मिले । बातचीत करने पर उन्होंने बताया कि वह तमिलनाडु के मदुरई शहर की यूनिवर्सिटी में बाइबल पर मास्टर डिग्री कर रहे थे। इनमें से एक बिहार, दो उत्तर प्रदेश व एक कैथल का निवासी है। चारों ने पुलिस को बताया कि 20 मार्च को वो चारों दोस्त अपने अपने शहर जा रहे थे। इस दौरान अचानक लॉकडाउन होने के चलते वो अपने एक अन्य दोस्त भूना निवासी कमल के साथ ट्रेन में जाखल आए थे और इसके बाद उनका दोस्त उन्हें शेरगढ़ ढाणी में लेकर आ गया। इसके बाद वो एक चर्च में पनाह लेकर पिछले दस दिनों से यहां पर रुके हुए हैं। इसके बाद चारों युवकों की नागरिक अस्पताल रतिया में जांच की गई और कोई लक्षण न मिलने पर बुढ़लाढ़ा रोड स्थित शेल्टर होम में क्वारंटीन कर दिया।
विज्ञापन
दूसरा मामला रतिया के गांव नंगल का है। यहां पर गांव के सरपंच प्रतिनिधि भूपेंद्र सिंह को किसी ने सूचना दी कि गांव में राजस्थान में फसल काटने गए 15 मजदूर देर रात वापिस आ गए। जिसके बाद सरपंच प्रतिनिधि ने इसकी सूचना रतिया पुलिस व स्वास्थ्य विभाग को दी। सूचना मिलने पर एसएमओ डॉ. भरत सिंह ने गांव एएनएम व आशा वर्कर्स को सभी की स्वास्थ्य जांच के निर्देश दिए। फिलहाल सभी मजदूर स्वस्थ मिले हैं जिसके बाद एसएमओ ने उन्हें होम क्वारंटीन करने के निर्देश दिए।
विज्ञापन
इस बारे में रतिया शहरी थाना प्रभारी विक्रम सिंह ने बताया कि उन्हें सूचना मिली थी की शेरगढ़ ढाणी में चार युवक बाहर से आकर दस दिनो से रह रहे हैं और गांव नंगल में भी कुछ मजदूर राजस्थान से आए हैं। जिस पर उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर इन चार युवकों को रतिया होम शेल्टर में स्वास्थ्य विभाग की निगरानी में रखा है और मजदूरों को उनके घरों में होम क्वारंटीन किया है।