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Fatehabad News: 11 महीने बाद भी पंचायत मंत्री देवेंद्र बबली और सुभाष बराला के गांवों को जोड़ने वाला पुल शुरू नहीं करवा सके अधिकारी

Thu, 07 Dec 2023 11:17 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Thu, 07 Dec 2023 11:17 PM IST
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Even after 11 months, officials could not get the bridge connecting the villages of Panchayat Minister Devendra Babli and Subhash Barala started.
गांव डांगरा को बिढाईखेड़ा से जोडने वाला पुल जिसे बनाने की सीएम ने घोषणा की थी काम नहीं शुरू हुआ
टोहाना। मुख्यमंत्री मनोहर लाल की घोषणाओं को पूरा करवाने के लिए अधिकारी गंभीरता नहीं दिखा रहे हैं। इसी कारण पंचायत मंत्री देवेंद्र सिंह बबली और सार्वजनिक उपक्रम ब्यूरो के चेयरमैन सुभाष बराला के गांवों को जोड़ने वाले पुल का निर्माण कार्य 11 महीने बाद भी शुरू नहीं हो सका है।
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सिंचाई विभाग के अधिकारियों की सुस्ती के कारण यह पुल नक्शे तक ही सिमट कर रह गया है। अभी टेंडर लगाने की प्रक्रिया तक शुरू नहीं हो सकी है। मुख्यमंत्री ने इसी साल की शुरुआत में 23 जनवरी को गांव बिढाईखेड़ा में पंचायत मंत्री की ओर से आयोजित मधुर मिलन समारोह में इस पुल को बनाने की घोषणा की थी। इसके लिए दस करोड़ रुपये का बजट भी मंजूर किया था।
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पंचायत मंत्री का गांव बिढाईखेड़ा है जबकि उनके पड़ाेसी गांव डांगरा में चेयरमैन सुभाष बराला का निवास स्थान है। इन दोनों के बीच राजनीतिक मतभेद रहता है। संवाद
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मुख्यमंत्री ने नाम दिया था दादा-पोता पुल
सीएम मनोहर लाल ने इस पुल को बनाने की घोषणा करते समय इसका नाम दादा-पोता पुल रखा था। उन्होंने कहा था कि इस पुल के निर्माण से दोनों नेताओं के बीच की दूरियों को भी कम करने का प्रयास किया जाएगा। इसी समारोह के बाद खुद सीएम मनोहर लाल अपने साथ पंचायत मंत्री देवेंद्र सिंह बबली को सुभाष बराला के घर लेकर गए थे। सीएम की घोषणा के अनुसार बिढाईखेड़ा-डांगरा नहर पर दस करोड़ रुपये की लागत से ब्रिज आरडी 2,300 से कुछ दूरी पर नए पुल का निर्माण करवाया जाना था लेकिन सीएम का यह भावुक प्रयास सिंचाई विभाग की सुस्ती की भेंट चढ़ रहा है। ग्रामीण अमित कुमार, संजय और रमेश कुमार ने बताया कि गांव डांगरा के लोग पुराने और संकरे पुल के रास्ते गांव में प्रवेश करते हैं। वहां नया पुल बनाने की मांग की जा रही थी। नया पुल बनने से दोनों गांवों के सैकड़ों लोगों की आवागमन संबंधी समस्या का समाधान हो पाएगा। उन्हें पूरी उम्मीद थी कि सीएम की घोषणा के कारण इस पुल का निर्माण तेजी से करवाया जाएगा लेकिन घोषणा के 11 माह बाद भी निर्माण कार्य का टेंडर तक नहीं लगाया जा सका है।

टोहाना में मेरे ज्वाइन करने से पहले ही इस पुल के निर्माण का कार्य कंस्ट्रक्शन विभाग हिसार को फाॅरवर्ड कर दिया गया था। इसलिए इसकी जानकारी सीआरआई विभाग के पास है। आगे की कार्यवाही वही करेंगे। -राहुल शर्मा, एक्सईएन, सिंचाई विभाग टोहाना।


गांव बिढाईखेड़ा और डांगरा के बीच पुल निर्माण की प्रक्रिया जारी है। पुल की ड्राइंग तैयार कर ली गई है। जनवरी के अंत तक टेंडर लगाने के बाद निर्माण प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी। -सत्यप्रकाश पनिहार, कंस्ट्रक्शन अधिकारी, सिंचाई विभाग, हिसार।
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