फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Fatehabad News ›   Do not own equipment, depend on fire brigade

खुद के पास यंत्र नहीं, दमकल पर है निर्भर

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Thu, 14 Apr 2022 10:51 PM IST
विज्ञापन
Do not own equipment, depend on fire brigade
फतेहाबाद का राजकीय स्कूल जहां मिड डे मील चूल्हा के पास नहीं अग्निशमन यंत्र। - फोटो : Fatehabad
फतेहाबाद। शहर में अधिकतर शोरूम, होटल, मैरिज पैलेस समेत दुकानें और बड़े-बड़े कॉप्लेक्स आग की घटनाओं को प्राथमिक स्तर पर काबू पाने के लिए तैयार नहीं हैं। क्यों कि अधिकतर शोरूम, दुकानें, होटल, मैरिज पैलेस बिना फायर एनओसी के चल रहे हैं, इनके खुद के पास आग बुझाने के यंत्र नहीं हैं। अगर यहां पर अगर आग लगने की घटना होती है तो अधिकतर दमकल विभाग पर ही निर्भर हैं कि दमकल की गाड़ी आएगी और आग बुझाएगी। जिले में सिर्फ निजी स्कूल, अस्पताल, मॉल और पेट्रोल पंप पर ही अग्निशमन यंत्र लगे हैं।
विज्ञापन

बता दें कि हर बड़े प्रतिष्ठान पर अग्निशमन यंत्र लगे होने जरूरी हैं, जो कि आग की घटना होने पर काबू पाया जा सके। वहीं दमकल विभाग भी इसको लेकर गंभीर नहीं है, सख्ती तक नहीं बरती जा रही है। निजी स्कूल मान्यता के चक्कर में तो पेट्रोल पंप अपनी औपचारिकताएं पूरी करने के लिए एनओसी ले रहे हैं। लेकिन अधिकतर कॉप्लेक्स, शोरूम और दुकान बिना फायर एनओसी के चल रहे हैं। जिले में 60 फीसदी निजी अस्पतालों ने एनओसी ले रखी है। इसके पीछे मुख्य वजह स्वास्थ्य विभाग से परमिशन लेने के लिए फायर एनओसी जरूरी है। वहीं सरकारी स्कूलों में भी फायर उपकरणों का होना जरूरी है। स्कूलों में कंप्यूटर लैब चलती है। यहां पर शार्ट सर्किट से आग की घटना हो सकती है। इसके अलावा अधिकतर स्कूलों में गैस पर मिड-डे-मील तैयार होता है और चूल्हों पर भी तैयार किया जाता है। फायर उपकरणों को लेकर राजकीय स्कूलों की पड़ताल की गई, स्कूलों के बाहर अग्निशमन यंत्र तक नहीं लगे मिले। इसके अलावा जहां पर मिड-डे-मील तैयार हो रहा है, वहां भी नहीं लगाए गए हैं। संवाद
विज्ञापन

मुख्य बाजार में बने शोरूम, फायर उपकरण तक नहीं
शहर फतेहाबाद के चार मरला कॉलोनी, थाना रोड, भीमा बस्ती, जवाहर चौक, डीएसपी रोड, हिसार-सिरसा रोड, हंस मार्केट में कॉप्लेक्स बने हुए हैं। जिसमें कई-कई दुकानें चल रही हैं, अधिकतर ने फायर एनओसी तक नहीं ली है। इसके अलावा यहां पर उपकरण और न ही प्राथमिक तौर पर आग बुझाने के लिए यंत्र लगे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

जिले में दमकल गाड़ियों और कर्मचारियों की स्थिति
क्षेत्र दमकल गाड़ी कर्मचारी
फतेहाबाद 4 29
टोहाना 3 25
रतिया 3 22
भूना 1 7
भट्टू 1 9
धारसूल 1 6
जाखल 1 6
सरकारी विभाग भी लापरवाही में पीछे नहीं
सरकारी विभाग भी फायर उपकरणों को लेकर गंभीर नहीं है। लघु सचिवालय के द्वितीय खंड में फायर उपकरण लगे नहीं है। इसके अलावा प्रथम खंड में लंबे समय से रीफिल नहीं हुए है। लघु सचिवालय से बाहर चल रहे सरकारी कार्यालय भी आग बुझाने के यंत्रों को लेकर गंभीर नहीं है।
सरकारी कामों में जिन्हें फायर एनओसी जरूरी, वो ही कर रहे आवेदन
दमकल विभाग के अधिकारियों की माने तो फायर एनओसी को लेकर कोई भी शोरूम संचालक, होटल, रेस्टोरेंट, मैरिज पैलेस, कॉप्लेक्स मालिक गंभीर नहीं है। सिर्फ वो ही लोग आवेदन कर रहे हैं, जिन्हें परमिशन के लिए फायर एनओसी जरूरी है। जिसमें मुख्य स्तर पर निजी स्कूल, पेट्रोल पंप, मॉल संचालक शामिल हैं।
34 फुट तक दमकल विभाग के पास सीढ़ी
दमकल विभाग के पास 34 फुट ऊंची तक सीढ़ी है, इसके अलावा यहां हाइड्रो सीढ़ी नहीं है। अगर इससे ऊपर किसी जगह पर आगजनी की घटना होती है तो पहुंचना मुश्किल होगा। हालांकि दमकल विभाग के अधिकारियों का कहना है कि शहर में अधिक ऊंची सीढ़ी की फिलहाल जरूरत नहीं है।
10 साल पहले मिले थे स्कूलों को उपकरण, रिफिल के लिए बजट नहीं आया
सरकारी स्कूलों में मिड डे मील तैयार होता है। किसी भी कारण से आगजनी की घटना हो सकती है। यहां पर आग बुझाने के यंत्रों का होना जरूरी है। करीब 10 सल पहले स्कूलों में उपकरण आए थे लेकिन इसके बाद बजट ही जारी नहीं हुआ। इस कारण रिफिल न होने से खराब हो चुके है। स्कूलों ने उतारकर फेंक दिए या फिर बिना रिफिल लटके हुए हैं। शिक्षा विभाग को इसको लेकर गंभीर होना चाहिए।

-देवेंद्र सिंह दहिया, राज्य चेयरमैन, राजकीय प्राथमिक शिक्षक संघ
कोट
आग की घटना से निपटने के लिए उपकरण लगे होने जरूरी है। इसके अलावा फायर एनओसी उन सभी को लेनी चाहिए जिनके लिए जरूरी है। इसको लेकर दमकल विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए जाएंगे वह जांच करवाएं और जिन लोगों ने नहीं ले रखी है। उन्हें जल्द से जल्द फायर एनओसी लेने के लिए निर्देश दें।
-अजय चोपड़ा, जिला नगर आयुक्त

फतेहाबाद का राजकीय स्कूल जहां बाहर नहीं लगे अग्निशमन यंत्र।

फतेहाबाद का राजकीय स्कूल जहां बाहर नहीं लगे अग्निशमन यंत्र।- फोटो : Fatehabad

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed