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Fatehabad News: नगर परिषद में शामिल हुई कॉलोनियों को अवैध बताकर शुरू नहीं करवाए विकास कार्य
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फतेहाबाद के वार्ड नंबर 15 में पानी निकासी प्रबंध न होने पर रोष व्यक्त करते हुए पार्षद व प्रतिनिधि।
- फोटो : Fatehabad
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फतेहाबाद। पंचायत से नगर परिषद में शामिल हुई कॉलोनियों कॉलोनियों को अवैध बताकर नगर परिषद और जनस्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने विकास कार्य शुरू करवाने से मना कर दिया है। नगर परिषद के अधिकारियों का कहना है कि सीवरेज लाइन बिछने के बाद ही काम शुरू होंगे वहीं जनस्वास्थ्य विभाग अधिकारियों का कहना है कि कॉलोनी वैध होगी तो ही काम शुरू होंगे, हालांकि अभी सर्वे चल रहा है।
मंगलवार को वार्ड नंबर 15 और 16 के पार्षदों ने कॉलोनी निवासियों के साथ विरोध जताया और कहा कि यहां पर पानी निकासी का प्रबंध नहीं है और कोई काम नहीं हो रही है। नगर परिषद के अधिकारी गली में मिट्टी तक नहीं डलवा रहे है। अगर काम शुरू नहीं हुआ तो नप कार्यालय के बाहर धरना दिया जाएगा। बता दें कि नगर परिषद सीमा में आजाद नगर, हरनाम सिंह कॉलोनी, स्वामी नगर, हंस कॉलोनी, कालीदास कॉलोनी शामिल हुई हैं। इन कॉलोनियों में पार्षद भी चुने जा चुके हैं।
6 माह में लगी सिर्फ गलियों में लाइटें
नगर परिषद में शामिल हुई कॉलोनियों में सिर्फ 6 माह में स्ट्रीट लाइटें लगी हैं। वार्ड नंबर 15, 16 और 17 में अभी तक सिर्फ स्ट्रीट लाइटें ही नप ने लगवाई है। इसके अलावा न तो यहां पर टूटी सड़कों की मरम्मत हुई है और न ही कोई टेंडर लगा है। इसके अलावा सफाई कर्मी भी नहीं लगाए गए हैं। डोर टू डोर कचरा उठान भी यहां शुरू नहीं हुआ है।
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कोट
कॉलोनी पहले पंचायत में थी तो यहां पर काम हो रहे थे लेकिन अब नगर परिषद में आने के बाद काम नहीं हो रहे है। पानी निकासी का कोई प्रबंध नहीं है। यहां तक कच्ची गलियों में नप अफसर मिट्टी तक नहीं डलवा रहे है। अगर कॉलोनी अवैध थी तो इसे नगर परिषद में क्यों शामिल किया गया। अफसर कह रहे हैं कि ये कॉलोनियों अवैध है इसलिए यहां पर काम नहीं हो सकता है। अगर समाधान नहीं हुआ तो कॉलोनी निवासी नप कार्यालय में धरना देंगे।
-योगी हंसराज, पार्षद प्रतिनिधि वार्ड नंबर 15
कोट
कॉलोनी निवासियों का कहना है कि सीवरेज लाइन डाली जाए, ये काम जनस्वास्थ्य विभाग का है। पब्लिक हेल्थ ही सीवरेज लाइन डालेगा। पब्लिक हेल्थ स्तर पर ही इसको लेकर काम होना है। कॉलोनी वैध को लेकर रिपोर्ट जिला नगर योजनाकार कार्यालय ने बनाकर सरकार को भेज रखी है।
-ऋषिकेश चौधरी, ईओ नगर परिषद
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मंगलवार को वार्ड नंबर 15 और 16 के पार्षदों ने कॉलोनी निवासियों के साथ विरोध जताया और कहा कि यहां पर पानी निकासी का प्रबंध नहीं है और कोई काम नहीं हो रही है। नगर परिषद के अधिकारी गली में मिट्टी तक नहीं डलवा रहे है। अगर काम शुरू नहीं हुआ तो नप कार्यालय के बाहर धरना दिया जाएगा। बता दें कि नगर परिषद सीमा में आजाद नगर, हरनाम सिंह कॉलोनी, स्वामी नगर, हंस कॉलोनी, कालीदास कॉलोनी शामिल हुई हैं। इन कॉलोनियों में पार्षद भी चुने जा चुके हैं।
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6 माह में लगी सिर्फ गलियों में लाइटें
नगर परिषद में शामिल हुई कॉलोनियों में सिर्फ 6 माह में स्ट्रीट लाइटें लगी हैं। वार्ड नंबर 15, 16 और 17 में अभी तक सिर्फ स्ट्रीट लाइटें ही नप ने लगवाई है। इसके अलावा न तो यहां पर टूटी सड़कों की मरम्मत हुई है और न ही कोई टेंडर लगा है। इसके अलावा सफाई कर्मी भी नहीं लगाए गए हैं। डोर टू डोर कचरा उठान भी यहां शुरू नहीं हुआ है।
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कोट
कॉलोनी पहले पंचायत में थी तो यहां पर काम हो रहे थे लेकिन अब नगर परिषद में आने के बाद काम नहीं हो रहे है। पानी निकासी का कोई प्रबंध नहीं है। यहां तक कच्ची गलियों में नप अफसर मिट्टी तक नहीं डलवा रहे है। अगर कॉलोनी अवैध थी तो इसे नगर परिषद में क्यों शामिल किया गया। अफसर कह रहे हैं कि ये कॉलोनियों अवैध है इसलिए यहां पर काम नहीं हो सकता है। अगर समाधान नहीं हुआ तो कॉलोनी निवासी नप कार्यालय में धरना देंगे।
-योगी हंसराज, पार्षद प्रतिनिधि वार्ड नंबर 15
कोट
कॉलोनी निवासियों का कहना है कि सीवरेज लाइन डाली जाए, ये काम जनस्वास्थ्य विभाग का है। पब्लिक हेल्थ ही सीवरेज लाइन डालेगा। पब्लिक हेल्थ स्तर पर ही इसको लेकर काम होना है। कॉलोनी वैध को लेकर रिपोर्ट जिला नगर योजनाकार कार्यालय ने बनाकर सरकार को भेज रखी है।
-ऋषिकेश चौधरी, ईओ नगर परिषद