फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Fatehabad News ›   Cotton is not being sold at MSP, causing farmers to suffer losses.

Fatehabad News: एमएसपी पर नहीं बिक रही कपास किसानों को उठाना पड़ रहा घाटा

Fri, 31 Oct 2025 11:01 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद Updated Fri, 31 Oct 2025 11:01 PM IST
विज्ञापन
Cotton is not being sold at MSP, causing farmers to suffer losses.
फतेहाबाद। जिले की मंडियों में इन दिनों कपास की फसल की आवक जोरों पर है। किसान अनाज मंडियों में धान की फसल लेकर पहुंच रहे हैं लेकिन किसानों को उनकी मेहनत का उचित भाव नहीं मिलने से नुकसान उठाना पड़ रहा है। सरकार ने कुल 24 फसलों को एमएसपी पर खरीदने का दावा किया है। इसमें कपास की फसल को भी शामिल किया गया है।
विज्ञापन

कपास का न्यूनतम समर्थन मूल्य 7,710 रुपये प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है, लेकिन मंडियों इसका उचित भाव नहीं मिलने पर किसानों को डेढ़ हजार रुपये का नुकसान हो रहा है। इसके पीछे कारण ये बताया जा रहा है कि सीसीआई यानि भारतीय कपास निगम खरीद नहीं कर रहा है। जिले की अनाज मंडियों में कपास की सरकारी खरीद शुरू न होने से किसानों को अपनी फसल औने-पौने दाम पर निजी व्यापारियों को बेचनी पड़ रही है।
विज्ञापन

निजी व्यापारी किसानों से कपास की फसल 6,000 रुपये से लेकर 7,100 रुपये प्रति क्विंटल के बीच खरीद रहे हैं, जबकि सरकार ने मध्यम रेशे वाली कपास का एमएसपी 7,710 रुपये प्रति क्विंटल तय किया है। जिले की भट्टू और भूना की अनाज मंडी में कपास की आवक अधिक है। सरकारी खरीद और निजी खरीद के भावअंतर का सीधा असर किसानों की आर्थिक स्थिति पर पड़ रहा है। किसान को प्रति क्विंटल फसल पर 1700 रुपये तक का नुकसान है।
विज्ञापन
विज्ञापन

जिले की भट्टू और भूना का क्षेत्र कपास के उत्पादन में आगे है लेकिन मौसम की मार के बाद अब उचित भाव नहीं मिलने से किसानों कपास की खेती से मुंह मोड़ने लगे है। किसानों ने सरकार से तुरंत प्रभाव से एमएसपी पर कपास की खरीद शुरू करने और निजी व्यापारियों की ओर से की जा रही मनमानी पर रोक लगाने की मांग की है। पगड़ी संभाल जट्टा किसान संघर्ष समिति के प्रदेश अध्यक्ष मंदीप नथवान ने बताया कि एमएसपी पर खरीद नहीं होने से किसानों के साथ सीधी लूट की जा रही है। शुक्रवार को मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने भी किसानों की समस्या का हल नहीं किया। ऐसे में किसान दिन प्रति दिन कमजोर हो रहा है। सभी फसलों की खरीद एमएसपी पर करनी चाहिए ताकि किसानों को इसका लाभ मिल सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed