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Fatehabad News: मौसम में आए बदलाव से भूना-टोहाना में बारिश, फतेहाबाद में बूंदाबांदी
Sun, 13 Sep 2026 09:58 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Sun, 13 Sep 2026 09:58 PM IST
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शहर के सिरसा-हिसार रोड से गुजरती रोडवेज की बस। संवाद
- फोटो : 1
फतेहाबाद। जिले में रविवार को भूना और टोहाना क्षेत्र में बारिश हुई। फतेहाबाद शहर में बूंदाबांदी दर्ज की गई। बारिश से तापमान में गिरावट आई। अधिकतम तापमान 33 डिग्री और न्यूनतम 26 डिग्री सेल्सियस रहा।
बारिश के बाद लोगों को उमस और गर्मी से कुछ राहत मिली। वहीं खेतों में खड़ी नरमा फसलों को लेकर किसानों की चिंता बढ़ गई। कृषि विकास अधिकारी डॉ. बहादुर गोदारा ने बताया कि मौजूदा समय में धान की फसल के लिए बारिश फायदेमंद हो सकती है।
उन्होंने बताया कि धान की फसल को इस समय पर्याप्त नमी की जरूरत होती है। बारिश से फसल की सिंचाई की जरूरत कुछ हद तक पूरी हो सकती है। इससे किसानों को सिंचाई पर होने वाले खर्च में भी राहत मिल सकती है।
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रविवार को जिले के कई हिस्सों में आसमान में बादल छाए रहे। भूना और टोहाना क्षेत्र में बारिश हुई। फतेहाबाद शहर में बूंदाबांदी से मौसम सुहावना हो गया। हालांकि बारिश की तीव्रता अलग-अलग क्षेत्रों में अलग रही।
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नरमा की फसल को नुकसान
दूसरी ओर नरमा की फसल के लिए बारिश नुकसानदायक हो सकती है। खेतों में अधिक नमी रहने से नरमा की फसल में रोग और कीट लगने की आशंका बढ़ सकती है। किसानों ने मौसम को देखते हुए खेतों की निगरानी शुरू कर दी है। यदि आगामी दिनों में लगातार बारिश होती है तो नरमा उत्पादक किसानों की परेशानी बढ़ सकती है।
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:: प्रदेश में मानसून की सक्रियता में कमी बनी हुई है। जिससे आंशिक बदलवाई बनी हुई है। मौसम अगले दो दिनों तक परिवर्तनशील बने रहने के आसार हैं। परंतु 15 सितंबर से मानसून ट्रफ एक बार फिर से राज्य के आसपास आने की उम्मीद है। जिससे राज्य में 15 सितंबर देर रात्रि से 18 सितंबर के दौरान राज्य में हल्की से मध्यम बारिश के आसार हैं।
- डॉ. मदन खिचड़, विभागाध्यक्ष मौसम विज्ञान, एचएयू, हिसार।
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बारिश के बाद लोगों को उमस और गर्मी से कुछ राहत मिली। वहीं खेतों में खड़ी नरमा फसलों को लेकर किसानों की चिंता बढ़ गई। कृषि विकास अधिकारी डॉ. बहादुर गोदारा ने बताया कि मौजूदा समय में धान की फसल के लिए बारिश फायदेमंद हो सकती है।
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उन्होंने बताया कि धान की फसल को इस समय पर्याप्त नमी की जरूरत होती है। बारिश से फसल की सिंचाई की जरूरत कुछ हद तक पूरी हो सकती है। इससे किसानों को सिंचाई पर होने वाले खर्च में भी राहत मिल सकती है।
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रविवार को जिले के कई हिस्सों में आसमान में बादल छाए रहे। भूना और टोहाना क्षेत्र में बारिश हुई। फतेहाबाद शहर में बूंदाबांदी से मौसम सुहावना हो गया। हालांकि बारिश की तीव्रता अलग-अलग क्षेत्रों में अलग रही।
नरमा की फसल को नुकसान
दूसरी ओर नरमा की फसल के लिए बारिश नुकसानदायक हो सकती है। खेतों में अधिक नमी रहने से नरमा की फसल में रोग और कीट लगने की आशंका बढ़ सकती है। किसानों ने मौसम को देखते हुए खेतों की निगरानी शुरू कर दी है। यदि आगामी दिनों में लगातार बारिश होती है तो नरमा उत्पादक किसानों की परेशानी बढ़ सकती है।
:: प्रदेश में मानसून की सक्रियता में कमी बनी हुई है। जिससे आंशिक बदलवाई बनी हुई है। मौसम अगले दो दिनों तक परिवर्तनशील बने रहने के आसार हैं। परंतु 15 सितंबर से मानसून ट्रफ एक बार फिर से राज्य के आसपास आने की उम्मीद है। जिससे राज्य में 15 सितंबर देर रात्रि से 18 सितंबर के दौरान राज्य में हल्की से मध्यम बारिश के आसार हैं।
- डॉ. मदन खिचड़, विभागाध्यक्ष मौसम विज्ञान, एचएयू, हिसार।