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Fatehabad News: समाधान शिविरों में सुधार की आस पर सुझावों का इंतजार
Tue, 20 Oct 2026 11:25 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फतेहाबाद
Updated Tue, 20 Oct 2026 11:25 PM IST
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टोहाना में समाधान शिविर में मौजूद अधिकारी स्त्रोत प्रशासन
फतेहाबाद। आमजन की शिकायतों के समाधान के लिए लगाए जा रहे समाधान शिविरों की कार्यप्रणाली में बदलाव की तैयारी है लेकिन इसमें संबंधित विभागों की रुचि कम नजर आ रही है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की ओर से सुझाव मांगे जाने के बावजूद अधिकतर विभागों ने निर्धारित समयसीमा में अपनी रिपोर्ट नहीं भेजी।
अब जिला प्रशासन को दोबारा पत्र जारी कर विभागाध्यक्षों से जवाब मांगना पड़ा है। उपायुक्त डॉ. विवेक भारती ने 19 अक्तूबर को पत्र जारी कर सभी विभागाध्यक्षों को लंबित सुझाव और रिपोर्ट जल्द भेजने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री के निर्देशों के पालन में समाधान शिविरों को अधिक प्रभावी बनाने के लिए विभागों से सुझाव मांगे गए थे।
इसके लिए 9 अक्तूबर को पत्र जारी कर 12 अक्तूबर तक दो सुझाव भेजने को कहा गया था। समय सीमा बीतने के बावजूद अधिकतर विभागों की रिपोर्ट उपायुक्त कार्यालय तक नहीं पहुंची।
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जिले में फतेहाबाद, रतिया और टोहाना में उपमंडल स्तर पर प्रत्येक सोमवार और वीरवार को सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक समाधान शिविर लगाए जा रहे हैं। शुरुआत में ये शिविर सोमवार से शुक्रवार तक आयोजित होते थे।
बाद में इनकी संख्या घटाकर सप्ताह में दो दिन कर दी गई थी। अब शिविरों की कार्यप्रणाली में सुधार के लिए मुख्यमंत्री विभागाध्यक्षों से भी राय ले रहे हैं लेकिन समय पर सुझाव नहीं मिलने से विभागों की गंभीरता पर सवाल उठ रहे हैं।
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अब सोमवार-वीरवार को लगते हैं समाधान शिविर
जिले में उपमंडल स्तर पर प्रत्येक सोमवार और वीरवार को सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक समाधान शिविर लगाए जाते हैं। इन शिविरों में आमजन अपनी शिकायतें और समस्याएं अधिकारियों के समक्ष रखते हैं। सबसे ज्यादा शिकायतें क्रीड विभाग, बिजली निगम, खाद्य एवं आपूर्ति विभाग से जुड़ी आ रही है। परिवार पहचान पत्र से जुड़े सबसे ज्यादा मामले हैं। इनमें भी आय संबंधित मामले ज्यादा हैं।
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अब जिला प्रशासन को दोबारा पत्र जारी कर विभागाध्यक्षों से जवाब मांगना पड़ा है। उपायुक्त डॉ. विवेक भारती ने 19 अक्तूबर को पत्र जारी कर सभी विभागाध्यक्षों को लंबित सुझाव और रिपोर्ट जल्द भेजने के निर्देश दिए हैं। मुख्यमंत्री के निर्देशों के पालन में समाधान शिविरों को अधिक प्रभावी बनाने के लिए विभागों से सुझाव मांगे गए थे।
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इसके लिए 9 अक्तूबर को पत्र जारी कर 12 अक्तूबर तक दो सुझाव भेजने को कहा गया था। समय सीमा बीतने के बावजूद अधिकतर विभागों की रिपोर्ट उपायुक्त कार्यालय तक नहीं पहुंची।
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जिले में फतेहाबाद, रतिया और टोहाना में उपमंडल स्तर पर प्रत्येक सोमवार और वीरवार को सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक समाधान शिविर लगाए जा रहे हैं। शुरुआत में ये शिविर सोमवार से शुक्रवार तक आयोजित होते थे।
बाद में इनकी संख्या घटाकर सप्ताह में दो दिन कर दी गई थी। अब शिविरों की कार्यप्रणाली में सुधार के लिए मुख्यमंत्री विभागाध्यक्षों से भी राय ले रहे हैं लेकिन समय पर सुझाव नहीं मिलने से विभागों की गंभीरता पर सवाल उठ रहे हैं।
अब सोमवार-वीरवार को लगते हैं समाधान शिविर
जिले में उपमंडल स्तर पर प्रत्येक सोमवार और वीरवार को सुबह 10 से दोपहर 12 बजे तक समाधान शिविर लगाए जाते हैं। इन शिविरों में आमजन अपनी शिकायतें और समस्याएं अधिकारियों के समक्ष रखते हैं। सबसे ज्यादा शिकायतें क्रीड विभाग, बिजली निगम, खाद्य एवं आपूर्ति विभाग से जुड़ी आ रही है। परिवार पहचान पत्र से जुड़े सबसे ज्यादा मामले हैं। इनमें भी आय संबंधित मामले ज्यादा हैं।