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दशकों से चल रहा था खाल का कब्जा, पुलिस बल की मदद से हटवाया

Sun, 11 Nov 2018 12:14 AM IST
Updated Sun, 11 Nov 2018 12:14 AM IST
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दशकों से चल रहा था खाल का कब्जा, पुलिस बल की मदद से हटवाया
अमर उजाला ब्यूरो
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फतेहाबाद। पालसर गांव में सिंचाई विभाग के कच्चे खाले पर दशकों से कब्जा जमाए बैठे किसान के कब्जे को शनिवार को ड्यूटी मजिस्ट्रेट नायब तहसीलदार गोपीराम के नेतृत्व में सिंचाई विभाग के एसडीओ पीपी चोपड़ा ने भारी पुलिस बल के साथ कब्जे को हटा दिया और खाल को दोबारा से चालू कर दिया।

ज्ञात रहे कि गांव पालसर में 1964 में सिंचाई विभाग की ओर से 3 एकड़ लंबाई का कच्चा खाल बनाया गया था। इस खाल के साथ किसान सुखदेव सिंह की जमीन लगती थी। सुखदेव सिंह ने इस खाल को बंद करके अपने खेत में मिला दिया। जिससे खाल बंद हो गया और अन्य किसानों के खेतों में पानी नहीं पहुंच पा रहा था। प्रभावित किसान गिंदर आदि ने सिंचाई विभाग के एसडीओ को इसकी शिकायत की। एसडीओ ने खाल बहाल करने के आदेश दिए थे। इसके बाद सुखदेव सिंह कार्यकारी अभियंता व अधीक्षक अभियंता के पास गया, लेकिन दोनों अधिकारियों ने खाल को बहाल करने के आदेश दे दिए। इसके बाद सुखदेव सिंह हाईकोर्ट में चला गया, लेकिन उसे हाईकोर्ट ने कोई राहत नहीं दी। इस पर कार्रवाई करते हुए नायब तहसीलदार गोपीराम, सिंचाई विभाग के एसडीओ पीपी चोपड़ा भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए और कब्जे को हटा दिया। साथ ही खाल को दोबारा से चालू कर दिया। सिंचाई विभाग के एसडीओ पीपी चोपड़ा ने बताया कि विभाग के द्वारा बनाया गया खाल अगर 20 साल तक चल जाता है तो यह पक्के खाल की श्रेणी में आ जाता है। इसलिए किसान ऐसे खाल को तोड़ने से परहेज करें।
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