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भट्ठा मजदूर यूनियन ने की बंद पड़े ईंट भट्ठों को चलाने की मांग
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भट्ठा-मजदूर यूनियन ने की बंद ईंट-भट्ठों को चलाने की मांग
अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद। लाल झंडा भट्ठा-मजदूर यूनियन जिला कमेटी ने बंद ईंट भट्ठों को चलाने की मांग को लेकर उपायुक्त को सीएम के नाम ज्ञापन सौंपा। यूनियन का प्रतिनिधिमंडल जिला प्रधान मदन सिंह के नेतृत्व में उपायुक्त से मिला और ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि भट्ठा उद्योग हरियाणा में लघु उद्योग की श्रेणी में आता है और इससे लाखों मजदूरों को रोजगार मिलता है परंतु सैकड़ों की संख्या में भट्ठे बंद पड़े हैं और हजारों मजदूर खाली बैठे हैं। इसलिए इन भट्ठों को चलाने की मंजूरी दी जाए, ताकि मजदूरों के रोजगार पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव को रोका जा सके। जिला प्रधान ने कहा कि भट्ठा उद्योग के बंद रहने से अकेला मजदूरों व मालिकों को ही नुकसान नहीं उठाना पड़ता बल्कि भट्ठा न चलने के कारण ईंटों के रेट तेजी से बढ़ेंगे और ईंटों की खरीद लोगों की पहुंच से दूर हो जाएगी, जिससे भवन निर्माण का काम प्रभावित होगा। भट्ठा-मजदूरों के साथ-साथ भवन निर्माण का काम करने वाले लाखों मजदूर बेकार हो जाएंगे। निर्माण के काम में उपयोग होने वाली सामग्री जैसे सीमेंट, रेता, सरिया सहित तमाम चीजों की बिक्री पर भी प्रभाव पड़ेगा।
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अमर उजाला ब्यूरो
फतेहाबाद। लाल झंडा भट्ठा-मजदूर यूनियन जिला कमेटी ने बंद ईंट भट्ठों को चलाने की मांग को लेकर उपायुक्त को सीएम के नाम ज्ञापन सौंपा। यूनियन का प्रतिनिधिमंडल जिला प्रधान मदन सिंह के नेतृत्व में उपायुक्त से मिला और ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि भट्ठा उद्योग हरियाणा में लघु उद्योग की श्रेणी में आता है और इससे लाखों मजदूरों को रोजगार मिलता है परंतु सैकड़ों की संख्या में भट्ठे बंद पड़े हैं और हजारों मजदूर खाली बैठे हैं। इसलिए इन भट्ठों को चलाने की मंजूरी दी जाए, ताकि मजदूरों के रोजगार पर पड़ने वाले दुष्प्रभाव को रोका जा सके। जिला प्रधान ने कहा कि भट्ठा उद्योग के बंद रहने से अकेला मजदूरों व मालिकों को ही नुकसान नहीं उठाना पड़ता बल्कि भट्ठा न चलने के कारण ईंटों के रेट तेजी से बढ़ेंगे और ईंटों की खरीद लोगों की पहुंच से दूर हो जाएगी, जिससे भवन निर्माण का काम प्रभावित होगा। भट्ठा-मजदूरों के साथ-साथ भवन निर्माण का काम करने वाले लाखों मजदूर बेकार हो जाएंगे। निर्माण के काम में उपयोग होने वाली सामग्री जैसे सीमेंट, रेता, सरिया सहित तमाम चीजों की बिक्री पर भी प्रभाव पड़ेगा।