{"_id":"69e293705c2442b9c20a0dd6","slug":"appeal-to-citizens-to-get-self-enumeration-done-online-for-house-listing-under-census-2023-charkhi-dadri-news-c-126-1-cdr1010-154036-2026-04-18","type":"story","status":"publish","title_hn":"जनगणना 2027 के तहत मकान सूचीकरण के लिए ऑनलाइन स्व गणना करें नागरिक : उपायुक्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
जनगणना 2027 के तहत मकान सूचीकरण के लिए ऑनलाइन स्व गणना करें नागरिक : उपायुक्त
Sat, 18 Apr 2026 01:39 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
संवाद न्यूज एजेंसी, चरखी दादरी
Updated Sat, 18 Apr 2026 01:39 AM IST
विज्ञापन
चरखी दादरी। जिले के नागरिकों से उपायुक्त ने जनगणना 2027 के तहत मकान सूचीकरण के लिए ऑनलाइन स्व गणना करवाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि जनगणना में सहभागी बनकर देश सेवा का परिचय दें। इस कार्य के लिए महज कुछ मिनटों का ही समय लगता है। कोई भी व्यक्ति स्व गणना पोर्टल एसई.सेंसस.जीओवी.आईएन पर जाकर ऑनलाइन माध्यम से मकान सूचीकरण से संबंधित डाटा दर्ज कर सकता है।
शुक्रवार को अपने कार्यालय में पत्रकार वार्ता के दौरान उपायुक्त ने यह बात कही। उन्होंने बताया कि स्वतंत्र भारत के इतिहास में यह आठवीं जनगणना है। इसके दो चरण हैं। पहले चरण में मकान सूचीकरण एवं आवास गणना होगी। जो की एक से 30 मई तक पूरी की जाएगी। इसके तहत घरों में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी को दर्ज किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इससे पहले नागरिकों को स्व गणना का विकल्प उपलब्ध करवाया गया है। जो की 16 अप्रैल से शुरू हो गया है और 30 अप्रैल तक चालू रहेगा। इसके तहत कोई भी नागरिक ऑनलाइन माध्यम स्व गणना के पोर्टल एसई.सेंसस.जीओवी.आईएन पर अपने घर से संबंधित जानकारी डाल सकता है।
उन्होंने कहा कि इसके बाद 1 मई से प्रगणक घर-घर जाकर मकान सूचीकरण का कार्य करेंगे। जो लोग स्व गणना के तहत अपनी जानकारी दर्ज करवा चुके होंगे, उनका सत्यापन भी इस दौरान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि स्व गणना का फायदा यह होगा कि प्रगणक को मकान सूचीकरण के दौरान बहुत कम समय लगेगा और उन्हें केवल दर्ज की गई जानकारी को ही सत्यापित करना होगा। उपायुक्त ने सभी जिलावासियों से स्व गणना में अपने मकान की जानकारी दर्ज करने की अपील की है।
विज्ञापन
उपायुक्त ने कहा कि दूसरे चरण के तहत अगले वर्ष फरवरी माह में व्यक्तिगत जनगणना होगी। यह पहला मौका है जब डिजिटल जनगणना को अपनाया गया है। भारत की जनगणना विश्व की सबसे बड़ी जनगणना है। उन्होंने कहा कि इस जनगणना के लिए व्यापक स्तर पर प्रशिक्षण की व्यवस्था की गई है। मास्टर ट्रेनर, फील्ड ट्रेनर, सुपरवाइजर और प्रगणकों को प्रशिक्षण दिया गया है। जनगणना निदेशालय के निर्देशों के अनुसार जिले को 1029 ब्लॉक में बांटा गया है और तीन चार्ज अधिकारी नियुक्त किए गए हैं। जिले में 1123 प्रगणक और 190 सुपरवाइजर भी तैनात किए गए हैं।
विज्ञापन
शुक्रवार को अपने कार्यालय में पत्रकार वार्ता के दौरान उपायुक्त ने यह बात कही। उन्होंने बताया कि स्वतंत्र भारत के इतिहास में यह आठवीं जनगणना है। इसके दो चरण हैं। पहले चरण में मकान सूचीकरण एवं आवास गणना होगी। जो की एक से 30 मई तक पूरी की जाएगी। इसके तहत घरों में उपलब्ध सुविधाओं की जानकारी को दर्ज किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इससे पहले नागरिकों को स्व गणना का विकल्प उपलब्ध करवाया गया है। जो की 16 अप्रैल से शुरू हो गया है और 30 अप्रैल तक चालू रहेगा। इसके तहत कोई भी नागरिक ऑनलाइन माध्यम स्व गणना के पोर्टल एसई.सेंसस.जीओवी.आईएन पर अपने घर से संबंधित जानकारी डाल सकता है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि इसके बाद 1 मई से प्रगणक घर-घर जाकर मकान सूचीकरण का कार्य करेंगे। जो लोग स्व गणना के तहत अपनी जानकारी दर्ज करवा चुके होंगे, उनका सत्यापन भी इस दौरान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि स्व गणना का फायदा यह होगा कि प्रगणक को मकान सूचीकरण के दौरान बहुत कम समय लगेगा और उन्हें केवल दर्ज की गई जानकारी को ही सत्यापित करना होगा। उपायुक्त ने सभी जिलावासियों से स्व गणना में अपने मकान की जानकारी दर्ज करने की अपील की है।
विज्ञापन
उपायुक्त ने कहा कि दूसरे चरण के तहत अगले वर्ष फरवरी माह में व्यक्तिगत जनगणना होगी। यह पहला मौका है जब डिजिटल जनगणना को अपनाया गया है। भारत की जनगणना विश्व की सबसे बड़ी जनगणना है। उन्होंने कहा कि इस जनगणना के लिए व्यापक स्तर पर प्रशिक्षण की व्यवस्था की गई है। मास्टर ट्रेनर, फील्ड ट्रेनर, सुपरवाइजर और प्रगणकों को प्रशिक्षण दिया गया है। जनगणना निदेशालय के निर्देशों के अनुसार जिले को 1029 ब्लॉक में बांटा गया है और तीन चार्ज अधिकारी नियुक्त किए गए हैं। जिले में 1123 प्रगणक और 190 सुपरवाइजर भी तैनात किए गए हैं।