{"_id":"65c8f33fe3fc3d9804094259","slug":"various-organizations-will-do-chakka-jam-on-16th-february-bhiwani-news-c-125-1-bwn1002-113037-2024-02-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bhiwani News: विभिन्न संगठन मिलकर 16 फरवरी को करेंगे चक्का जाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bhiwani News: विभिन्न संगठन मिलकर 16 फरवरी को करेंगे चक्का जाम
Sun, 11 Feb 2024 09:48 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Sun, 11 Feb 2024 09:48 PM IST
विज्ञापन
भिवानी के बवानीखेड़ा, बैठक में मौजूद किसान सभा के पदाधिकारी व अन्य सदस्य।
बवानीखेड़ा। कस्बे के शहीद गुलाब सिंह पार्क में ग्रामीण बंद को लेकर किसान संगठनों की संयुक्त बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता अखिल भारतीय किसान सभा के ब्लॉक प्रधान रामोतार बलियाली व भारतीय किसान यूनियन की तरफ से रोशन सेषमा ने की। इसमें मांगों को लेकर 16 फरवरी को चक्का जाम करेंगे।
रामोतार बलियाली ने किसानों को सम्बोधित करते हुए कहा कि आज देश नाजुक स्थिति से गुजर रहा है। सरकार का मेहनतकश वर्ग की तरफ काेई ध्यान नहीं है। पिछले 13 महीने के किसान आंदोलन में 750 किसानों की शहादत के बाद सरकार को तीन काले कृषि कानून वापस लेने पड़े थे। किसानों के बाकी मुद्दों पर मोहर लगाकर जल्द पूरा करने का आश्वासन दिया था लेकिन अब केंद्र सरकार अपनी जुबान से मुकर रही है।
इसलिए 16 फरवरी को सभी किसान, मजदूर, केन्द्रीय ट्रेड यूनियन, खेत मजदूर, व्यापारी संगठन, कर्मचारी मिलकर चक्का जाम करेंगे। किसान संगठनों की बैठक में किसान आंदोलन के समय बाकी मांगों के साथ-साथ अग्निपथ योजना बंद करके स्थायी नौकरी देने, मजदूरों के 44 श्रम कानून बहाल करने, युवाओं को रोजगार देने समेत अनेक मांगें की हैं। मांग पूरी होने तक आंदोलन का संकल्प दोहराया गया। इस दौरान फूलसिंह देशवाल, बलजीत शर्मा, रामकिशन काजल, रत्न खेड़ी, बुधराम बलियाली शामिल रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
रामोतार बलियाली ने किसानों को सम्बोधित करते हुए कहा कि आज देश नाजुक स्थिति से गुजर रहा है। सरकार का मेहनतकश वर्ग की तरफ काेई ध्यान नहीं है। पिछले 13 महीने के किसान आंदोलन में 750 किसानों की शहादत के बाद सरकार को तीन काले कृषि कानून वापस लेने पड़े थे। किसानों के बाकी मुद्दों पर मोहर लगाकर जल्द पूरा करने का आश्वासन दिया था लेकिन अब केंद्र सरकार अपनी जुबान से मुकर रही है।
विज्ञापन
इसलिए 16 फरवरी को सभी किसान, मजदूर, केन्द्रीय ट्रेड यूनियन, खेत मजदूर, व्यापारी संगठन, कर्मचारी मिलकर चक्का जाम करेंगे। किसान संगठनों की बैठक में किसान आंदोलन के समय बाकी मांगों के साथ-साथ अग्निपथ योजना बंद करके स्थायी नौकरी देने, मजदूरों के 44 श्रम कानून बहाल करने, युवाओं को रोजगार देने समेत अनेक मांगें की हैं। मांग पूरी होने तक आंदोलन का संकल्प दोहराया गया। इस दौरान फूलसिंह देशवाल, बलजीत शर्मा, रामकिशन काजल, रत्न खेड़ी, बुधराम बलियाली शामिल रहे।
विज्ञापन