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राज्य स्तरीय खेल: अधिकारियों ने हाथ खड़े किए, स्कूलों पर डाली आयोजन स्थल पर लेकर जाने की जिम्मेदारी
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भिवानी। स्कूलों में खेलों को बढ़ावा देने की बजाय शिक्षा विभाग अपनी जिम्मेदारी से पीछा छुड़ा रहा है। बच्चों के शारीरिक व सांस्कृतिक विकास के लिए अंबाला में तीन दिवसीय राज्यस्तरीय खेल व सांस्कृतिक प्रतियोगिता का आयोजन किया है मगर अब तक इनमें शामिल होने वाले खिलाड़ियों के लिए टीए व डीए तक जारी नहीं किया है। जिला शिक्षा विभाग ने तो आयोजन स्थल तक लेकर जाने के लिए भी अपने हाथ खड़े कर दिए है और यह जिम्मेदारी भी स्कूल मुखिया के कंधों पर डाल दी है।
विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जिले के पास कोई बजट नहीं है और ऐसे में स्कूलों के पास कितना बजट होगा इसका अंदाजा लगाया जा सकता है। जिले के विभिन्न खंड़ों से करीब 200 विद्यार्थी राज्यस्तरीय खेल प्रतियोगिता के लिए अपेक्षित है। अब बच्चों को वहां तक जाने के लिए अपनी जेब से या फिर स्कूल मुखिया को अपने स्तर पर कोई व्यवस्था करनी पड़ेगी। अंबाला में आठ से 10 दिसंबर तक अंडर 11 लड़के व लड़कियों की राज्य स्तरीय खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। इसके लिए जिला स्तर पर कार्यालय में खिलाड़ियों को देने के लिए टीए व डीए की राशि नहीं है।
ये होंगे अंडर 11 लड़के और लड़कियों के खेल
प्रतियोगिता में खो-खो के 12 प्रतिभागी रहेंगे, जिसमें लड़के व लड़कियां अलग-अलग होंगे। चैस में पांच प्रतिभागी, कबड्डी में 12, स्केटिंग में नौ, योगा में सात, रस्साकशी में 12, कैरम में पांच, जिम्नास्टिक्स में सात, कुश्ती में प्रति भार एक प्रतिभागी, जिसमें भारवर्ग 20, 22, 24, 26, 30, 32, 34 या 34 किग्रा से ऊपर के भाग ले सकते हैं। वहीं एथलेटिक्स के प्रत्येक इवेंट में एक स्कूल से केवल दो खिलाड़ी भाग ले सकते हैं। एक खिलाड़ी रिले दौड़ को छोड़कर किन्हीं तीन इवेंट में भाग ले सकता है। जिला स्तर पर भी एक खंड से एक इवेंट में केवल दो खिलाड़ी ही भाग ले सकते हैं। रिले की टीम खंड स्तर पर 1-1 ही होगी। एथलेटिक्स में 100 मीटर, 200 मीटर, 400 मीटर, 4 गुणा 100 मीटर रिले, ऊंची कूद, लंबी कूद और गोला फेंक के गेम्स है।
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ये होंगे सांस्कृतिक कार्यक्रम
सांस्कृतिक कार्यक्रम में एकल अभिनय में एक, समूह गान में सात से नौ, रागनी में एक से दो प्रतिभागी रहेंगे। इसमें एक गायक और चार पार्श्व संगीतज्ञ हो सकते हैं। फैंसी ड्रेस में एक से दो, पेंटिंग में एक से दो प्रतिभागी हो सकते हैं, जोकि राष्ट्रीय एकता, पर्यावरण, आतंकवाद, भ्रूण हत्या और नारी शिक्षा पर पेंटिंग बनाएं। एकल नृत्य में एक प्रतिभागी हो, जिसमें एक बच्चा नृत्य करेगा और दो बच्चे संगीतज्ञ के साथ बैठकर गाना गायेंगे। वहीं, समूह नृत्य में सात से 10 प्रतिभागी रहेंगे, जिसमें इन्हीं बच्चों में से गायक होंगे और संगीतज्ञ अलग से होंगे। इसमें ऑडियो, वीडियो और विद्युत यंत्र मान्य नहीं होंगे।
फिलहाल राज्यस्तरीय खेल प्रतियोगिता के लिए शिक्षा विभाग के पास कोई टीए व डीए की राशि नहीं आई है। ऐसे में विद्यार्थियों को आयोजन स्थल पर लेकर जाने की जिम्मेदारी स्कूल मुखिया को दी है। वे अपने स्तर पर बकाया बजट से विद्यार्थियों को लेकर जाने का खर्च निकाला सकते हैं।
- नरेश महता, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी भिवानी।
शिक्षा के मौलिक अधिकार के तहत पहली से आठवीं तक के विद्यार्थियों का स्पोर्ट्स फंड जमा नहीं कराया जा रहा है। अंडर 11 के खेलों में टीए-डीए का बजट शिक्षा निदेशालय ही जारी करता है। लेकिन अभी तक बजट नहीं दिया है। निदेशालय को खेल शेड्यूल जारी करने से पहले जिला स्तर पर बजट जारी करना चाहिए था, ताकि विद्यार्थियों को खेलों में प्रतिभा दिखाने में कोई दिक्कत नहीं आए।
- राजेश ढांडा, राज्य संरक्षक, हरियाणा शारीरिक शिक्षक संघ।
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विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जिले के पास कोई बजट नहीं है और ऐसे में स्कूलों के पास कितना बजट होगा इसका अंदाजा लगाया जा सकता है। जिले के विभिन्न खंड़ों से करीब 200 विद्यार्थी राज्यस्तरीय खेल प्रतियोगिता के लिए अपेक्षित है। अब बच्चों को वहां तक जाने के लिए अपनी जेब से या फिर स्कूल मुखिया को अपने स्तर पर कोई व्यवस्था करनी पड़ेगी। अंबाला में आठ से 10 दिसंबर तक अंडर 11 लड़के व लड़कियों की राज्य स्तरीय खेल प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जाएगा। इसके लिए जिला स्तर पर कार्यालय में खिलाड़ियों को देने के लिए टीए व डीए की राशि नहीं है।
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ये होंगे अंडर 11 लड़के और लड़कियों के खेल
प्रतियोगिता में खो-खो के 12 प्रतिभागी रहेंगे, जिसमें लड़के व लड़कियां अलग-अलग होंगे। चैस में पांच प्रतिभागी, कबड्डी में 12, स्केटिंग में नौ, योगा में सात, रस्साकशी में 12, कैरम में पांच, जिम्नास्टिक्स में सात, कुश्ती में प्रति भार एक प्रतिभागी, जिसमें भारवर्ग 20, 22, 24, 26, 30, 32, 34 या 34 किग्रा से ऊपर के भाग ले सकते हैं। वहीं एथलेटिक्स के प्रत्येक इवेंट में एक स्कूल से केवल दो खिलाड़ी भाग ले सकते हैं। एक खिलाड़ी रिले दौड़ को छोड़कर किन्हीं तीन इवेंट में भाग ले सकता है। जिला स्तर पर भी एक खंड से एक इवेंट में केवल दो खिलाड़ी ही भाग ले सकते हैं। रिले की टीम खंड स्तर पर 1-1 ही होगी। एथलेटिक्स में 100 मीटर, 200 मीटर, 400 मीटर, 4 गुणा 100 मीटर रिले, ऊंची कूद, लंबी कूद और गोला फेंक के गेम्स है।
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ये होंगे सांस्कृतिक कार्यक्रम
सांस्कृतिक कार्यक्रम में एकल अभिनय में एक, समूह गान में सात से नौ, रागनी में एक से दो प्रतिभागी रहेंगे। इसमें एक गायक और चार पार्श्व संगीतज्ञ हो सकते हैं। फैंसी ड्रेस में एक से दो, पेंटिंग में एक से दो प्रतिभागी हो सकते हैं, जोकि राष्ट्रीय एकता, पर्यावरण, आतंकवाद, भ्रूण हत्या और नारी शिक्षा पर पेंटिंग बनाएं। एकल नृत्य में एक प्रतिभागी हो, जिसमें एक बच्चा नृत्य करेगा और दो बच्चे संगीतज्ञ के साथ बैठकर गाना गायेंगे। वहीं, समूह नृत्य में सात से 10 प्रतिभागी रहेंगे, जिसमें इन्हीं बच्चों में से गायक होंगे और संगीतज्ञ अलग से होंगे। इसमें ऑडियो, वीडियो और विद्युत यंत्र मान्य नहीं होंगे।
फिलहाल राज्यस्तरीय खेल प्रतियोगिता के लिए शिक्षा विभाग के पास कोई टीए व डीए की राशि नहीं आई है। ऐसे में विद्यार्थियों को आयोजन स्थल पर लेकर जाने की जिम्मेदारी स्कूल मुखिया को दी है। वे अपने स्तर पर बकाया बजट से विद्यार्थियों को लेकर जाने का खर्च निकाला सकते हैं।
- नरेश महता, जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी भिवानी।
शिक्षा के मौलिक अधिकार के तहत पहली से आठवीं तक के विद्यार्थियों का स्पोर्ट्स फंड जमा नहीं कराया जा रहा है। अंडर 11 के खेलों में टीए-डीए का बजट शिक्षा निदेशालय ही जारी करता है। लेकिन अभी तक बजट नहीं दिया है। निदेशालय को खेल शेड्यूल जारी करने से पहले जिला स्तर पर बजट जारी करना चाहिए था, ताकि विद्यार्थियों को खेलों में प्रतिभा दिखाने में कोई दिक्कत नहीं आए।
- राजेश ढांडा, राज्य संरक्षक, हरियाणा शारीरिक शिक्षक संघ।