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भद्रा का नहीं साया, पूरे दिन बांधी जा सकेगी राखी, ज्योतिषाचार्य के अनुसार सुबह 6:03 से 10:51 बजे तक शुभ मुहूर्त, खंडग्रास चंद्रग्रहण का भारत में असर
Fri, 28 Aug 2026 12:50 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Fri, 28 Aug 2026 12:50 AM IST
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भिवानी/ढिगावामंडी। राखी की डोर, मिठाइयों की खुशबू और मेहंदी के रंग से शहर के बाजार वीरवार को त्योहार के रंग में रंगे नजर आए। रक्षा बंधन की पूर्व संध्या पर सराय चौपटा, घंटाघर और किरोड़ीमल मंदिर बाजार में खरीदारी के लिए लोगों की भीड़ उमड़ी। बहनों ने भाइयों की कलाई सजाने के लिए पसंद की राखियां खरीदीं।
ज्योतिषाचार्य रविंद्र शास्त्री ने बताया कि इस बार रक्षा बंधन पर भद्रा का साया नहीं है। पूर्णिमा वीरवार सुबह 9:09 बजे शुरू होकर 28 अगस्त सुबह 9:47 बजे तक रहेगी। ऐसे में पूरे दिन राखी बांधी जा सकती है। उन्होंने बताया कि राखी बांधने का शुभ मुहूर्त सुबह 6:03 से 10:51 बजे तक रहेगा।
इसके बाद 10:51 से दोपहर 12:26 बजे तक राहुकाल रहेगा। इस अवधि में राखी बांधने से बचने की सलाह दी गई है। उन्होंने चंद्रग्रहण को लेकर फैले भ्रम को स्पष्ट किया। 28 अगस्त को खंडग्रास चंद्रग्रहण होगा लेकिन यह भारत में दिखाई नहीं देगा। बाजारों में राखियों की विभिन्न डिजाइन और रंग आकर्षण का केंद्र रहे।
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महिलाओं ने बताया कि राखी और मिठाइयों के दाम पिछले साल की तुलना में बढ़े हैं। इसके बावजूद भाई की कलाई सजाने का उत्साह कम नहीं हुआ। माया, कमला, स्नेहा और कोमल ने बताया कि वे हर वर्ष मायके जाकर भाइयों को राखी बांधती हैं। इस बार भी उन्होंने भाइयों के लिए पसंद की राखियां खरीदी हैं।
मेहंदी के रंग में रंगे हाथ
रक्षा बंधन को लेकर बाजारों में मेहंदी स्टॉल भी सजाए गए। महिलाएं और युवतियां दोनों हाथों पर मेहंदी लगवाती नजर आईं। खरीदारी के साथ मेहंदी लगवाने के लिए भी स्टॉलों पर भीड़ रही। बाजार में बढ़ी भीड़ के कारण कई स्थानों पर जाम की स्थिति बनी। त्योहार को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने भी बाजारों में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के लिए पुख्ता इंतजाम किए।
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ज्योतिषाचार्य रविंद्र शास्त्री ने बताया कि इस बार रक्षा बंधन पर भद्रा का साया नहीं है। पूर्णिमा वीरवार सुबह 9:09 बजे शुरू होकर 28 अगस्त सुबह 9:47 बजे तक रहेगी। ऐसे में पूरे दिन राखी बांधी जा सकती है। उन्होंने बताया कि राखी बांधने का शुभ मुहूर्त सुबह 6:03 से 10:51 बजे तक रहेगा।
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इसके बाद 10:51 से दोपहर 12:26 बजे तक राहुकाल रहेगा। इस अवधि में राखी बांधने से बचने की सलाह दी गई है। उन्होंने चंद्रग्रहण को लेकर फैले भ्रम को स्पष्ट किया। 28 अगस्त को खंडग्रास चंद्रग्रहण होगा लेकिन यह भारत में दिखाई नहीं देगा। बाजारों में राखियों की विभिन्न डिजाइन और रंग आकर्षण का केंद्र रहे।
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महिलाओं ने बताया कि राखी और मिठाइयों के दाम पिछले साल की तुलना में बढ़े हैं। इसके बावजूद भाई की कलाई सजाने का उत्साह कम नहीं हुआ। माया, कमला, स्नेहा और कोमल ने बताया कि वे हर वर्ष मायके जाकर भाइयों को राखी बांधती हैं। इस बार भी उन्होंने भाइयों के लिए पसंद की राखियां खरीदी हैं।
मेहंदी के रंग में रंगे हाथ
रक्षा बंधन को लेकर बाजारों में मेहंदी स्टॉल भी सजाए गए। महिलाएं और युवतियां दोनों हाथों पर मेहंदी लगवाती नजर आईं। खरीदारी के साथ मेहंदी लगवाने के लिए भी स्टॉलों पर भीड़ रही। बाजार में बढ़ी भीड़ के कारण कई स्थानों पर जाम की स्थिति बनी। त्योहार को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने भी बाजारों में सुरक्षा और यातायात व्यवस्था के लिए पुख्ता इंतजाम किए।