{"_id":"68e55c6786e4db7f6c0af51f","slug":"manishas-death-case-the-cbi-team-is-re-examining-the-circumstances-of-manishas-death-with-new-facts-bhiwani-news-c-125-1-shsr1009-140867-2025-10-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"मनीषा मौत मामला: सीबीआई की टीम फिर खंगाल रही नए तथ्यों के साथ मनीषा की मौत की परिस्थितियां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मनीषा मौत मामला: सीबीआई की टीम फिर खंगाल रही नए तथ्यों के साथ मनीषा की मौत की परिस्थितियां
Wed, 08 Oct 2025 12:01 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Wed, 08 Oct 2025 12:01 AM IST
विज्ञापन
मनीषा का फाइल फोटो।
विज्ञापन
भिवानी। मनीषा मौत मामले में सीबीआई की टीम सोमवार को नए तथ्यों के साथ भिवानी लौटी और मौत की परिस्थितियों की गहन जांच में जुट गई। विसरा रिपोर्ट, मोबाइल डॉटा और फॉरेंसिक विशेषज्ञ की रिपोर्ट में सामने आए नए पहलुओं के आधार पर सीबीआई अधिकारियों ने मनीषा के परिजनों से संपर्क किया। मनीषा के दादा रामकिशन, दादी और अन्य परिवारजन अधिकारियों से मिले, जबकि पिता संजय से फोन पर ही बात हुई क्योंकि वह उस समय लोहारू में थे।
मंगलवार को सीबीआई टीम कुछ समय के लिए रेस्ट हाउस से बाहर आई लेकिन मनीषा के घर, कॉलेज या प्ले स्कूल का निरीक्षण नहीं किया। दिल्ली से लौटने के बाद जांच में सीबीआई की सक्रियता बढ़ गई है। पिता संजय ने बताया कि तीसरी विसरा रिपोर्ट भी सीबीआई के पास आ चुकी है जिसके आधार पर अब मौत से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। शुरू से ही परिवार हत्या की आशंका जता रहा है और अब सीबीआई की टीम एक्सपर्ट रिपोर्ट के आधार पर मौत की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।
यू रहा मनीषा मौत मामले का घटनाक्रम
गांव ढाणी लक्ष्मण निवासी 19 वर्षीय मनीषा 11 अगस्त की सुबह प्ले स्कूल जाने के लिए निकली थी लेकिन वापस नहीं लौटी। 13 अगस्त को सिंघानी नहर के पास उसका शव बरामद हुआ। 14 अगस्त को भिवानी के नागरिक अस्पताल में पोस्टमार्टम हुआ लेकिन परिजनों ने शव लेने से इन्कार कर दिया। 15 अगस्त को पहले पोस्टमार्टम में तेजधार हथियार से गला काटकर हत्या की पुष्टि हुई। 16 अगस्त से ढिगावामंडी में न्याय की मांग को लेकर धरना शुरू हुआ। 18 अगस्त को गांव ढाणी लक्ष्मण में पक्का पड़ाव लगाया गया। दूसरा पोस्टमार्टम रोहतक पीजीआई में हुआ जिससे 20 अगस्त को मामला हत्या से आत्महत्या में बदल गया। पुलिस ने 21 अगस्त को मनीषा का अंतिम संस्कार किया गया। तीन सितंबर को सीबीआई जांच आरंभ हुई और 24 सितंबर को टीम दिल्ली लौट गई। अब सोमवार को सीबीआई नए तथ्यों के साथ वापस आई और मंगलवार को भिवानी के रेस्ट हाउस में जांच में जुटी रही।
विज्ञापन
इन पहलुओं की जांच में जुटी सीबीआई
विसरा रिपोर्ट
दिल्ली एम्स में 20 अगस्त को तीसरा पोस्टमार्टम हुआ। इसमें पहले पोस्टमार्टम की विसरा रिपोर्ट और मनीषा के शव का परीक्षण शामिल था। रिपोर्ट सीबीआई के पास आ चुकी है और विशेषज्ञों से राय भी ली गई है।
मोबाइल डॉटा रिकवर
नहर से बरामद क्षतिग्रस्त मोबाइल फोन से सीबीआई ने डॉटा रिकवर कराया। इसमें पता चल रहा है कि मौत से पहले मनीषा ने किन लोगों से संपर्क किया। कॉल डिटेल पहले ही पुलिस निकाल चुकी है और संदिग्धों से पूछताछ भी की जा चुकी है।
एफएसएल रिपोर्ट
मनीषा का शव बरामद होने के समय लोहारू पुलिस ने एफएसएल टीम को बुलाया था। मनीषा का बैग और आसपास कुछ पाउच व खाली डिब्बे मिले। सीबीआई ने दिल्ली से एफएसएल टीम बुलाकर सीन रिक्रिएट कराया। रिपोर्ट में नए एंगल से भी मौत की पड़ताल की जा रही है।
सुसाइड नोट
मनीषा की मौत के पांच दिन बाद भिवानी पुलिस ने सुसाइड नोट का खुलासा किया। अंग्रेजी में लिखा गया सुसाइड नोट मनीषा की लिखावट से मेल खाता है या नहीं, इसकी पुष्टि के लिए सीबीआई ने दिल्ली में नए एक्सपर्ट टीम से जांच कराई। रिपोर्ट आ चुकी है और अब सुसाइड नोट की सत्यता की जांच जारी है।
मंगलवार को सीबीआई टीम कुछ समय के लिए रेस्ट हाउस से बाहर आई लेकिन मनीषा के घर, कॉलेज या प्ले स्कूल का निरीक्षण नहीं किया। दिल्ली से लौटने के बाद जांच में सीबीआई की सक्रियता बढ़ गई है। पिता संजय ने बताया कि तीसरी विसरा रिपोर्ट भी सीबीआई के पास आ चुकी है जिसके आधार पर अब मौत से जुड़े सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। शुरू से ही परिवार हत्या की आशंका जता रहा है और अब सीबीआई की टीम एक्सपर्ट रिपोर्ट के आधार पर मौत की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।
विज्ञापन
यू रहा मनीषा मौत मामले का घटनाक्रम
गांव ढाणी लक्ष्मण निवासी 19 वर्षीय मनीषा 11 अगस्त की सुबह प्ले स्कूल जाने के लिए निकली थी लेकिन वापस नहीं लौटी। 13 अगस्त को सिंघानी नहर के पास उसका शव बरामद हुआ। 14 अगस्त को भिवानी के नागरिक अस्पताल में पोस्टमार्टम हुआ लेकिन परिजनों ने शव लेने से इन्कार कर दिया। 15 अगस्त को पहले पोस्टमार्टम में तेजधार हथियार से गला काटकर हत्या की पुष्टि हुई। 16 अगस्त से ढिगावामंडी में न्याय की मांग को लेकर धरना शुरू हुआ। 18 अगस्त को गांव ढाणी लक्ष्मण में पक्का पड़ाव लगाया गया। दूसरा पोस्टमार्टम रोहतक पीजीआई में हुआ जिससे 20 अगस्त को मामला हत्या से आत्महत्या में बदल गया। पुलिस ने 21 अगस्त को मनीषा का अंतिम संस्कार किया गया। तीन सितंबर को सीबीआई जांच आरंभ हुई और 24 सितंबर को टीम दिल्ली लौट गई। अब सोमवार को सीबीआई नए तथ्यों के साथ वापस आई और मंगलवार को भिवानी के रेस्ट हाउस में जांच में जुटी रही।
विज्ञापन
इन पहलुओं की जांच में जुटी सीबीआई
विसरा रिपोर्ट
दिल्ली एम्स में 20 अगस्त को तीसरा पोस्टमार्टम हुआ। इसमें पहले पोस्टमार्टम की विसरा रिपोर्ट और मनीषा के शव का परीक्षण शामिल था। रिपोर्ट सीबीआई के पास आ चुकी है और विशेषज्ञों से राय भी ली गई है।
मोबाइल डॉटा रिकवर
नहर से बरामद क्षतिग्रस्त मोबाइल फोन से सीबीआई ने डॉटा रिकवर कराया। इसमें पता चल रहा है कि मौत से पहले मनीषा ने किन लोगों से संपर्क किया। कॉल डिटेल पहले ही पुलिस निकाल चुकी है और संदिग्धों से पूछताछ भी की जा चुकी है।
एफएसएल रिपोर्ट
मनीषा का शव बरामद होने के समय लोहारू पुलिस ने एफएसएल टीम को बुलाया था। मनीषा का बैग और आसपास कुछ पाउच व खाली डिब्बे मिले। सीबीआई ने दिल्ली से एफएसएल टीम बुलाकर सीन रिक्रिएट कराया। रिपोर्ट में नए एंगल से भी मौत की पड़ताल की जा रही है।
सुसाइड नोट
मनीषा की मौत के पांच दिन बाद भिवानी पुलिस ने सुसाइड नोट का खुलासा किया। अंग्रेजी में लिखा गया सुसाइड नोट मनीषा की लिखावट से मेल खाता है या नहीं, इसकी पुष्टि के लिए सीबीआई ने दिल्ली में नए एक्सपर्ट टीम से जांच कराई। रिपोर्ट आ चुकी है और अब सुसाइड नोट की सत्यता की जांच जारी है।