{"_id":"6782e970600ec36a36012da6","slug":"farmers-should-register-their-crops-before-20th-bhiwani-news-c-125-1-bwn1002-128402-2025-01-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bhiwani News: फसलों की पंजीकरण 20 से पहले कराएं किसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bhiwani News: फसलों की पंजीकरण 20 से पहले कराएं किसान
Sun, 12 Jan 2025 04:20 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Sun, 12 Jan 2025 04:20 AM IST
विज्ञापन
ढिगावा मंडी। किसान को फसल पंजीकरण की जानकारी देते हुए कृषि विभाग के तकनीकी प्रबंधक विजय भुंगला ने बताया कि किसान 20 जनवरी से पहले अपनी फसल का पंजीकरण अवश्य कराएं। ताकि विभाग की ओर से दी जाने वाली सभी सुविधाएं किसान आसानी से ले सकें।
उन्होंने गांव खरकड़ी में किसानों को जानकारी देते हुए बताया कि जो किसान मेरी फसल मेरा ब्योरा पर अपनी फसल का पंजीकरण नहीं करवाएगा तो वह ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल पर भी अपना पंजीकरण नहीं करवा पाएगा। इससे किसान सरकार द्वारा दी जाने वाली विभिन्न स्कीमों के लाभ से वंचित रह सकता है।
उन्होंने कहा कि किसानों को अपने एकड़ में बोई गई फसल के अनुसार ही फसल पंजीकरण करवाना चाहिए ताकि किसान द्वारा भरी गई जानकारी व गिरदावरी में अंतर न आए। इस अवसर पर गंगाराम, रामनारायण, मनोज, सूरजभान, उमेद नंबरदार उपस्थित थे।
विज्ञापन
किसानों ने शास्त्री की पुण्यतिथि पर किए पुष्प अर्पित
तोशाम। अनाज मंडी तोशाम में किसानों ने पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धासुमन पुष्प अर्पित किए।
मोर्चा के उपप्रधान राजवीर बागनवाला ने बताया कि भारतीय स्वाधीनता संग्राम के सभी महत्वपूर्ण कार्यक्रमों व आंदोलनों में लाल बहादुर शास्त्री की अहम भूमिका रही थी। इसके परिणाम स्वरूप उन्हें कई बार जेल में भी जाना पड़ा था। स्वाधीनता संग्राम में जिस समय उनकी भूमिका रही। उनमें मुख्य तौर पर 1921 का असहयोग आंदोलन, 1930 का दांडीमार्च, 1942 का भारत छोड़ो आंदोलन अहम आंदोलन रहे थे। इस मौके पर ईश्वर बागनवाला, अनिल पंघाल, मुकेश नम्बरदार, रामस्वरूप, चांदीराम पंघाल मौजूद रहे।
विज्ञापन
उन्होंने गांव खरकड़ी में किसानों को जानकारी देते हुए बताया कि जो किसान मेरी फसल मेरा ब्योरा पर अपनी फसल का पंजीकरण नहीं करवाएगा तो वह ई-क्षतिपूर्ति पोर्टल पर भी अपना पंजीकरण नहीं करवा पाएगा। इससे किसान सरकार द्वारा दी जाने वाली विभिन्न स्कीमों के लाभ से वंचित रह सकता है।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि किसानों को अपने एकड़ में बोई गई फसल के अनुसार ही फसल पंजीकरण करवाना चाहिए ताकि किसान द्वारा भरी गई जानकारी व गिरदावरी में अंतर न आए। इस अवसर पर गंगाराम, रामनारायण, मनोज, सूरजभान, उमेद नंबरदार उपस्थित थे।
विज्ञापन
किसानों ने शास्त्री की पुण्यतिथि पर किए पुष्प अर्पित
तोशाम। अनाज मंडी तोशाम में किसानों ने पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की पुण्यतिथि पर उन्हें श्रद्धासुमन पुष्प अर्पित किए।
मोर्चा के उपप्रधान राजवीर बागनवाला ने बताया कि भारतीय स्वाधीनता संग्राम के सभी महत्वपूर्ण कार्यक्रमों व आंदोलनों में लाल बहादुर शास्त्री की अहम भूमिका रही थी। इसके परिणाम स्वरूप उन्हें कई बार जेल में भी जाना पड़ा था। स्वाधीनता संग्राम में जिस समय उनकी भूमिका रही। उनमें मुख्य तौर पर 1921 का असहयोग आंदोलन, 1930 का दांडीमार्च, 1942 का भारत छोड़ो आंदोलन अहम आंदोलन रहे थे। इस मौके पर ईश्वर बागनवाला, अनिल पंघाल, मुकेश नम्बरदार, रामस्वरूप, चांदीराम पंघाल मौजूद रहे।

शिक्षक हुए साइबर फ्रॉड के शिकार

शिक्षक हुए साइबर फ्रॉड के शिकार