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Bhiwani News: जल संचय में संशय...बेबस शहरवासियों के आगे प्यासे टैंक

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 10 May 2026 01:18 AM IST
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Doubts about water storage... thirsty tanks in front of helpless city dwellers
महम रोड ​स्थित पुराना जलघर टैंक में पानी का भंडारण।
भिवानी। शहर के मुख्य जलघरों में जल संचय को लेकर संशय की स्थिति बनी हुई है। हालात यह हैं कि गर्मी के बीच शहरवासी पानी के लिए बेबस हैं और करोड़ों रुपये खर्च कर बनाए गए टैंक खुद प्यासे पड़े हैं। जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग की व्यवस्थाओं के बावजूद शहर में पर्याप्त पेयजल आपूर्ति नहीं हो पा रही है।
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अमृत प्रथम योजना के तहत महम रोड स्थित पुराने जलघर में चार पुराने टैंकों को तोड़कर दो नए टैंक बनाए गए थे। करीब 18 फीट गहरे इन टैंकों का निर्माण जमीन के बजाय कंक्रीट के ऊंचे ढांचे पर किया गया है। यही वजह है कि इन टैंकों को पूरी तरह भर पाना संभव नहीं हो पा रहा। इन टैंकों की भंडारण क्षमता करीब 14 करोड़ 33 लाख लीटर पानी संग्रहण की है। विभागीय दावों के अनुसार एक बार टैंक भरने पर पुराने शहर में 25 दिन तक नियमित पेयजल आपूर्ति दी जा सकती है लेकिन टैंक बनने के बाद आज तक ऐसा नहीं हो पाया क्योंकि ये टैंक कभी पूरी तरह भरे ही नहीं गए।
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मिताथल हेड पर पंपिंग स्टेशन की क्षमता बढ़ाने के लिए जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग की ओर से करीब 10 करोड़ रुपये का बजट मंजूर किया गया है लेकिन अधिकारी अब तक टेंडर प्रक्रिया में ही उलझे हुए हैं। ऐसे में मौजूदा गर्मी के सीजन में जल संकट से पूरी तरह राहत मिलने की उम्मीद फिलहाल कम नजर आ रही है। भिवानी शहर की करीब ढाई लाख से अधिक आबादी को पेयजल उपलब्ध कराने के लिए निनान जलघर, महम रोड स्थित पुराना जलघर और डाबर कॉलोनी जलघर बनाए गए हैं। इन तीनों जलघरों की कुल भंडारण क्षमता करीब 35 से 40 मिलियन लीटर पानी की है। इसके बावजूद हर वर्ष गर्मियों में शहर को पानी संकट का सामना करना पड़ता है।
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जल किल्लत से निपटने के लिए विभाग ने वैकल्पिक व्यवस्थाएं भी की हैं। जिन क्षेत्रों में पानी की अधिक समस्या है वहां रोजाना 80 से 90 पानी के टैंकर भेजे जा रहे हैं। इसके अलावा जलघर टैंकों के आसपास भूमिगत ट्यूबवेल लगाए गए हैं जिनसे भूमिगत पानी को नहरी पानी में मिलाकर सप्लाई दी जा रही है।
हालांकि जूई नहर में इस समय 350 क्यूसेक पानी चल रहा है इसके बावजूद शहर में एक दिन छोड़कर एक दिन ही पानी की आपूर्ति हो पा रही है। विभागीय अधिकारियों का दावा है कि अगले सप्ताह से पेयजल आपूर्ति नियमित कर दी जाएगी।



मिताथल हैड पर पंपिंग स्टेशन की क्षमता बढ़ाने के लिए टेंडर लगाए जा चुके हैं। 20 मई को टेंडर खोले जाएंगे। इसके बाद इस कार्य के वर्क ऑर्डर अलॉट कर पंपिंग स्टेशन की क्षमता बढ़ाई जाएगी। पंपिंग स्टेशन की एक बड़ी मोटर तो विभाग के पास उपलब्ध है। जूई नहर से जलघर टैंकों के अंदर नहरी पानी का भंडारण लगातार जारी है। अगले सप्ताह से शहर में नियमित पेयजल आपूर्ति मिलना शुरू हो जाएगी। -कपिल देव, कार्यकारी अभियंता, शहरी पेयजल शाखा, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, भिवानी।
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