फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Bhiwani News ›   he information published on gender investigation, ultrasound center sealed

लिंग जांच की सूचना पर छापा, अल्ट्रासाउंड सेंटर सील

Sun, 17 Jan 2016 12:53 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला भिवानी
ब्यूरो/अमर उजाला भिवानी Updated Sun, 17 Jan 2016 12:53 AM IST
विज्ञापन
he information published on gender investigation, ultrasound center sealed
भिवानी। लिंग जांच के सूचना के बाद स्वास्थ्य विभाग जींद और भिवानी की टीम ने शनिवार सायं बालाजी डायग्रोस्टिक सेंटर पर छापा मारा। सेंटर से डॉक्टर को पकड़ा गया। स्वास्थ्य विभाग अधिकारियों का कहना है कि अल्ट्रासाउंड हो चुका है और लिंग जांच की जा चुकी है। अल्ट्रासाउंड मशीन को भी देर शाम सील कर दिया गया। देर रात तक सिविल लाइन थाना में कार्रवाई चल रही थी।
विज्ञापन

मामला शाम करीब सात बजे का है। जींद स्वास्थ्य विभाग की टीम लिंग जांच की शिकायत के बाद बालाजी डायग्नोस्टिक सेंटर पर एक गर्भवती महिला को जांच के लिए भेजा। महिला का अल्ट्रासाउंड हुआ ही था कि स्वास्थ्य विभाग भिवानी और जींद की टीम ने सिविल लाइन थाना पुलिस के साथ छापा मारा। डम्मी मरीज ने बताया कि उसका अल्ट्रासाउंड किया गया है। जिसके बाद खूब हंगामा हुआ और पुलिस डाक्टर को जबरन पकड़ सिविल लाइन थाना ले आई। डाक्टर ने दलाल को भी काबू किया। स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई से हड़कंप मच गया। पुलिस ने सेंटर से नगदी भी बरामद की। इस मौके पर सिविल सर्जन डा. रणदीप पूनिया, डिप्टी सिविल सर्जन डा. मीना बरबर, डा. कृष्ण व डा. राजेश, जींद स्वास्थ्य विभाग से डिप्टी सिविल सर्जन डा. सुलेख शामिल रहे।
विज्ञापन

ये रहा पकड़ने का प्लान
स्वास्थ्य विभाग जींद की टीम को सूचना मिली कि जींद के संदलाना गांव से आशा वर्कर निशा किसी के माध्यम से लिंग जांच करवाती है। जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने एक गर्भवती महिला को साथ लेकर उससे संपर्क साधा। उक्त आशा वर्कर ने उन्हें हिसार के नितानी वासी रणबीर से मिलवाया। रणबीर ने हिसार के ही एक प्राइवेट अस्पताल में काम करने वाले युवक जोगेंद्र से मिलवाया। जोगेंद्र ने भिवानी का पता दिया। इस काम के लिए 32 हजार रुपये तय किए गए। तय कार्यक्रम के तहत रणबीर गर्भवती महिला को हिसार में जोगेंद्र के पास लेकर गया। जहां मरीज से 25 हजार रुपये लिये। 20 हजार जोगेंद्र को दिए और पांच हजार रणबीर ने स्वयं रखे। जोगेंद्र ने एक स्लिप दी, जिस पर एक प्राइवेट डॉक्टर का रेफरल लिखा हुआ था। जोगेंद्र ने उन्हें यह स्लिप बालाजी डायग्रोस्टिक सेंटर के डाक्टर को देने की बात कही। सायं करीब साढ़े पांच बजे सभी भिवानी पहुंच गए। सात बजे डाक्टर ने अल्ट्रासाउंड किया और फिर मरीज को बाहर लेटाया। जिसके बाद स्वास्थ्य विभाग जींद और भिवानी की टीम ने छापेमारी की।
विज्ञापन
विज्ञापन

अल्ट्रासाउंड मशीन की हार्ड डिस्क खोलेगी राज
डाक्टर लिंग जांच करता है या नहीं। अगर हां तो कितने लिंग जांच हुए। यह खुलासा अल्ट्रासाउंड मशीन की हार्ड डिस्क करेगी। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने मशीन को सील कर दिया है। डिप्टी सिविल सर्जन डा. मीना बरबर ने बताया कि मशीन में चेक किए जाएंगे कि कितने अल्ट्रासाउंड किए है और सेंटर के रिकार्ड में कितने है। जिनका रिकार्ड नहीं मिला, वे संदेह के घेरे में आएंगे।
सिर्फ बदनाम करने की साजिश
सेंटर पर कोई लिंग जांच नहीं की। मशीनों की जांच की जा सकती है। मरीज का सिर्फ अल्ट्रासाउंड किया गया है और उसकी चार सौ रुपये फीस ली गई है। सारी चीजें ऑन रिकार्ड है। जांच की जा रही है। यह सिर्फ उन्हें बदनाम करने की साजिश है।

डा. अभय पांड़े, संचालक, बालाजी डायग्नोस्टिक सेंटर

वर्जन:::
लिंग जांच की शिकायत पर छापेमारी की गई। यहां डाक्टर को रंगे हाथ पकड़ा है। मरीज का अल्ट्रासाउंड हो चुका था। रुपयों की रिकवरी भी हुई है।
डॉ. रणदीप पूनिया, सिविल सर्जन

हमारे रुपये भी चोरी कर लिए गए
डॉक्टर पांडे ने उसके गर्भवती होने के दौरान भी उसे लिंग जांच करके नहीं बताया। यह सिर्फ उन्हें बदनाम करने की साजिश है। पुलिस उनके बैडरूम में भी घुस गई और वहां से सेंटर की दिनभर की रखी जमा पूंजी भी ले गए।
सुधा अभय पांडे, डॉ. पांडे की पत्नी


विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed