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बच्चों के हाथों में औजार नहीं, किताब होनी चाहिए : सीजेएम
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भिवानी। विश्व बाल श्रम निषेध दिवस पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा औद्योगिक क्षेत्र में धर्मेश टेक्सटाइल लिमिटेड फैक्टरी में विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के चेयरमैन डीआर चालिया और मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी (सीजेएम) पवन कुमार ने कहा कि बच्चों के हाथों में औजार नहीं, किताब होनी चाहिए।
सीजेएम पवन कुमार ने बाल श्रम पर चिंता व्यक्त की और इसके दुष्प्रभावों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि बाल श्रमिकों से न केवल उनका बचपन छीना जाता है, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य और समुचित विकास के अधिकार भी उनसे छीन लिए जाते हैं। औद्योगिक क्षेत्र जैसे स्थानों पर बाल श्रम की संभावना अधिक होती है, इसलिए इस स्थान पर विशेष रूप से यह कार्यक्रम आयोजित किया गया।
जन सहभागिता और शिक्षा जरूरी
सीजेएम पवन कुमार ने कहा कि बाल श्रम को जड़ से समाप्त करने के लिए केवल कानून पर्याप्त नहीं है। इसके लिए जन सहभागिता, सामाजिक जिम्मेदारी और शिक्षा के प्रति जागरूकता आवश्यक है। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित जनों से अपील की गई कि यदि वे कहीं बाल श्रम होता हुआ देखें तो तुरंत बाल कल्याण समिति, पुलिस या विधिक सेवा प्राधिकरण को सूचित करें। इस अवसर पर धर्मेश टेक्सटाइल के मालिक धर्मेश शाह, डायरेक्टर रमन अग्रवाल, श्रम विभाग से इंस्पेक्टर संजय, जिला बाल संरक्षण विभाग से रिंकू सोलंकी मौजूद रहे।
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सीजेएम पवन कुमार ने बाल श्रम पर चिंता व्यक्त की और इसके दुष्प्रभावों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि बाल श्रमिकों से न केवल उनका बचपन छीना जाता है, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य और समुचित विकास के अधिकार भी उनसे छीन लिए जाते हैं। औद्योगिक क्षेत्र जैसे स्थानों पर बाल श्रम की संभावना अधिक होती है, इसलिए इस स्थान पर विशेष रूप से यह कार्यक्रम आयोजित किया गया।
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जन सहभागिता और शिक्षा जरूरी
सीजेएम पवन कुमार ने कहा कि बाल श्रम को जड़ से समाप्त करने के लिए केवल कानून पर्याप्त नहीं है। इसके लिए जन सहभागिता, सामाजिक जिम्मेदारी और शिक्षा के प्रति जागरूकता आवश्यक है। कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित जनों से अपील की गई कि यदि वे कहीं बाल श्रम होता हुआ देखें तो तुरंत बाल कल्याण समिति, पुलिस या विधिक सेवा प्राधिकरण को सूचित करें। इस अवसर पर धर्मेश टेक्सटाइल के मालिक धर्मेश शाह, डायरेक्टर रमन अग्रवाल, श्रम विभाग से इंस्पेक्टर संजय, जिला बाल संरक्षण विभाग से रिंकू सोलंकी मौजूद रहे।
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