{"_id":"613905fd8ebc3ebeb825cae8","slug":"bhiwani-nagar-parishad-change-contractor-for-street-light-maintenance-bhiwani-news-hsr611157479","type":"story","status":"publish","title_hn":"पांच साल से काबिज ठेकेदार को बदला, अब नया तीन लाख कम रुपये लेकर करेगा स्ट्रीट लाइट का रखरखाव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पांच साल से काबिज ठेकेदार को बदला, अब नया तीन लाख कम रुपये लेकर करेगा स्ट्रीट लाइट का रखरखाव
विज्ञापन
शहर में स्ट्रीट लाइट ठीक करते कर्मचारी।
- फोटो : Bhiwani
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
संजय वर्मा
भिवानी। नगर परिषद ने पांच साल बाद शहर की स्ट्रीट लाइट के रखरखाव की जिम्मेदारी नए ठेकेदार को दी है। इसके साथ ही नगर परिषद के हर माह करीब तीन लाख रुपये भी बचेंगे। पुराने ठेकेदार को नगर परिषद हर माह आठ लाख रुपये का भुगतान कर रही थी, इसके बावजूद शहर के कई हिस्सों की स्ट्रीट लाइट खराब है। वहीं नया ठेका लेने वाली हिसार की एसडी इलेक्ट्रिक कंपनी ने शहर की स्ट्रीट लाइट का रखरखाव हर माह पांच लाख पांच हजार 809 रुपये में करेगी। नगर परिषद ने नए ठेकेदार को जल्द ही सभी स्ट्रीट लाइट ठीक करने के लिए निर्देश दिए हैं।
भिवानी नगर परिषद के दायरे में 31 वार्डों में 250 से अधिक कॉलोनियां आती हैं। इन कॉलोनियों में नगर परिषद ने एलईडी स्ट्रीट लाइट के अलावा हाई मास्क स्ट्रीट लाइट लगाई हैं। शहर के कई हिस्सों में स्ट्रीट लाइट नहीं जलने पर ठेकेदार को नोटिस भी दिए गए थे। नप की बैठक में भी स्ट्रीट लाइट का मुद्दा पार्षदों ने उठाया। नगर परिषद ने स्ट्रीट लाइट व्यवस्था सुधार ने के लिए इस बार ऑनलाइन टेंडर कराया। जिसमें हिसार की एसडी इलेक्ट्रिक कंपनी को काम आवंटित हुआ। कंपनी ने सात सितंबर से काम शुरू कर दिया है।
नप की 15 हजार से अधिक स्ट्रीट लाइट
नगर परिषद के पूरे शहर में करीब 15 हजार से अधिक स्ट्रीट प्वाइंट हैं। इनमें करीब 70 से अधिक हाई मास्क स्ट्रीट लाइट भी शामिल हैं, जो मुख्य चौराहों पर लगी हैं। स्ट्रीट लाइट ठेकेदार को केवल खराब एलईडी स्ट्रीट लाइट को बदलना और सभी लाइट चालू होना सुनिश्चित करना है। इस कार्य के लिए ठेकेदार के कारिंदे रोजाना ही लाइट की जांच करेंगे और बंद पड़ी स्ट्रीट लाइट को बदलकर फिर से चालू करेंगे।
विज्ञापन
शहर में बंद पड़ी हैं अधिकतर वार्डों में स्ट्रीट लाइट
शहर के अधिकतर वार्डों के अंदर एलईडी स्ट्रीट लाइट बंद पड़ी हैं। इसकी वजह नई एलईडी लाइट कुछ दिन बाद ही खराब होना माना जा रहा है। हालांकि कंपनी ने खराब लाइट को वारंटी के तहत बदलने की जिम्मेदारी भी है, मगर कंपनी खराब एलईडी तो जमा करा रही है, लेकिन नई नहीं भेज रही। जिससे भी व्यवस्था गड़बड़ाई हुई है।
नई खरीद पर लगा रखी है विभाग ने रोक
शहरी निकाय एवं विकास विभाग ने शहरी दायरे में एलईडी व हाई मास्क लाइट की खरीद पर रोक लगा रखी है। नगर परिषद, पालिका और नगर निगम के अधिकारी कोई भी स्ट्रीट लाइट नहीं खरीद कर सकते हैं। नई खरीद शहरी निकाय एवं विकास विभाग की हाई परचेज कमेटी के माध्यम से ही होगी। जिसके बाद इन लाइट को डिमांड के अनुसार नगर परिषद के पास भेजा जाएगा। (संवाद)
नियमित रखरखाव करेगी कंपनी
शहर में स्ट्रीट लाइट के रखरखाव के कार्य का हिसार की कंपनी को दिया है। पुराने ठेकेदार को सभी स्ट्रीट प्वाइंट चालू करने की हिदायत दी है। इसके बाद नया ठेकेदार शहरी स्ट्रीट लाइट का नियमित रखरखाव करेगा। इसके लिए उसे हर माह पांच लाख पांच हजार रुपये का भुगतान किया जाएगा।
-सुनील कुमार, म्यूनिसिपल इंजीनियर, नगर परिषद भिवानी।
पार्षद कर रहे थे मांग
पार्षदों की तरफ से भी वार्डों में स्ट्रीट लाइट दुरुस्त करवाने की मांग आ रही थी। नए ठेकेदार को सभी वार्डों में स्ट्रीट लाइट की जांच कराने और खराब को बदलने के निर्देश दिए गए हैं।
- रणसिंह यादव, नप चेयरमैन, भिवानी।
विज्ञापन
भिवानी। नगर परिषद ने पांच साल बाद शहर की स्ट्रीट लाइट के रखरखाव की जिम्मेदारी नए ठेकेदार को दी है। इसके साथ ही नगर परिषद के हर माह करीब तीन लाख रुपये भी बचेंगे। पुराने ठेकेदार को नगर परिषद हर माह आठ लाख रुपये का भुगतान कर रही थी, इसके बावजूद शहर के कई हिस्सों की स्ट्रीट लाइट खराब है। वहीं नया ठेका लेने वाली हिसार की एसडी इलेक्ट्रिक कंपनी ने शहर की स्ट्रीट लाइट का रखरखाव हर माह पांच लाख पांच हजार 809 रुपये में करेगी। नगर परिषद ने नए ठेकेदार को जल्द ही सभी स्ट्रीट लाइट ठीक करने के लिए निर्देश दिए हैं।
भिवानी नगर परिषद के दायरे में 31 वार्डों में 250 से अधिक कॉलोनियां आती हैं। इन कॉलोनियों में नगर परिषद ने एलईडी स्ट्रीट लाइट के अलावा हाई मास्क स्ट्रीट लाइट लगाई हैं। शहर के कई हिस्सों में स्ट्रीट लाइट नहीं जलने पर ठेकेदार को नोटिस भी दिए गए थे। नप की बैठक में भी स्ट्रीट लाइट का मुद्दा पार्षदों ने उठाया। नगर परिषद ने स्ट्रीट लाइट व्यवस्था सुधार ने के लिए इस बार ऑनलाइन टेंडर कराया। जिसमें हिसार की एसडी इलेक्ट्रिक कंपनी को काम आवंटित हुआ। कंपनी ने सात सितंबर से काम शुरू कर दिया है।
विज्ञापन
नप की 15 हजार से अधिक स्ट्रीट लाइट
नगर परिषद के पूरे शहर में करीब 15 हजार से अधिक स्ट्रीट प्वाइंट हैं। इनमें करीब 70 से अधिक हाई मास्क स्ट्रीट लाइट भी शामिल हैं, जो मुख्य चौराहों पर लगी हैं। स्ट्रीट लाइट ठेकेदार को केवल खराब एलईडी स्ट्रीट लाइट को बदलना और सभी लाइट चालू होना सुनिश्चित करना है। इस कार्य के लिए ठेकेदार के कारिंदे रोजाना ही लाइट की जांच करेंगे और बंद पड़ी स्ट्रीट लाइट को बदलकर फिर से चालू करेंगे।
विज्ञापन
शहर में बंद पड़ी हैं अधिकतर वार्डों में स्ट्रीट लाइट
शहर के अधिकतर वार्डों के अंदर एलईडी स्ट्रीट लाइट बंद पड़ी हैं। इसकी वजह नई एलईडी लाइट कुछ दिन बाद ही खराब होना माना जा रहा है। हालांकि कंपनी ने खराब लाइट को वारंटी के तहत बदलने की जिम्मेदारी भी है, मगर कंपनी खराब एलईडी तो जमा करा रही है, लेकिन नई नहीं भेज रही। जिससे भी व्यवस्था गड़बड़ाई हुई है।
नई खरीद पर लगा रखी है विभाग ने रोक
शहरी निकाय एवं विकास विभाग ने शहरी दायरे में एलईडी व हाई मास्क लाइट की खरीद पर रोक लगा रखी है। नगर परिषद, पालिका और नगर निगम के अधिकारी कोई भी स्ट्रीट लाइट नहीं खरीद कर सकते हैं। नई खरीद शहरी निकाय एवं विकास विभाग की हाई परचेज कमेटी के माध्यम से ही होगी। जिसके बाद इन लाइट को डिमांड के अनुसार नगर परिषद के पास भेजा जाएगा। (संवाद)
नियमित रखरखाव करेगी कंपनी
शहर में स्ट्रीट लाइट के रखरखाव के कार्य का हिसार की कंपनी को दिया है। पुराने ठेकेदार को सभी स्ट्रीट प्वाइंट चालू करने की हिदायत दी है। इसके बाद नया ठेकेदार शहरी स्ट्रीट लाइट का नियमित रखरखाव करेगा। इसके लिए उसे हर माह पांच लाख पांच हजार रुपये का भुगतान किया जाएगा।
-सुनील कुमार, म्यूनिसिपल इंजीनियर, नगर परिषद भिवानी।
पार्षद कर रहे थे मांग
पार्षदों की तरफ से भी वार्डों में स्ट्रीट लाइट दुरुस्त करवाने की मांग आ रही थी। नए ठेकेदार को सभी वार्डों में स्ट्रीट लाइट की जांच कराने और खराब को बदलने के निर्देश दिए गए हैं।
- रणसिंह यादव, नप चेयरमैन, भिवानी।