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Bhiwani News: बेस्ट ऑफ वेस्ट प्रतियोगिता में अनु, सपना ने पहला स्थान प्राप्त किया
Sat, 06 Jan 2024 11:39 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
Updated Sat, 06 Jan 2024 11:39 PM IST
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भिवानी के बहल के बीआरसीएम में आयोजित कार्यक्रम में विजेता प्रतिभागी प्रबंधन पदाधिकारी।
बहल। बीआरसीएम ज्ञानकुंज स्कूल में चल रहे राष्ट्रीय सेवा योजना सात दिवसीय शिविर के पांचवें दिन बेस्ट ऑफ वेस्ट प्रतियोगिता हुई। प्रतियोगिता में विद्यार्थियों ने अनुपयोगी वस्तुओं से उपयोगी चीजें बनाईं। प्रतियोगिता में अनु, सपना ने पहला, राखी, कंचन ने दूसरा व रीना, मुस्कान ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।
शनिवार को आयोजित शिविर में सेवानिवृत प्राचार्य आर्य समाजी बिमला श्योराण मुख्यातिथि व जीडीसी महाविद्यालय बहल के प्राध्यापक डॉ. अशोक पिलानिया विशिष्ट अतिथि रहे। स्वयंसेविका प्रिया ने देश भक्ति गीत सुनाकर सबका मन मोह लिया। खुशी की स्वरचित कविता ने पर्यावरण व जल संरक्षण का संदेश दिया।
प्राचार्य बिमला श्योराण ने कहा कि एनएसएस शिविरों से विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ समाज के बारे में जानने व उनकी समाज के प्रति क्या जिम्मेदारी है, इसकी जानकारी प्राप्त होती है। उन्होंने विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण और जल संरक्षण की शपथ भी दिलाई। विशिष्ट अतिथि डॉ. अशोक पिलानिया ने कहा कि वर्तमान समय में जिस प्रकार ऐतिहासिक संसाधनों का दोहन हो रहा है, उनके संरक्षण हेतु प्रत्येक नागरिक का यह दायित्व है कि वह जागरूक हो। प्रधानाचार्य राजेश कुमार झाझरिया ने कहा कि एनएसएस विद्यार्थियों में शिक्षा के साथ नैतिक शिक्षा, कौशल शिक्षा व स्वावलंबन की भावना को विकसित करने का श्रेष्ठ मंच प्रदान करता है। निदेशक डॉ. एसके सिन्हा ने कहा जो विद्यार्थी अपने माता, पिता व अपने गुरुजनों की आज्ञा का पालन करते हैं।
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शनिवार को आयोजित शिविर में सेवानिवृत प्राचार्य आर्य समाजी बिमला श्योराण मुख्यातिथि व जीडीसी महाविद्यालय बहल के प्राध्यापक डॉ. अशोक पिलानिया विशिष्ट अतिथि रहे। स्वयंसेविका प्रिया ने देश भक्ति गीत सुनाकर सबका मन मोह लिया। खुशी की स्वरचित कविता ने पर्यावरण व जल संरक्षण का संदेश दिया।
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प्राचार्य बिमला श्योराण ने कहा कि एनएसएस शिविरों से विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ समाज के बारे में जानने व उनकी समाज के प्रति क्या जिम्मेदारी है, इसकी जानकारी प्राप्त होती है। उन्होंने विद्यार्थियों को पर्यावरण संरक्षण और जल संरक्षण की शपथ भी दिलाई। विशिष्ट अतिथि डॉ. अशोक पिलानिया ने कहा कि वर्तमान समय में जिस प्रकार ऐतिहासिक संसाधनों का दोहन हो रहा है, उनके संरक्षण हेतु प्रत्येक नागरिक का यह दायित्व है कि वह जागरूक हो। प्रधानाचार्य राजेश कुमार झाझरिया ने कहा कि एनएसएस विद्यार्थियों में शिक्षा के साथ नैतिक शिक्षा, कौशल शिक्षा व स्वावलंबन की भावना को विकसित करने का श्रेष्ठ मंच प्रदान करता है। निदेशक डॉ. एसके सिन्हा ने कहा जो विद्यार्थी अपने माता, पिता व अपने गुरुजनों की आज्ञा का पालन करते हैं।
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