फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Bhiwani News ›   बामला सरकारी स्कूल में पढ्ने वाले 900 बच्चों को भी अब नसीब होगी छत

बामला सरकारी स्कूल में पढ्ने वाले 900 बच्चों को भी अब नसीब होगी छत

Thu, 06 Dec 2018 01:03 AM IST
Updated Thu, 06 Dec 2018 01:03 AM IST
विज्ञापन
बामला सरकारी स्कूल में पढ्ने वाले 900 बच्चों को भी अब नसीब होगी छत
अमर उजाला ब्यूरो
विज्ञापन

भिवानी। गांव बामला के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के जर्जर भवन की हालत अब सुधरेगी। यहां पढने वाले करीब 900 विद्यार्थियों को ना केवल छत मिलेगी बल्कि बेहतर भवन मिलेगा। स्कूल भवन के लिए शिक्षा विभाग निदेशालय ने साढ़े तीन करोड़ की ग्रांट दी है। नए भवन का निर्माण लोक निर्माण विभाग की ओर से किया जाएगा।
भिवानी-रोहतक मुख्य मार्ग पर गांव बामला के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय का भवन सन 1910 में बनाया गया था जिसकी हालत अब दयनीय बनी हुई है। वर्ष 2016 में इसे कंडम घोषित किया गया। लोक निर्माण विभाग ने भी अपनी रिपोर्ट में इस भवन को बच्चों की पढ़ाई के लिए असुरक्षित घोषित किया था। इसके बाद स्कूल की जर्जर भवन को गिरा दिया गया। पिछले दो साल से यहां ओपन में कक्षाएं लगाई जा रही हैं। पेड़ों की छाया में कक्षाएं लगाई जा रही हैं और मौसम खराब होने पर छुट्टी करनी पड़ती है। स्वास्थ्य शिक्षा सहयोग संगठन ने 24 अगस्त 2018 को मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री को पत्र लिखकर सरकारी स्कूल के अंदर वढ़ने वाले बच्चों के लिए ढांचागत सुविधाएं मुहैया कराए जाने की मांग उठाई थी। संगठन के प्रदेश अध्यक्ष बृजपाल परमार ने बताया कि पत्र में स्पष्ट किया था कि अगर सरकार स्कूल में ढांचागत सुविधाएं नहीं देती है तो वे कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे। हरियाणा स्कूली शिक्षा विभाग की ओर से तीन अक्तूबर को भेजे पत्र में इस बारे में जल्द ही कदम उठाने की बात कही। अब नए बहुमंजिला भवन के निर्माण के लिए तीन करोड़ 51 लाख रुपये का बजट जारी कर दिया है। हरियाणा स्कूली शिक्षा निदेशालय की ओर से स्कूल भवन निर्माण के लिए बजट सीधा लोक निर्माण विभाग की तकनीकी विंग को भेजा गया है।
विज्ञापन

वर्ष 2016 में कंडम घोषित हो चुका था जर्जर भवन : डॉ. मुकेश वशिष्ठ
गांव बामला के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय के प्राचार्य डॉ. मुकेश वशिष्ठ ने बताया कि पिछले काफी अर्से से स्कूल भवन को कंडम घोषित किया हुआ था। कंडम स्कूल भवन को गिरा दिया गया और एक बार निर्माण की कवायद भी शुरू हुई। मगर किसी तकनीकी दिक्कत के चलते इस स्कूल भवन का निर्माण नहीं हो पाया था। अब एक बार फिर निदेशालय द्वारा बजट जारी किए जाने के बाद स्कूल में पढने वाले बच्चों के लिए मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना आसान हो जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिला शिक्षा अधिकारी रामअवतार शर्मा ने बताया कि गांव बामला स्कूल भवन का एस्टीमेट तैयार कराकर शिक्षा निदेशालय को भिजवाया गया था। इस पर बजट मंजूर होने से इस स्कूल में पढ़ाई करने वाले बच्चों के लिए वे सभी मूलभूत एवं ढांचागत सुविधाएं उपलब्ध कराना संभव हो पाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed