इंजेक्शन लगाने के बाद महिला की मौत, हंगामा
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बीसी बाजार की महिला की कैंट के सिविल अस्पताल में इलाज के दौरान इंजेक्शन लगाने के कुछ देर बाद संदिग्ध हालात में मौत हो गई। मौत के बाद परिजन भड़क गए और उन्होंने चिकित्सक स्टाफ पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए सिविल अस्पताल में खूब शोर-शराबा किया। उन्होंने स्टाफ को चिल्ला-चिल्लाकर खूब खरी-खोटी सुनाई। हंगामे के कारण सिविल अस्पताल प्रशासन ने कैंट थाना पुलिस को सूचना दे दी। थोड़ी ही देर बाद ही पुलिस अस्पताल परिसर में पहुंच गई। पुलिस ने हंगामा कर रहे परिजनों को बमुश्किल संभाला और उन्हें कार्रवाई करने का आश्वासन देकर शांत कराया। परिजनों ने पुलिस को सिविल अस्पताल के स्टाफ के खिलाफ इलाज में लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए शिकायत दे दी है।
चिकित्सक स्टाफ को ठहराया मौत का जिम्मेदार महिला के पति किशोर, पिता जगदीश इत्यादि परिजनों ने बताया कि सीमा उर्फ आशा पिछले काफी समय से बीमार चल रही थी। उसका इलाज दिल्ली के एम्स में चल रहा था। वहां से एक हफ्ता पहले छुट्टी के बाद वे अंबाला लौट आए थे। मगर अब अचानक सीमा को उल्टियां हो गईं। सीमा की हालत देखते हुए उन्होंने तुरंत कैंट के सिविल अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में सीमा को भर्ती करा दिया। पहले तो काफी देर तक चिकित्सक स्टाफ ने सीमा की ओर ध्यान ही नहीं दिया। जिससे सीमा की हालत बिगड़ती गई। परिजनों ने आरोप लगाया कि बार-बार आग्रह करने पर चिकित्सक ने सीमा को एक इंजेक्शन दे दिया। थोड़ी देर बाद ही सीमा की हालत बिगड़ गई। परिजनों ने यह देखते हुए तुरंत चिकित्सक को बुलाया, चिकित्सक ने सीमा को फिर उपचार देने की कोशिश की, लेकिन इस दौरान सीमा ने दम तोड़ दिया। इससे गुस्साए परिजनों ने रोते-चिल्लाते हुए सिविल अस्पताल में हंगामा कर दिया। करीबन तीन घंटे तक परिजनों ने सीमा का शव सिविल अस्पताल में ही रखकर खूब नारेबाजी की। स्टाफ ने सीमा के शव को पोस्टमार्टम रूम में ले जाने का प्रयास किया, लेकिन परिजनों की धमकी के बाद स्टाफ पीछे हट गया। परिजनों ने सीमा के शव को इमरजेंसी वार्ड से हटाने नहीं दिया। उसके बाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला और शव को पोस्टमार्टम रूम में रखवाया।
चिकित्सकों ने नकारे आरोप कैंट के सिविल अस्पताल के चिकित्सक स्टाफ का कहना है कि महिला की हालत पहले ही नाजुक बनी हुई थी। उन्होंने केवल उल्टी रोकने के लिए इंजेक्शन लगाया था, मगर महिला की तबीयत सामान्य नहीं थी। इसलिए उपचार के दौरान महिला ने दम तोड़ दिया। चिकित्सकों का कहना है कि महिला को कोई गलत इंजेक्शन नहीं दिया गया था। अस्पताल में उसे सही उपचार दिया गया था।
निष्पक्ष जांच होगी : सीएमओ उधर, पुलिस की निगरानी में महिला के शव का पोस्टमार्टम डॉक्टरों की विशेष टीम ने किया। सीएमओ डॉक्टर विनोद गुप्ता के अनुसार मामले की निष्पक्षता से जांच होगी। उधर, कैंट थाना प्रभारी जसपाल सिंह व रेजीमेंट पुलिस चौकी प्रभारी कुलदीप सिंह ने बताया कि परिजनों की ओर से चिकित्सक स्टाफ के खिलाफ शिकायत आ गई है, लेकिन अभी सीएमओ के निर्देशों पर गठित जांच कमेटी की इस मामले में रिपोर्ट आनी है। उस रिपोर्ट के बाद ही आगामी कार्रवाई की जाएगी।