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स्टाफ गंभीरता से निभाएं ड्यूटी : पार्थ गुप्ता
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अंबाला। विधानसभा आम निर्वाचन 2024 को लेकर आगामी आठ अक्टूबर को मतगणना होगी। इसमें डयूटी देने वाले काउंटिंग सुपरवाइजर, काउंटिंग माइक्रो ऑब्जर्वर और काउंटिंग सहायकों को प्रशिक्षण देने का काम किया है।
जिला निर्वाचन अधिकारी और डीसी पार्थ गुप्ता ने कहा कि इन चुनाव में सभी अधिकारी व कर्मचारी निष्पक्षता के साथ मतगणना का कार्य पूरा करना सुनिश्चित करेंगे। इस कार्य में जरा सी भी लापरवाही सहन नहीं की जाएगी।
अहम पहलू है कि जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनर श्रीराम गुप्ता ने ईवीएम से मतगणना करने के तरीके बताए, साथ ही मतगणना के दिन सभी जरूरी कागजात तैयार करने की जानकारी भी दी । जिला निर्वाचन अधिकारी मंगलवार को पीकेआर जैन पब्लिक स्कूल के सभागार में मतगणना के प्रशिक्षण शिविर में बोल रहे थे।
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उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में निष्पक्ष व शांतिपूर्ण माहौल में चुनावी प्रक्रिया को संपन्न कराने में काउंटिंग स्टाफ की खासी अहमियत होती है। इस संपूर्ण चुनावी प्रक्रिया को निष्पक्षता के साथ शिखर तक ले जाने में काउंटिंग स्टाफ अहम कड़ी है। ऐसे में 8 अक्टूबर के इस संवेनदनशील कार्य में अपनी ड्यूटी को पूरी गंभीरता के साथ निभाएं।
उन्होंने कहा कि आठ अक्टूबर को सुबह पांच बजे जनरल ऑब्जर्वर के सामने चारों विधानसभा क्षेत्र के मतगणना कर्मचारियों को रेंडेमाइजेशन प्रक्रिया द्वारा टेबल आवंटित की जाएगी। जिस कर्मचारी को जो टेबल दी जाए, वह वहीं पर बैठेगा। टेबल पर उन बूथों की लिस्ट लगी होगी, जिनकी गिनती वहां पर करवाई जानी है।
बूथ के अनुसार ही टेबल पर रिजल्ट निकालने के लिए स्ट्रांग रूम से ईवीएम की कंट्रोल यूनिट भिजवाई जाएगी। काउंटिंग स्टाफ मशीन को खोलने से पहले यह सुनिश्चित कर ले कि यह मशीन उन्हीं की टेबल की है। काउंटिंग के बाद मशीन को वापस सील लगाकर स्ट्रांग रूम में रखवा दिया जाएगा। इस कार्य के लिए अलग से स्टाफ लगाया गया है। डीसी ने कहा कि मशीन में जितने वोट डिस्पले हुए हैं, उनका फार्म 17 सी में दी गई वोट संख्या से मिलान अवश्य कर लें। कंट्रोल यूनिट मशीन के डिस्पले को काउंटिंग एजेंटों के सामने कर अच्छी तरह से दिखाया जाए। इस कार्य में पारदर्शिता और निष्पक्षता का पूरा ध्यान रखें। इन काउंटिंग सेंटर के अंदर कोई कर्मचारी मोबाइल फोन, स्मार्ट वाच, कैलकुलेटर आदि इलेक्ट्रॉनिक सामान लेकर नहीं जाएगा। इस दौरान उन्होंने मतगणना से संबंधित प्रश्नोत्तर के माध्यम से मतगणना कर्मियों की कार्य कुशलता की जांच की।
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जिला निर्वाचन अधिकारी और डीसी पार्थ गुप्ता ने कहा कि इन चुनाव में सभी अधिकारी व कर्मचारी निष्पक्षता के साथ मतगणना का कार्य पूरा करना सुनिश्चित करेंगे। इस कार्य में जरा सी भी लापरवाही सहन नहीं की जाएगी।
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अहम पहलू है कि जिला स्तरीय मास्टर ट्रेनर श्रीराम गुप्ता ने ईवीएम से मतगणना करने के तरीके बताए, साथ ही मतगणना के दिन सभी जरूरी कागजात तैयार करने की जानकारी भी दी । जिला निर्वाचन अधिकारी मंगलवार को पीकेआर जैन पब्लिक स्कूल के सभागार में मतगणना के प्रशिक्षण शिविर में बोल रहे थे।
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उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में निष्पक्ष व शांतिपूर्ण माहौल में चुनावी प्रक्रिया को संपन्न कराने में काउंटिंग स्टाफ की खासी अहमियत होती है। इस संपूर्ण चुनावी प्रक्रिया को निष्पक्षता के साथ शिखर तक ले जाने में काउंटिंग स्टाफ अहम कड़ी है। ऐसे में 8 अक्टूबर के इस संवेनदनशील कार्य में अपनी ड्यूटी को पूरी गंभीरता के साथ निभाएं।
उन्होंने कहा कि आठ अक्टूबर को सुबह पांच बजे जनरल ऑब्जर्वर के सामने चारों विधानसभा क्षेत्र के मतगणना कर्मचारियों को रेंडेमाइजेशन प्रक्रिया द्वारा टेबल आवंटित की जाएगी। जिस कर्मचारी को जो टेबल दी जाए, वह वहीं पर बैठेगा। टेबल पर उन बूथों की लिस्ट लगी होगी, जिनकी गिनती वहां पर करवाई जानी है।
बूथ के अनुसार ही टेबल पर रिजल्ट निकालने के लिए स्ट्रांग रूम से ईवीएम की कंट्रोल यूनिट भिजवाई जाएगी। काउंटिंग स्टाफ मशीन को खोलने से पहले यह सुनिश्चित कर ले कि यह मशीन उन्हीं की टेबल की है। काउंटिंग के बाद मशीन को वापस सील लगाकर स्ट्रांग रूम में रखवा दिया जाएगा। इस कार्य के लिए अलग से स्टाफ लगाया गया है। डीसी ने कहा कि मशीन में जितने वोट डिस्पले हुए हैं, उनका फार्म 17 सी में दी गई वोट संख्या से मिलान अवश्य कर लें। कंट्रोल यूनिट मशीन के डिस्पले को काउंटिंग एजेंटों के सामने कर अच्छी तरह से दिखाया जाए। इस कार्य में पारदर्शिता और निष्पक्षता का पूरा ध्यान रखें। इन काउंटिंग सेंटर के अंदर कोई कर्मचारी मोबाइल फोन, स्मार्ट वाच, कैलकुलेटर आदि इलेक्ट्रॉनिक सामान लेकर नहीं जाएगा। इस दौरान उन्होंने मतगणना से संबंधित प्रश्नोत्तर के माध्यम से मतगणना कर्मियों की कार्य कुशलता की जांच की।