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धूरी में चल रहे भ्रूण लिंग जांच करने वाले रैकेट का भंडाफोड़, रंगे हाथों दो आरोपी पकड़े
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- फोटो : Ambala
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अंबाला। पंजाब के धूरी में चल रहे भ्रूण लिंग जांच के रैकेट का भंडाफोड़ हुआ है। अंबाला-कुरुक्षेत्र की जांच टीम ने रैकेट के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों में एक महिला भी है। रैकेट में पंजाब पुलिस की एक महिला कांस्टेबल व उसके पति के भी शामिल होने की बात कही जा रही है। इस सिलसिले में पुलिस पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ कर रही है। आरोपियों के कब्जे से जांच टीम ने दो हजार रुपये की नकदी जब्त की है। लिंग जांच के लिए आरोपियों ने अग्रिम तौर पर 15 हजार रुपये लिए थे। सिटी के सदर थाने में देर रात 11 बजे तक आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज करने की कार्रवाई चल रही थी।
जंडली की सुनीता थी एजेंट की भूमिका
असल में स्वास्थ्य विभाग को सूचना मिली थी कि जंडली की न्यू लक्ष्मी नगर की रहने वाली सुनीता रानी भ्रुण लिंग जांच का कारोबार करती है। सुनीता एजेंट की भूमिका निभाती थी। सुनीता के साथ रैकेट में पंजाब के जुल्कां का जसदेव सिंह भी शामिल था। जसदेव भ्रूण लिंग जांच के लिए वाहन की सुविधा उपलब्ध करवाता था। पूरे रैकेट का भंडाफोड़ करने के लिए बुधवार को सीएमओ डॉक्टर कुलदीप सिंह ने एक जांच टीम गठित कर आरोपियों को रंगे हाथों काबू करने के आदेश दिए। जांच टीम में कुरूक्षेत्र स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी शामिल थे। जबकि अंबाला से पीएनडीटी की डिप्टी सिविल सर्जन डॉक्टर बलविंद्र कौर को जांच टीम में अहम भूमिका दी गई थी। आरोपियों को रंगे हाथों काबू करने के लिए एक गर्भवती महिला को शामिल किया था। इसी महिला ने लिंग जांच के लिए सुनीता से संपर्क किया था। तब सुनीता ने भ्रूण लिंग जांच की बात कही थी। साथ ही यह आश्वासन भी दिया था कि अगर गर्भ में लड़की हुई तो वही उसका गर्भपात भी कर देगी।
धूरी में महिला के भ्रुण की जांच की गई
तय समय पर बुधवार को सुनीता लिंग जांच के लिए गर्भवती महिला को अपने साथ ले गई थी। हालांकि जांच टीम भी इनके पीछे थी। पता चला है कि आरोपियों ने पंजाब के धूरी में एक गाड़ी में महिला के गर्भ में पल रहे शिशु की जांच की थी। इसके बाद उसे दूसरी गाड़ी में बिठा दिया गया। हालांकि किस डॉक्टर ने महिला का अल्ट्रासाउंड किया था। यह पता नहीं चल पाया है। वापसी के दौरान ही जांच टीम ने सुनीता व जसदेव को काबू कर लिया। आरोपियों भ्रुण लिंग जांच के लिए पहले ही पंद्रह हजार रुपये एडवांस लिए थे। हालांकि तलाशी के दौरान आरोपियों के कब्जे से दो हजार रूपये का नोट मिला है। जांच के दौरान टीम को रैकेट में पंजाब पुलिस की कांस्टेबल प्रदीप कौर व उसके पति तरनजीत सिंह के भी शामिल होने के पुख्ता सबूत मिले हैं। रैकेट में शामिल दूसरे आरोपियों की पहचान के लिए पुलिस पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ कर रही है।
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भ्रूण लिंग जांच करने के गैरकानूनी कारोबार में संलिप्त दो आरोपियों को अभी काबू किया गया है। इनके साथ पंजाब पुलिस की महिला कांस्टेबल व उसके पति के भी शामिल होने की बात कही जा रही है। मौके पर पकड़े गए आरोपियों को पुलिस के हवाले कर दिया गया है। अब पुलिस मामले की जांच करेगी।
-डॉक्टर बलविंद्र कौर, डिप्टी सिविल सर्जन
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जंडली की सुनीता थी एजेंट की भूमिका
असल में स्वास्थ्य विभाग को सूचना मिली थी कि जंडली की न्यू लक्ष्मी नगर की रहने वाली सुनीता रानी भ्रुण लिंग जांच का कारोबार करती है। सुनीता एजेंट की भूमिका निभाती थी। सुनीता के साथ रैकेट में पंजाब के जुल्कां का जसदेव सिंह भी शामिल था। जसदेव भ्रूण लिंग जांच के लिए वाहन की सुविधा उपलब्ध करवाता था। पूरे रैकेट का भंडाफोड़ करने के लिए बुधवार को सीएमओ डॉक्टर कुलदीप सिंह ने एक जांच टीम गठित कर आरोपियों को रंगे हाथों काबू करने के आदेश दिए। जांच टीम में कुरूक्षेत्र स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी शामिल थे। जबकि अंबाला से पीएनडीटी की डिप्टी सिविल सर्जन डॉक्टर बलविंद्र कौर को जांच टीम में अहम भूमिका दी गई थी। आरोपियों को रंगे हाथों काबू करने के लिए एक गर्भवती महिला को शामिल किया था। इसी महिला ने लिंग जांच के लिए सुनीता से संपर्क किया था। तब सुनीता ने भ्रूण लिंग जांच की बात कही थी। साथ ही यह आश्वासन भी दिया था कि अगर गर्भ में लड़की हुई तो वही उसका गर्भपात भी कर देगी।
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धूरी में महिला के भ्रुण की जांच की गई
तय समय पर बुधवार को सुनीता लिंग जांच के लिए गर्भवती महिला को अपने साथ ले गई थी। हालांकि जांच टीम भी इनके पीछे थी। पता चला है कि आरोपियों ने पंजाब के धूरी में एक गाड़ी में महिला के गर्भ में पल रहे शिशु की जांच की थी। इसके बाद उसे दूसरी गाड़ी में बिठा दिया गया। हालांकि किस डॉक्टर ने महिला का अल्ट्रासाउंड किया था। यह पता नहीं चल पाया है। वापसी के दौरान ही जांच टीम ने सुनीता व जसदेव को काबू कर लिया। आरोपियों भ्रुण लिंग जांच के लिए पहले ही पंद्रह हजार रुपये एडवांस लिए थे। हालांकि तलाशी के दौरान आरोपियों के कब्जे से दो हजार रूपये का नोट मिला है। जांच के दौरान टीम को रैकेट में पंजाब पुलिस की कांस्टेबल प्रदीप कौर व उसके पति तरनजीत सिंह के भी शामिल होने के पुख्ता सबूत मिले हैं। रैकेट में शामिल दूसरे आरोपियों की पहचान के लिए पुलिस पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ कर रही है।
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भ्रूण लिंग जांच करने के गैरकानूनी कारोबार में संलिप्त दो आरोपियों को अभी काबू किया गया है। इनके साथ पंजाब पुलिस की महिला कांस्टेबल व उसके पति के भी शामिल होने की बात कही जा रही है। मौके पर पकड़े गए आरोपियों को पुलिस के हवाले कर दिया गया है। अब पुलिस मामले की जांच करेगी।
-डॉक्टर बलविंद्र कौर, डिप्टी सिविल सर्जन