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कक्षा 9 से 12 तक के बच्चे 2 अक्तूबर को तीन घंटे करेंगे श्रमदान
Updated Tue, 25 Sep 2018 01:24 AM IST
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कक्षा नौवीं से 12वीं तक के बच्चे दो अक्तूबर को तीन घंटे करेंगे श्रमदान
अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला कैंट। प्रदेशभर के सरकारी और गैर-सरकारी स्कूलों के बच्चे अब श्रमदान का महत्व समझेंगे। इसके लिए शिक्षा विभाग ने पत्र जारी कर दो अक्तूबर को तीन घंटे श्रमदान का आह्वान किया है। यह कक्षा नौवीं से बारहवीं तक के बच्चों के लिए है, जो गांधी जयंती पर तीन घंटे श्रमदान करेंगे। जिला स्तर पर इसकी तैयारियां की जा रही हैं और इसे बड़े पैमाने पर किया जाएगा।
यह है आह्वान
माध्यमिक शिक्षा निदेशालय की ओर से प्रदेश के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों, खंड शिक्षा अधिकारियों और स्कूल प्रभारियों को पत्र जारी किया गया है। इसमें कहा गया है कि दो अक्तूबर को विशेष श्रमदान का आयोजन किया जाएगा। इसके तहत कक्षा नौ से बारह तक के विद्यार्थी स्कूल परिसर में सफाई करेंगे। यह आह्वान सरकारी सहित गैर सरकारी स्कूलों के लिए किया गया है। यह श्रमदान सुबह 8 से 11 बजे तक किया जाना है। इसके अलावा बच्चों को प्लास्टिक कचरे से होने वाले नुकसान के बारे में भी चेताया जाएगा। इसके तहत स्कूल परिसर के साथ-साथ सार्वजनिक स्थलों पर प्लास्टिक कचरे की सफाई भी की जाएगी।
यह है आज का ट्रेंड
कैंट के रहने वाले पुरुषोत्तम लाल शर्मा, निर्मला शुक्ला, भगत सिंह, लाभ सिंह का कहना है कि आज का चलन यह है कि यदि बच्चे से स्कूल में श्रम कराया जाए तो उस पर विवाद खड़ा हो जाता है। ऐसे कई मामले सामने भी आए हैं, खासकर सोशल मीडिया पर तो इसके विरोध में एकजुट हो जाते हैं। लेकिन जब वे स्कूलों में पढ़ते थे तो सप्ताह में कम से कम एक बार स्कूल में सफाई की जाती है और विद्यार्थी उत्साह से भाग लेते थे। अब फिर से शिक्षा विभाग दो अक्तूबर को श्रमदान के प्रति बच्चों को इसका महत्व समझाने जा रहा है, तो यह एक अच्छा कदम है। कम से कम बच्चे अपना घर साफ रखने के प्रति प्रेरित तो होंगे।
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कोट
दो अक्तूबर को तीन घंटे के लिए नौवीं से बारहवीं तक के विद्यार्थियों को श्रमदान का आह्वान किया गया है। सरकारी और गैर-सरकारी स्कूलों में यह अभियान चलेगा। इसका मकसद बच्चों में श्रमदान के प्रति आदर भाव जगाना और इसमें शामिल होना है।
-सुधीर कालड़ा, बीईओ, अंबाला सिटी।
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अमर उजाला ब्यूरो
अंबाला कैंट। प्रदेशभर के सरकारी और गैर-सरकारी स्कूलों के बच्चे अब श्रमदान का महत्व समझेंगे। इसके लिए शिक्षा विभाग ने पत्र जारी कर दो अक्तूबर को तीन घंटे श्रमदान का आह्वान किया है। यह कक्षा नौवीं से बारहवीं तक के बच्चों के लिए है, जो गांधी जयंती पर तीन घंटे श्रमदान करेंगे। जिला स्तर पर इसकी तैयारियां की जा रही हैं और इसे बड़े पैमाने पर किया जाएगा।
यह है आह्वान
माध्यमिक शिक्षा निदेशालय की ओर से प्रदेश के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों, खंड शिक्षा अधिकारियों और स्कूल प्रभारियों को पत्र जारी किया गया है। इसमें कहा गया है कि दो अक्तूबर को विशेष श्रमदान का आयोजन किया जाएगा। इसके तहत कक्षा नौ से बारह तक के विद्यार्थी स्कूल परिसर में सफाई करेंगे। यह आह्वान सरकारी सहित गैर सरकारी स्कूलों के लिए किया गया है। यह श्रमदान सुबह 8 से 11 बजे तक किया जाना है। इसके अलावा बच्चों को प्लास्टिक कचरे से होने वाले नुकसान के बारे में भी चेताया जाएगा। इसके तहत स्कूल परिसर के साथ-साथ सार्वजनिक स्थलों पर प्लास्टिक कचरे की सफाई भी की जाएगी।
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यह है आज का ट्रेंड
कैंट के रहने वाले पुरुषोत्तम लाल शर्मा, निर्मला शुक्ला, भगत सिंह, लाभ सिंह का कहना है कि आज का चलन यह है कि यदि बच्चे से स्कूल में श्रम कराया जाए तो उस पर विवाद खड़ा हो जाता है। ऐसे कई मामले सामने भी आए हैं, खासकर सोशल मीडिया पर तो इसके विरोध में एकजुट हो जाते हैं। लेकिन जब वे स्कूलों में पढ़ते थे तो सप्ताह में कम से कम एक बार स्कूल में सफाई की जाती है और विद्यार्थी उत्साह से भाग लेते थे। अब फिर से शिक्षा विभाग दो अक्तूबर को श्रमदान के प्रति बच्चों को इसका महत्व समझाने जा रहा है, तो यह एक अच्छा कदम है। कम से कम बच्चे अपना घर साफ रखने के प्रति प्रेरित तो होंगे।
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कोट
दो अक्तूबर को तीन घंटे के लिए नौवीं से बारहवीं तक के विद्यार्थियों को श्रमदान का आह्वान किया गया है। सरकारी और गैर-सरकारी स्कूलों में यह अभियान चलेगा। इसका मकसद बच्चों में श्रमदान के प्रति आदर भाव जगाना और इसमें शामिल होना है।
-सुधीर कालड़ा, बीईओ, अंबाला सिटी।