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रामगढ़ताल की मछलियों का टेंडर: जीडीए ने 10 साल के लिए लगाई बोली, जारी हुआ ठेका
Mon, 28 Aug 2023 05:55 PM IST
vivek shukla
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
संवाद न्यूज एजेंसी, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Mon, 28 Aug 2023 05:55 PM IST
सार
जीडीए सचिव उदय प्रताप सिंह ने कहा कि मछलियों के शिकार और पालन के लिए सबसे अधिक बोली लगाने वाली फर्म को ठेका दिया गया है। जीडीए की ओर जारी निविदा की शर्तों का अनुपालन करना जरूरी होगा।
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रामगढ़ताल। (फाइल फोटो)
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
गोरखपुर जिले में रामगढ़ताल की मछलियां करोड़ों में बिकी हैं। जीडीए की ओर से 10 साल के लिए 20 करोड़ 30 लाख 59 हजार 776 रुपये में नीलामी हुई। ई-नीलामी के जरिए मछलीपालन और शिकार करने का ठेका अधिकतम बोली लगाने वाली फर्म को मिला है।
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जीडीए के लिए रामगढ़ताल की मछलियां कमाई का जरिया हैं। इसका ठेका बीते दो साल से नहीं हो पा रहा था। इसके लिए जीडीए ने ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किया। नैसर्गिक झील में मत्स्य पालन और आखेट शिकार के लिए 10 साल की समयसीमा तय की गई। इसकी नीलामी बीते 10 अगस्त को हुई, जिसमें 10 बोलियां लगीं।
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इसमें मत्स्यजीवी सहकारी समिति लिमिटेड तारामंडल रोड मनहट ने 20 करोड़ 30 लाख 59 हजार 776 रुपये की सबसे अधिक बोली लगाई। इस कारण फर्म को नीलामी में ठेका मिला। फर्म की ओर से 10 साल तक रामगढ़ताल में शिकार और मछली पालन किया जाएगा। जीडीए के संपत्ति विभाग की ओर से नीलामी की प्रक्रिया पूरी कराई गई।
जीडीए सचिव उदय प्रताप सिंह ने कहा कि मछलियों के शिकार और पालन के लिए सबसे अधिक बोली लगाने वाली फर्म को ठेका दिया गया है। जीडीए की ओर जारी निविदा की शर्तों का अनुपालन करना जरूरी होगा।
जीडीए सचिव उदय प्रताप सिंह ने कहा कि मछलियों के शिकार और पालन के लिए सबसे अधिक बोली लगाने वाली फर्म को ठेका दिया गया है। जीडीए की ओर जारी निविदा की शर्तों का अनुपालन करना जरूरी होगा।