कोरोना का कहर: गोरखपुर में नाइट कर्फ्यू लागू, डीएम ने जारी किया आदेश
- सीएम योगी के निर्देश पर डीएम ने जारी किया आदेश
- गोरखपुर में रिकॉर्ड तोड़ मिल रहे हैं कोरोना मरीज
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
कोरोना संक्रमण के लगातार बढ़ते मामलों को देखते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के सुझाव पर डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने 11 अप्रैल से लेकर 18 अप्रैल तक रात में कोरोना कर्फ्यू लागू कर दिया है। इस दौरान आवश्यक सेवाओं और कुछ विशेष श्रेणी के लोगों को छोड़कर रात नौ बजे से सुबह छह बजे तक रात्रि निशेधाज्ञा लागू रहेगी।
जिलाधिकारी के. विजयेन्द पाण्डियन ने बताया है कि गोरखपुर जिले में कोविड -19 महामारी के बढ़ते संकमण के को देखते हुए राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन अधिनियम एवं उत्तर प्रदेश आपदा प्रबंधन अधिनियम के तहत कोविड-19 वायरस जनित महामारी पर प्रभावी नियंत्रण के लिए यह स्थानीय प्रतिबन्ध लागू किया गया है। शादी विवाह एवं अन्य मांगलिक कार्यक्रम कोविड-19 प्रोटोकॉल के तहत कंटेनमेंट जोन छोड़कर किसी भी बंद या खुले स्थान पर 50 प्रतिशत क्षमता के साथ अधिकतम 100 व्यकितयों की मौजूदगी में ही हो सकती है।
इन श्रेणियों के व्यक्तियों को प्रतिबंध से रहेगी छूट, वैध आईडी दिखाना होगा जरूरी
- भारत सरकार के अधिकारी/कर्मचारी, राज्य सरकार के अधिकारी/कर्मचारी, इनके स्वायत्त/अधीनस्थ कार्यालय, प्राधिकरण, ऑटोनॉमस बॉडी के अधिकारी जैसे- आपातकालीन सेवाएं, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण सभी सम्बन्धी चिकित्सा प्रतिष्ठान, पुलिस, जेल, होमगार्ड, नागरिक सुरक्षा, अग्नि शमन, आपातकालीन सेवाए, जिला प्रशासन, वेतन और कोषागार कार्यालय, बिजली, पानी और स्वच्छता, सार्वजनिक परिवहन, वायु, रेलवे, बस आपदा प्रबंध और संबंधित सेवाएं, एनआईसी, एनसीसी, नगर पालिका सेवाएं और अन्य सभी आवश्यक सेवाएं वैध आईकार्ड के प्रस्तुत करने पर सार्वजनिक सेवाओं/विभागों से संबंधित निर्बाध रूप से सुनिश्चित किया जाएगा।
- सभी निजी चिकित्सा कर्मी जैसे कि डाक्टर, नर्सिग स्टाफ, पैरा मैडिकल आदि अन्य सेवाएं जैसे अस्पताल डाइग्नोस्टिक सेंटर, क्लीनिक, फार्मेसी, फार्मास्युटिकल कम्पनियों और अन्य चिकित्सा और स्वास्थ्य सेवाए वैध आईकार्ड प्रस्तुत करने पर।
- शादी/विवाह एवं अन्य मांगलिक कार्यक्रम का आयोजन कोविड-19 के लिए निर्धारित प्रोटोकॉल तथा अपेक्षित सावधानियां बरतने के साथ कन्टेनमेन्ट जोन के बाहर किसी भी बंद स्थान यथा हॉल/कमरे तथा खुले स्थान की निर्धारित क्षमता का 50 प्रतिशत किन्तु एक समय में अधिकतम 100 व्यक्तियों तक ही फेस मास्क, सोशल डिस्टेंसिंग, थर्मल स्कैनिंग, सैनिटाइजर तथा हैंडवाश की उपलब्धता की अनिर्वायता के साथ अनुमति होगी। कार्यक्रम आयोजनकर्ता से अनुरोध कर लिया जाय कि उक्त मांगलिक कार्यक्रम अधिक से अधिक 10 बजे तक समाप्त करा दिया जाय।
- गर्भवती महिलाओं और रोगियों को चिकित्सा/स्वास्थ्य सेवाएं प्राप्त करने के लिए।
- हवाई अड्डे, रेलवे स्टेशन, बस अडडे से आने जाने वाले व्यक्ति को वैध टिकट प्रस्तुत करने पर यात्रा की अनुमति है।
- आवश्यक वस्तुओं के परिवहन पर कोई प्रतिबन्ध नहीं होगा। इसके लिए किसी अनुमति अथवा ई-पास की आवश्यकता नहीं होगी।
- व्यावसायिक एवं निजी अवस्थापना सुविधा उपलब्ध कराने वाले व्यक्तियों, आवश्यक सेवाओं, वस्तुओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने की अनुमति निम्नानुसार होगी।
1. डेयरी और दूध, पशुचारा, फार्मास्यूटिकल्स, दवाएं और चिकित्सा उपकरण
2. एटीएम
3 प्रिंट और इलेक्ट्रॉनिक मीडिया वैध आईकार्ड होने पर।
4. दूरसंचार, इंटरनेट सेवाएं, प्रसारण और केबल सेवाएं, प्ज्म्ै सक्षम सेवाएं।
5. खाद्य, फार्मास्यूटिकल्स, चिकित्सा उपकरणों सहित सभी आवश्यक वस्तुओं का वितरणं ई-कॉमर्स के माध्यम से।
6. पैट्रोल पंप, एलपीजी, सीएनजी, पैट्रोलियम और गैस खुदरा और भंडारण आउटलेट।
7. बिजली उत्पादन एवं वितरण इकाईयाँ सम्बन्धी सेवाए।
8. निजी सुरक्षा सेवाएं।
9. आवश्यक वस्तुओं की विनिर्माण इकाइयों। ऐसी इकाइयाँ या सेवाएं, जिन्हें निरंतर प्रक्रिया की आवश्यकता होती है।
10-उपरोक्त गतिविधियों के लिए प्रयुक्त वाहन/टैक्सी/ऑटो चालकों को रात्रि निषेधाज्ञा के दौरान कोविड-19 प्रोटॉकाल का पालन करने पर ही परिवहन का संचालन करने की अनुमति दी जाएगी।
कुछ अन्य महत्वपूर्ण प्रावधान
- पुलिस विभाग द्वारा विभिन्न मार्गों/स्थानों पर बैरिकेंटिंग कर रात्रि निषेधाज्ञा का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा।
- पुलिस एवं प्रषासनिक अधिकारियों द्वारा अपने क्षेत्रान्तर्गत नियमित रूप से जांच कराकर 100 प्रतिशत मास्क का प्रयोग एवं सोशल डिस्टेंसिंग का अनुपालन कराएंगे।
- सभी केन्द्रीय, राज्य, पब्लिक सेक्टर, निजी सेक्टर एवं उससे सम्बद्ध संस्थाओं के प्रत्येक स्तर के कार्यालय में कोविड हेल्प डेस्क स्थापित किया जाएगा तथा कोविड हेल्प डेस्क पर निर्धारित पोस्टर लगाया जाएगा।
- समस्त दुकानों/प्रतिष्ठानों में सोशल डिस्टेन्सिग (6 फीट की दूरी) का कड़ाई से अनुपालन किया जाय। हाथ धोने/सैनेटाइजर के लिए व्यवस्था की जाएगी। - दुकानदार एवं प्रतिष्ठान के प्रबंधक द्वारा बुखार/सर्दी/खांसी के लक्षण वाले ग्राहकों/कार्मिकों को प्रवेश प्रतिबंधित करेंगे।
- बड़ी दुकानों एवं प्रतिष्ठान पर प्रवेष करने और बाहर निकलने के लिए थर्मल स्केनिंग अनिवार्य होगी।
- सभी कार्यालयों/बडे प्रतिष्ठानों/रेलवे स्टेषन/बस स्टेषन/एयरपोर्ट आदि में पीए सिस्टम से कोविड-19 से बचाव/नियंत्रण संबंधी प्रचार-प्रसार कराया जाय।
- उपरोक्त नियमों का उल्लंघन करने पर व्यक्ति/व्यक्तियों के विरूद्व आपदा प्रबन्धन अधिनियम-2005 की धारा-51 से 60 के अन्तर्गत एवं धारा-188 भादवि के अन्तर्गत दण्डात्मक कार्रवाई की जाएगी।