फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Most of junior engineers not relieved even after transfer in Gorakhpur

Exclusive: ट्रांसफर के बाद भी रिलीव नहीं हुए अधिकांश अवर अभियंता, सरकार के स्थानांतरण नीति का नहीं हो रहा पालन

Tue, 24 Aug 2021 09:30 AM IST
vivek shukla टीपी शाही, गोरखपुर।
टीपी शाही, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Tue, 24 Aug 2021 09:30 AM IST
सार

सिंचाई विभाग में सरकार के स्थानांतरण नीति का गंभीरता से नहीं हो रहा पालन, ट्रांसफर के दो दिन बाद रिलीव करने का है आदेश

विज्ञापन
Most of junior engineers not relieved even after transfer in Gorakhpur
ट्रांसफर(सांकेतिक) - फोटो : अमर उजाला।

विस्तार

प्रदेश सरकार की स्थानांतरण नीति सिंचाई विभाग के अधिकारियों के लिए बेमानी साबित हो रही है। एक महीने पहले गोरखपुर मंडल में कार्यरत सिंचाई विभाग के 12 अवर अभियंताओं का स्थानांतरण गैर जनपद हुआ। उनमें से अधिकतर अभियंताओं को अभी तक रिलीव नहीं किया गया है। जबकि शासन का स्पष्ट निर्देश है कि ट्रांसफर के दो दिन बाद उन्हें रिलीव किया जाए।

विज्ञापन


सिंचाई विभाग कुुुशीनगर, महराजगंज, गोरखपुर में कार्यरत 12 से अधिक अवर अभियंताओं का ट्रांसफर एक माह पहले गैर जनपद हुआ है। फिर भी अधिकांश अवर अभियंता 15 -16 साल से एक ही जगह जमे हैं। जानकारी के अनुसार कुशीनगर से सात अवर अभियंताओं का ट्रांसफर हुआ है। इसमें से दो को रिलीव किया गया। दो को अक्टूबर तक का समय दिया गया है। तीन अवर अभियंताओं को रोकने के लिए सिफारिश की गई है। इनमें से चर्चित अवर अभियंता वीपी सिंह भी हैं। राकेश कुमार और पारसनाथ भी करीब 16 साल से जमे हैं।
विज्ञापन


इसी प्रकार अवर अभियंता संजीव पटेल 16 साल और शंभू कुशवाहा 15 साल से महराजगंज में जमे हैं। राजेश पांडे लंबे समय से गोरखपुर मंडल में पदस्थ हैं। रामनरेश गौतम भी 15 साल से सिंचाई खंड गोरखपुर में जमे हुए हैं। वहीं अवधेश कुमार, राकेश रोशन, नवीन कुमार, एलवी राम, एमएल दास का ट्रांसफर किया गया है, पर इनको रिलीव नहीं किया गया है।

विज्ञापन
विज्ञापन

क्या है शासन का निर्देश

वहीं बृजेश कुमार द्विवेदी, सहायक अभियंता बाढ़ खंड 2 में कार्यरत हैं। इनको देवरिया का भी चार्ज दिया गया है, ये देवरिया के मूल निवासी हैं, जो नियम विरुद्ध है।

प्रमुख अभियंता परियोजना मुस्ताक अहमद द्वारा जो आदेश जारी किया है, उसमें स्पष्ट रूप से कहा गया है कि उक्त आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होंगे। एक सप्ताह के अंदर नई जगह कार्यभार ग्रहण करने के लिए कहा गया है। संबंधित अधिकारी को एक सप्ताह के अंदर कार्यमुक्त करने के लिए कहा गया है।

आदेश के अनुसार स्थानांतरित जूनियर इंजीनियर का जुलाई के पश्चात वेतन न आहरित किया जाए। अन्यथा संबंधित अधिशासी अभियंता जिम्मेदार होगा। स्थानांतरण के एक सप्ताह बाद कार्यभार नहीं ग्रहण करने वालों की सूचना मुख्यालय उपलब्ध कराएं। आदेश में यह भी कहा गया कि स्थानांतरित जूनियर इंजीनियर को निर्धारित समय में कार्यमुक्त न करना अनुशासनहीनता मानी जाएगी।


जिनके ट्रांसफर हुए हैं, उन्हें रोका नहीं जाएगा। कुशीनगर में बाढ़ के कारण उन्हें रोका गया था। सबको जल्द रिलीव कर दिया जाएगा। नियम के विरुद्ध कोई काम नहीं होगा। -आलोक जैन, मुख्य अभियंता, सिंचाई
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed