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UP Chunav 2022: सभी विधानसभा क्षेत्रों की सीमाओं पर भी निगरानी तेज, कंट्रोल रूम से रखी जा रही नजर
Tue, 08 Feb 2022 11:39 AM IST
vivek shukla
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 08 Feb 2022 11:39 AM IST
सार
निगरानी कर रही एफएसटी पर भी कंट्रोल रूम से रखी जा रही नजर, नौ टीमें लगाई गईं।
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सांकेतिक तस्वीर।
- फोटो : pixabay
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विस्तार
चुनाव के मद्देनजर जिले के साथ ही सभी नौ विधानसभा क्षेत्रों की सीमाओं पर भी निगरानी तेज कर दी गई है। संदिग्ध लोगों, वाहनों की नियमित चेकिंग की जा रही है।
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यहीं नहीं, सभी उड़न दस्तों की टीमों (एफएसटी) की भी कलेक्ट्रेट स्थित निर्वाचन कंट्रोल रूम से निगरानी की जा रही है। इसके लिए सभी टीमों के वाहनों में जीपीएस लगाया गया है। ये टीमें कब, कहां, कितने देर रह रही हैं, इन सब की जानकारी कंट्रोल रूम प्रभारी एडीएम प्रशासन के पास रह रही है।
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जिला निर्वाचन अधिकारी का कहना है कि चुनाव शांतिपूर्ण कराने के लिए हाईटेक सिस्टम का सहारा लिया जा रहा है। ताकि, चुनाव में पल-पल की जानकारी मिलती रहे। जीपीएस के जरिए अधिकारी अपनी सुविधा अनुसार यह पता कर लेंगे कि कौन सी टीम किस जगह पर भ्रमण पर है। उसकी रिपोर्टिंग किन क्षेत्रों की है और वाहन में लगे जीपीएस क्या स्टेटस बता रहे हैं।
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एफएसटी की तीन टीमें हर विधानसभा क्षेत्र में भ्रमण कर रही हैं। कुल 27 टीमें बनाई गई हैं। इन्हें आठ-आठ घंटे के अंतराल पर 24 घंटे क्षेत्र में भ्रमण करते रहना है। इनका उद्देश्य राजनीतिक पार्टियों, प्रत्याशियों की हर गतिविधि पर नजर रखना है।
उन्होंने बताया कि जीपीएस लगाए जाने का सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि अगर चुनाव कंट्रोल रूम में कहीं से किसी प्रकार की आचार संहिता के उल्लंघन की सूचना मिलती है तो जीपीएस के जरिए एफएसटी को ट्रैक कर लोकेशन पर भेज दिया जाएगा। इससे सरकारी मशीनरी को काफी राहत मिलेगी।