{"_id":"60daf1bf8ebc3ec3b054ff26","slug":"mafia-pradeep-singh-deoria-and-sudhir-sent-to-maharajganj-jail-due-to-fear-of-factionalism-in-gorakhpur-jail","type":"story","status":"publish","title_hn":"गोरखपुर जेल में गुटबाजी की आशंका: माफिया प्रदीप सिंह को देवरिया, सुधीर को भेजा गया महराजगंज जेल","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
गोरखपुर जेल में गुटबाजी की आशंका: माफिया प्रदीप सिंह को देवरिया, सुधीर को भेजा गया महराजगंज जेल
Tue, 29 Jun 2021 03:41 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Tue, 29 Jun 2021 03:41 PM IST
सार
जिले के टॉप टेन बदमाशों की सूची में शामिल हैं प्रदीप और सुधीर, संपत्ति हो चुकी है जब्त।
विज्ञापन
माफिया प्रदीप सिंह व निर्वतमान ब्लॉक प्रमुख सुधीर सिंह।
- फोटो : अमर उजाला।
विस्तार
गोरखपुर जिले के टॉप टेन बदमाश माफिया प्रदीप सिंह व निर्वतमान ब्लॉक प्रमुख सुधीर सिंह को सोमवार को गोरखपुर कारागार से दूसरे जिलों में अलग-अलग भेज दिया गया। इन दोनों में गुटबाजी की आशंका थी। प्रदीप को देवरिया जेल भेजा गया है। वहीं माफिया सुधीर को महराजगंज जेल में शिफ्ट किया गया है। दोनों की संपत्ति को भी प्रशासन पहले ही जब्त कर चुका है।
जानकारी के मुताबिक, चित्रकूट जेल में गैंगवार में हत्याएं और फिर जौनपुर जेल में कैदी की मौत पर हुए बवाल के बाद उत्तर प्रदेश की सभी जेलों में बंदियों को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। 2016 में हुए बवाल की वजह से गोरखपुर जेल को भी संवेदनशील माना जा रहा था। इस बीच जिले में पहले से आपस में गैंगवार कर चुके प्रदीप और सुधीर सिंह के एकसाथ जेल में पहुंच जाने की वजह से यह आशंका और बढ़ गई थी।
माफिया प्रदीप सिंह की वजह से ही सुधीर सिंह माफिया बना और उनके परिवारों के बीच जानी दुश्मनी भी थी। हालांकि, अब बताया जाता है कि कुछ शर्तों पर दोनों ने समझौता कर लिया है,बावजूद इसके भी जेल प्रशासन किसी तरह का जोखिम उठाने को तैयार नहीं था। यही वजह है कि दोनों को गोरखपुर जेल से दूसरी जेलों में भेजने के लिए जेल प्रशासन लगा हुआ था। जेलर प्रेम सागर शुक्ला ने बताया कि सोमवार को प्रदीप और सुधीर को अलग-अलग जेलों में शिफ्ट किया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
जानकारी के मुताबिक, चित्रकूट जेल में गैंगवार में हत्याएं और फिर जौनपुर जेल में कैदी की मौत पर हुए बवाल के बाद उत्तर प्रदेश की सभी जेलों में बंदियों को लेकर अतिरिक्त सतर्कता बरती जा रही है। 2016 में हुए बवाल की वजह से गोरखपुर जेल को भी संवेदनशील माना जा रहा था। इस बीच जिले में पहले से आपस में गैंगवार कर चुके प्रदीप और सुधीर सिंह के एकसाथ जेल में पहुंच जाने की वजह से यह आशंका और बढ़ गई थी।
विज्ञापन
माफिया प्रदीप सिंह की वजह से ही सुधीर सिंह माफिया बना और उनके परिवारों के बीच जानी दुश्मनी भी थी। हालांकि, अब बताया जाता है कि कुछ शर्तों पर दोनों ने समझौता कर लिया है,बावजूद इसके भी जेल प्रशासन किसी तरह का जोखिम उठाने को तैयार नहीं था। यही वजह है कि दोनों को गोरखपुर जेल से दूसरी जेलों में भेजने के लिए जेल प्रशासन लगा हुआ था। जेलर प्रेम सागर शुक्ला ने बताया कि सोमवार को प्रदीप और सुधीर को अलग-अलग जेलों में शिफ्ट किया गया है।
विज्ञापन