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Gorakhpur News: पेट में ट्यूमर समझी गई गांठ निकली कैसलमैन बीमारी
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गोरखपुर। पेट में दर्द और कब्ज की शिकायत से परेशान 21 वर्षीय युवक के पेट में मिली गांठ को डॉक्टरों ने पहले ट्यूमर समझा। ऑपरेशन के बाद गांठ की जांच हुई तो कैसलमैन नाम की दुर्लभ बीमारी का पता चला। एम्स गोरखपुर के जनरल सर्जरी विभाग के डॉक्टरों ने इस मामले पर अध्ययन किया है।
शोध पत्र 13 जनवरी 2026 को ‘क्यूरियस’ पत्रिका में प्रकाशित हुआ। जानकारी के अनुसार, युवक को करीब छह महीने से पेट के दाहिने निचले हिस्से में दर्द, कब्ज और थकान की शिकायत थी। जांच में पेट के निचले हिस्से में गांठ मिली। शुरुआती जांच में इसे आंत से जुड़ा ट्यूमर माना गया। इसके बाद डॉक्टरों ने ऑपरेशन कर गांठ निकाल दी। ऑपरेशन के बाद गांठ के ऊतकों की बारीकी से जांच की गई। इसमें कैसलमैन बीमारी के हाइलाइन वैस्कुलर प्रकार की पुष्टि हुई।
यह बीमारी शरीर के लसीका तंत्र से जुड़ी होती है। युवक में बीमारी शरीर के एक ही हिस्से तक सीमित थी। पेट की झिल्ली के पास इस तरह की गांठ मिलना दुर्लभ है। शुरुआत में इसे दूसरे ट्यूमर से अलग पहचानना मुश्किल था। ऑपरेशन के बाद युवक की परेशानी भी ठीक हो गई।
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शोध पत्र 13 जनवरी 2026 को ‘क्यूरियस’ पत्रिका में प्रकाशित हुआ। जानकारी के अनुसार, युवक को करीब छह महीने से पेट के दाहिने निचले हिस्से में दर्द, कब्ज और थकान की शिकायत थी। जांच में पेट के निचले हिस्से में गांठ मिली। शुरुआती जांच में इसे आंत से जुड़ा ट्यूमर माना गया। इसके बाद डॉक्टरों ने ऑपरेशन कर गांठ निकाल दी। ऑपरेशन के बाद गांठ के ऊतकों की बारीकी से जांच की गई। इसमें कैसलमैन बीमारी के हाइलाइन वैस्कुलर प्रकार की पुष्टि हुई।
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यह बीमारी शरीर के लसीका तंत्र से जुड़ी होती है। युवक में बीमारी शरीर के एक ही हिस्से तक सीमित थी। पेट की झिल्ली के पास इस तरह की गांठ मिलना दुर्लभ है। शुरुआत में इसे दूसरे ट्यूमर से अलग पहचानना मुश्किल था। ऑपरेशन के बाद युवक की परेशानी भी ठीक हो गई।
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