सवाल: चर्म रोग हो तो डॉक्टर पूछते हैं, सहजनवां इलाके से आए हो क्या
सांसद रवि किशन ने आयुष्मान कार्ड के बारे में जानकारी ली। सीएमओ से कहा कि इसका प्रचार प्रसार नहीं हो रहा है। लोगों को सही जानकारी नहीं मिल पा रही। अस्पतालों में उपचार नहीं होता है। गांव-देहात की जनता समझ नहीं पा रही है। इसलिए, जोर शोर से इसका प्रचार कराइए। चाहें तो हमारी आवाज में अपील रिकार्ड कराकर सबको सुनवाइए।
विस्तार
अस्पतालों में अगर कोई चर्म रोग का मरीज इलाज के लिए जा रहा है तो डॉक्टर पूछते हैं सहजनवां से आए हो क्या? सहजनवां के विधायक प्रदीप शुक्ला ने यह कहते हुए पूछा...अरे भाई, क्षेत्रीय प्रदूषण अधिकारी कहां हैं, आएं हैं कि नहीं। दो मिनट तक सन्नाटा पसरा रहा।
आए हुए हैं, लेकिन टॉयलेट गए हैं। आएंगे तो उन्हें बता दीजिएगा। विधायक बोले, उनसे जानना है कि सहजनवां की समस्या को लेकर उनके पास क्या उपाय है? इसके बाद सांसद रवि किशन ने सवाल उठाया कि 10 दिन बाद बरसात आ जाएगी। ऐसे में नालों का पानी कैसे निकालेंगे। इस सवाल पर अधिकारी इधर-उधर देखने लगे।
सर्किट हाउस के एनेक्सी भवन में बुधवार को जिला विकास समन्यव एवं अनुश्रवण समिति (दिशा) की बैठक थी। जिसमें मौजूद जनप्रतिनिधियों ने अधिकाारियों से सवालों की झड़ी लगा दी। पूरी बैठक में सहजनवां इलाके की फैक्टरियों से निकलने वाले धुएं से हो रहे प्रदूषण और शहर में होने वाले जलभराव का मुद्दा छाया रहा। सांसद रवि किशन, विधायक विपिन सिंह और विधायक महेंद्र पाल सिंह ने अलग-अलग सवालों में शहर को जलभराव से निजात दिलाने के उपायों पर अधिकारियों से जवाब मांगा।
नगर निगम, जल निगम, एनएचएआई और पीडब्ल्यूडी के कामों की समीक्षा करते हुए जनप्रतिनिधियों ने अधिकारियों से पूछा कि 10 दिन बाद बरसात आ जाएगी। ऐसे में नालों का पानी कैसे निकालेंगे। गोरखनाथ से बरगदवां होते हुए महेसरा तक, असुरन से खजांची चौराहे तक नाले की स्थिति, सिंघड़िया से तुर्रा नाला, देवरिया बाईपास के नाला निर्माण और पहले से बने हुए नालों से पानी कैसे निकलेगा। इस मुद्दे पर भी अधिकारी सटीक जवाब नहीं दे पाए। सांसद रवि किशन ने बरसात शुरू होने के पहले नाला निर्माण कार्य को पूरा कराने को कहा।
विधायक विपिन सिंह ने कहा कि सभी नालों की ठीक से सफाई करा लें, तो आधे से अधिक समस्या खत्म हो जाएगी। विधायक महेंद्र पाल सिंह ने असुरन से लेकर खजांची तक नाला को दुरुस्त कराने के लिए कहा। जनप्रतिनिधियों के सवाल पर संबंधित विभागों के अधिकारी ''सर हो जाएगा'' कहकर कार्रवाई का आश्वासन देते रहे।
यूपी में अब तक सबसे घटिया निर्माण एनएच-29 का
गोरखपुर-वाराणसी हाइवे एनएच 29 का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। बैठक की अध्यक्षता कर रहे बांसगांव सांसद कमलेश पासवान ने निर्माण कार्य पर नाराजगी जताई। कहा कि एनएच 29 का निर्माण कार्य यूपी में सबसे घटिया है। पूछा कि एनएचएआई के एक्सईएन आएं या नहीं? तब उनके स्थान पर पहुंचे एक अन्य अधिकारी ने बताया कि वह छुट्टी पर गए हैं। कौड़ीराम पुल का निर्माण कार्य रुके होने, सर्विस लेन का काम अधूरा होने, जगह-जगह सड़क की पैचिंग उखड़ने को लेकर सवाल उठाया। बैठक में कार्यदायी संस्था के अधिकारी के अनुपस्थित रहने पर आपत्ति जताई गई। सांसद ने बीते दिनों महरौली के पास हुई सड़क दुर्घटना के लिए एनएचएआई और पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराया।
आंधी-तूफान में टूटे हैं एलएनटी के पोल
पिपराइच के विधायक महेंद्र पाल सिंह ने सवाल उठाया कि बीते दिनों आई आंधी पानी में पोल टूटने के बाद बिजली निगम के अधिकारियों ने क्या व्यवस्था की है। जो भी पोल टूटे हैं, वे सभी एलएंडटी के हैं। विधायक ने पिपराइच फोरलेन सहित अन्य कार्य को लेकर सवाल उठाए। विकास कार्य का ठेका लेकर काम शुरू नहीं कराने वाले ठेकेदारों को काली सूची में डालने के लिए कहा।
आयुष्मान भारत का प्रचार कराइए सीएमओ साहब
सांसद रवि किशन ने आयुष्मान कार्ड के बारे में जानकारी ली। सीएमओ से कहा कि इसका प्रचार प्रसार नहीं हो रहा है। लोगों को सही जानकारी नहीं मिल पा रही। अस्पतालों में उपचार नहीं होता है। गांव-देहात की जनता समझ नहीं पा रही है। इसलिए, जोर शोर से इसका प्रचार कराइए। चाहें तो हमारी आवाज में अपील रिकार्ड कराकर सबको सुनवाइए। प्रधानमंत्री की तरफ से चलाई जा रही किसी योजना में लापरवाही न बरतें।
बैठक में रामजानकी मार्ग के गड्ढा मुक्त होने, जनपद में सीसीटीवी कैमरे लगे होने, मनरेगा के काम, जलनिगम, सूरजकुंड से लेकर महेसरा तक चल अमृत योजना के तहत चल रहे काम, बायोमेडिकल वेस्ट के निस्तारण, सहजनवां दोहरीघाट रेलवे लाइन के निर्माण कार्य, बीएसएनएल के फाइव जी शुरू होने, राप्ती नदी से लेकर डोमिनगढ़ तक रिवर फ्रंट के काम सहित अन्य मुद्दों पर चर्चा हुई। बैठक के अंत में डीएम कृष्णा करूणेश ने सभी का आभार जताया। इस दौरान एमएलसी धर्मेंद्र सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि और विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।