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गोरखपुर: 15 तक खेतों में नहीं चला सकेंगे भूसा बनाने वाली मशीन, जानिए क्या है बड़ी वजह
Mon, 05 Apr 2021 01:57 PM IST
vivek shukla
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
अमर उजाला नेटवर्क, गोरखपुर।
Published by: vivek shukla
Updated Mon, 05 Apr 2021 01:57 PM IST
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फसल काटने वाली मशीन
- फोटो : अमर उजाला।
अब 15 अप्रैल तक खेतों में स्ट्रा रीपर (भूसा बनाने वाली मशीन) नहीं चला सकेंगे। गेहूं की फसल में आग लगने की घटनाओं के मद्देनजर गोरखपुर जिला प्रशासन ने स्ट्रा रीपर के इस्तेमाल पर रोक लगा दी है। यदि कहीं मशीन चलती हुई मिली तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी की ओर से इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है। जिले में रविवार को 25 स्थानों पर फसल में आग लगने से बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है। प्राथमिक जांच में यह बात सामने आई है कि फसल काटने और भूसा बनाने वाली मशीन से निकलने वाली चिंगारी के कारण फसल में आग लग रही है।
डंठल से भूसा बनाने के दौरान चिंगारी निकलकर बगल के खेत में खड़ी फसल को जला दे रही है। यह बात सामने आते ही जिला प्रशासन ने इस मशीन के इस्तेमाल पर रोक लगा दी है। दिन में चल रही तेज हवा के कारण आग और तेजी से फैल रही है।
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जिलाधिकारी की ओर से इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है। जिले में रविवार को 25 स्थानों पर फसल में आग लगने से बड़े पैमाने पर नुकसान हुआ है। प्राथमिक जांच में यह बात सामने आई है कि फसल काटने और भूसा बनाने वाली मशीन से निकलने वाली चिंगारी के कारण फसल में आग लग रही है।
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डंठल से भूसा बनाने के दौरान चिंगारी निकलकर बगल के खेत में खड़ी फसल को जला दे रही है। यह बात सामने आते ही जिला प्रशासन ने इस मशीन के इस्तेमाल पर रोक लगा दी है। दिन में चल रही तेज हवा के कारण आग और तेजी से फैल रही है।
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प्रभावित किसानों को मिलेगा मुआवजा
अगलगी की घटना से जिन किसानों की फसल को नुकसान पहुंचा है उन्हें जिला प्रशासन की ओर से मुआवजा दिया जाएगा। आपदा निधि से 24 घंटे के भीतर मुआवजा दे दिया जाएगा। खलिहान निधि के अंतर्गत 25 हजार रुपये प्रति हेक्टेयर की दर से मुआवजा दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना एवं किसान क्रेडिट कार्ड के तहत भी बीमा का लाभ किसानों को दिया जाएगा।
डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने बताया कि जिले में गेहूं की फसल में आग लगने की घटनाएं दुर्भाग्यपूर्ण हैं। यह बात सामने आ रही है कि स्ट्रा रीपर के इस्तेमाल से निकलने वाली चिंगारी के कारण आग लग रही है। इसे देखते हुए जिले में इस मशीन के प्रयोग को 15 अप्रैल तक प्रतिबंधित कर दिया गया है। प्रभावित किसानों का आपदा निधि एवं अन्य योजनाओं के जरिए मुआवजा मिलेगा।
डीएम के. विजयेंद्र पांडियन ने बताया कि जिले में गेहूं की फसल में आग लगने की घटनाएं दुर्भाग्यपूर्ण हैं। यह बात सामने आ रही है कि स्ट्रा रीपर के इस्तेमाल से निकलने वाली चिंगारी के कारण आग लग रही है। इसे देखते हुए जिले में इस मशीन के प्रयोग को 15 अप्रैल तक प्रतिबंधित कर दिया गया है। प्रभावित किसानों का आपदा निधि एवं अन्य योजनाओं के जरिए मुआवजा मिलेगा।