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जेएनयू हमले के विरोध में विवि पर प्रदर्शन, वामदलों ने धरने के बाद जुलूस निकाला
Mon, 06 Jan 2020 09:30 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
डिजिटल न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर
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Published by: गोरखपुर ब्यूरो
Updated Mon, 06 Jan 2020 09:30 PM IST
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जेएनयू, दिल्ली में छात्रों और शिक्षकों पर हुए हमले के विरोध में छात्रनेता, वामदल, सामाजिक संगठनों के लोगों ने सोमवार को सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। गोरखपुर विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर छात्रों ने जहां प्रदर्शन कर विरोध जताया, वहीं वाम दलों, सामाजिक संगठनों ने जुलूस निकाला और नगर निगम में धरना-प्रदर्शन करने के बाद कमिश्नर को ज्ञापन सौंपा।
विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर एससी-एसटी, ओबीसी वर्ग के विद्यार्थियों ने छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष अमन यादव और छात्रनेता भाष्कर चौधरी के नेतृत्व में धरना दिया। उनके साथ बैठे छात्र हाथों में जेएनयू हमले की निंदा से संबंधित स्लोगन लिए हुए थे। छात्रों ने कहा कि विश्वविद्यालयों में छात्रों पर हो रहे हमले बर्दाश्त योग्य नहीं है। हम सरकार से मांग करते हैं कि हमले करने वाले लोगों को चिह्नित कर सजा दी जाए।
इस अवसर पर दीपक यादव, सत्यपाल यादव, सचिन कुमार, अरुण यादव, महर्फुजुर रहमान, अनूप यादव, अभय गौड़, सुधीराम रावत, अभिषेक रमन, शाहिद आदि मौजूद रहे। नगर निगम परिसर स्थित लक्ष्मीबाई पार्क में धरना देने के बाद वामदलों, सामाजिक संगठनों के लोगों ने जुलूस निकाला। नगर निगम से गोलघर, आंबेडकर तिराहा होते हुए कमिश्नर कार्यालय पर पहुंचे। जहां कमिश्नर को उन्होंने ज्ञापन दिया। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन में गृह मंत्री अमित शाह से इस्तीफे और दिल्ली पुलिस कमिश्नर, जेएनयू के वीसी को बर्खास्त करने, घटना की न्यायिक जांच कराने और हमला करने वाले लोगों को गिरफ्तार करने की मांग की। धरने को जेएनयू के पूर्व छात्र राजेश सिंह, वरिष्ठ मानवाधिकार कार्यकर्ता फतेह बहादुर सिंह, जन संस्कृति मंच के महासचिव मनोज कुमार सिंह, भाकपा माले के जिला सचिव राजेश साहनी, जगदीश पांडेय, लेखक आनंद पांडेय आदि ने संबोधित किया।
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वक्ताओं ने कहा कि जेएनयू छात्रों और शिक्षकों पर हमला पूर्व नियोजित षडयंत्र के तहत किया गया है। इसमें जेएनयू वीसीए, दिल्ली पुलिस और एबीवीपी कार्यकर्ता शामिल थे। धरने का संचालन नौजवान भारत सभा के राजू ने किया। इस दौरान भाकपा माले के नेता विनोद भारद्वाज, एपवा की जिलाध्यक्ष मनोरमा चौहान, जगदंबा, सुजीत श्रीवास्तव, रूबी, मुकेश, माया, मनोरमा, राजकुमार, आदित्य, विकास, प्रतिभा आदि शामिल थे।
वामपंथियों का प्रतीकात्मक पुतला फूंका
गोरखपुर। गोरखपुर विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर छात्रों ने वामपंथियों का प्रतीकात्मक पुतला फूंका और वामपंथी कार्यकर्ताओं को जेएनयू में एबीवीपी कार्यकर्ताओं पर हमले का दोषी बताया। ऋषभ ने कहा कि जेएनयू में तीन वर्षों से वामपंथी लगातार गतिरोध बनाए हुए हैं। उन्होंने पढ़ाई का माहौल खराब कर रखा है। उनके हिंसा से पूरा माहौल भयग्र्र्रस्त हो गया है। इस दौरान रुचि मौर्या, प्रिया कुमारी, नंदिता चौरसिया, मयंक राय, अरुण यादव, आदर्श चंद, अर्पित मिश्र, आकाश सिंह, उत्कर्ष सिंह, दिवाकर आदि मौजूद रहे।
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विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर एससी-एसटी, ओबीसी वर्ग के विद्यार्थियों ने छात्रसंघ के पूर्व अध्यक्ष अमन यादव और छात्रनेता भाष्कर चौधरी के नेतृत्व में धरना दिया। उनके साथ बैठे छात्र हाथों में जेएनयू हमले की निंदा से संबंधित स्लोगन लिए हुए थे। छात्रों ने कहा कि विश्वविद्यालयों में छात्रों पर हो रहे हमले बर्दाश्त योग्य नहीं है। हम सरकार से मांग करते हैं कि हमले करने वाले लोगों को चिह्नित कर सजा दी जाए।
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इस अवसर पर दीपक यादव, सत्यपाल यादव, सचिन कुमार, अरुण यादव, महर्फुजुर रहमान, अनूप यादव, अभय गौड़, सुधीराम रावत, अभिषेक रमन, शाहिद आदि मौजूद रहे। नगर निगम परिसर स्थित लक्ष्मीबाई पार्क में धरना देने के बाद वामदलों, सामाजिक संगठनों के लोगों ने जुलूस निकाला। नगर निगम से गोलघर, आंबेडकर तिराहा होते हुए कमिश्नर कार्यालय पर पहुंचे। जहां कमिश्नर को उन्होंने ज्ञापन दिया। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन में गृह मंत्री अमित शाह से इस्तीफे और दिल्ली पुलिस कमिश्नर, जेएनयू के वीसी को बर्खास्त करने, घटना की न्यायिक जांच कराने और हमला करने वाले लोगों को गिरफ्तार करने की मांग की। धरने को जेएनयू के पूर्व छात्र राजेश सिंह, वरिष्ठ मानवाधिकार कार्यकर्ता फतेह बहादुर सिंह, जन संस्कृति मंच के महासचिव मनोज कुमार सिंह, भाकपा माले के जिला सचिव राजेश साहनी, जगदीश पांडेय, लेखक आनंद पांडेय आदि ने संबोधित किया।
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वक्ताओं ने कहा कि जेएनयू छात्रों और शिक्षकों पर हमला पूर्व नियोजित षडयंत्र के तहत किया गया है। इसमें जेएनयू वीसीए, दिल्ली पुलिस और एबीवीपी कार्यकर्ता शामिल थे। धरने का संचालन नौजवान भारत सभा के राजू ने किया। इस दौरान भाकपा माले के नेता विनोद भारद्वाज, एपवा की जिलाध्यक्ष मनोरमा चौहान, जगदंबा, सुजीत श्रीवास्तव, रूबी, मुकेश, माया, मनोरमा, राजकुमार, आदित्य, विकास, प्रतिभा आदि शामिल थे।
वामपंथियों का प्रतीकात्मक पुतला फूंका
गोरखपुर। गोरखपुर विश्वविद्यालय के मुख्य द्वार पर छात्रों ने वामपंथियों का प्रतीकात्मक पुतला फूंका और वामपंथी कार्यकर्ताओं को जेएनयू में एबीवीपी कार्यकर्ताओं पर हमले का दोषी बताया। ऋषभ ने कहा कि जेएनयू में तीन वर्षों से वामपंथी लगातार गतिरोध बनाए हुए हैं। उन्होंने पढ़ाई का माहौल खराब कर रखा है। उनके हिंसा से पूरा माहौल भयग्र्र्रस्त हो गया है। इस दौरान रुचि मौर्या, प्रिया कुमारी, नंदिता चौरसिया, मयंक राय, अरुण यादव, आदर्श चंद, अर्पित मिश्र, आकाश सिंह, उत्कर्ष सिंह, दिवाकर आदि मौजूद रहे।