फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Gorakhpur News ›   Gorakhpur Prisoners grow cabbage topped in UP state

खुशखबर: गोरखपुर के कारागार में बंदियों ने उगाई बंद गोभी, प्रदेश में आई अव्वल

Tue, 25 Feb 2020 11:23 AM IST
vivek shukla डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर।
डिजिटल न्यूज डेस्क, गोरखपुर। Published by: vivek shukla Updated Tue, 25 Feb 2020 11:23 AM IST
विज्ञापन
Gorakhpur Prisoners grow cabbage topped in UP state
बंद गोभी ने नंबर एक स्थान प्राप्त किया है। - फोटो : अमर उजाला।

मंडलीय कारागार में बंदियों द्वारा उगाई गई बंद गोभी पूरे प्रदेश में अव्वल रही है। 22 और 23 फरवरी को राजभवन में कृषि विभाग की ओर से लगाई गई शाक, सब्जी, फल और पुष्प प्रदर्शनी में प्रदेश की कई जेलों और विभागों के कृषि उत्पादों के स्टाल लगाए गए थे। इनमें गोरखपुर जेल की बंद गोभी सबसे ज्यादा पसंद की गई। इसके लिए राजभवन की ओर से गोरखपुर जेल प्रशासन को प्रशस्ति पत्र दिया गया है।

विज्ञापन


गोरखपुर कारागार में करीब 1750 बंदी वर्तमान समय में कैद हैं। उनसे खेती सहित अन्य श्रम कराया जाता है। बंदियों द्वारा जेल में ब्रोकली, फूलगोभी, बंद गोभी और आलू उगाया जाता है। जिसका उपयोग बंदियों के भोजन के लिए किया जाता है। हर वर्ष राजभवन में कृषि विभाग की ओर से प्रादेशिक फल, शाकभाजी व पुष्प प्रदर्शनी लगाई जाती है।
विज्ञापन


इस वर्ष गोरखपुर जेल प्रशासन की ओर से इस प्रदर्शनी में बंदियों द्वारा उगाई गई बंद गोभी का स्टाल लगाया गया था। जिसे लोगों द्वारा खूब पसंद किया गया। वर्ष 2019 में गोरखपुर जेल के बंदियों द्वारा उगाई गई ब्रोकली को पहला स्थान मिला था। वरिष्ठ जेल अधीक्षक डॉ. रामधनी ने बताया कि प्रदर्शनी में यहां की बंद गोभी का स्टाल लगाया गया था। जिसे प्रदेश में प्रथम स्थान मिला है। इसके लिए शील्ड और प्रशस्ति पत्र मिला है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed