{"_id":"68bdf06a4b475bbabc054b07","slug":"gorakhpur-news-railway-workers-angry-over-the-duty-of-private-ac-mechanic-in-train-protested-gorakhpur-news-c-7-gkp1052-1063321-2025-09-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Gorakhpur News: सरयू नदी का जलस्तर पांच सेमी घटा...कटान का खतरा बढ़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Gorakhpur News: सरयू नदी का जलस्तर पांच सेमी घटा...कटान का खतरा बढ़ा
विज्ञापन
गोला कस्बे के मल्लाह टोला के पास सरयू कर रहा कटान।
बड़हलगंज क्षेत्र के जैतपुर, ज्ञानकोल, बगहादेवार गांव के पास कटान
चिल्लूपार। सरयू नदी के जलस्तर में रविवार काे कमी आई है। सुबह आठ से शाम चार बजे के बीच बरहज (देवरिया) गेज पर पांच सेंटीमीटर की कमी दर्ज की गई। हालांकि सरयू का जलस्तर खतरा के निशान से 95 सेंटीमीटर ऊपर है। बाढ़ के कारण क्षेत्र के 10 से अधिक गांव अभी भी घिरे हैं। जैतपुर, ज्ञानकोल और बगहा देवार में धीमी गति से कटान हो रहा है। पानी कम होते ही इन गांवों में कटान तेज हाेने की संभावना है। उधर, बाढ़ प्रभावित गांवों की दुश्वारियां अब भी कम नहीं हुई हैं।
दियारा में बाढ़ के पानी से जैतपुर, ज्ञानकोल, बगहादेवार, मुशाडोही, बल्थर, कोटिया निरंजन, कोटिया दीपशाह, अजयपुरा, बिहुआ उर्फ अगिलगौआ गांव चारों तरफ से घिरे हुए हैं। तहसील प्रशासन की ओर से छह गांव में नाव लगाई गई है।
जैतपुर, ज्ञानकोल और बगहा देवार गांव के समीप धीमी गति से कटान हो रही है।घटते जलस्तर के बीच ज्ञानकोल के बचे 16 घरों पर खतरा मंडराता नजर आने लगा है। वहीं, बगहा देवार में बचे आठ घरों व गांव के प्राथमिक विद्यालय सहित पक्की सड़क के कटने की आशंका है। वहीं, जैतपुर में 10 घर कटान की जद में आ सकते हैं। टापू बने जैतपुर गांव के नंदकुमार, शिवचंद, कोमल, लल्लन यादव, मनोज झिनकु,राम किशुन आदि के घर के कटान के मुहाने पर हैं। यहां कटान रोधी कार्य संबंधित विभाग की ओर से अब तक शुरू नहीं कराया गया। बाढ़ पीड़ित परिवार के सामने खाने पीने का संकट है।
विज्ञापन
-- -- -- -
वर्जन
जैतपुर, बगहादेवार, ज्ञानकोल सहित अन्य बाढ़ प्रभावित गांव के लोगों में 700 भोजन का पैकेट वितरित किया गया है। पानी घटने लगा है। तहसील कर्मी बाढ़ क्षेत्र की निगरानी कर रहे हैं।
अमित कुमार जायसवाल, एसडीएम, गोला
-- --
बरहज में सरयू नदी का जलस्तर पांच सेंटीमीटर घटा है। ज्ञानकोल में कटान रोधी कार्य चल रहा है। पानी घटने पर कटान की आशंका को देखते हुए बचाव सामग्री की व्यवस्था कर ली गई है। सहायक अभियंता और जेई कटान क्षेत्र में हैं। जैतपुर में कटान रोधी कार्य करना संभव नहीं है।
- विकास कुमार सिंह, मुख्य अभियंता, गंडक
--
गोला के मल्लाह टोली में कटान शुरू, लोगों की नींद उड़ी
गोला। सरयू नदी के तट पर स्थित गोला कस्बा के वार्ड संख्या 18 मल्लाह टोली में एक बार फिर कटान शुरू हो गई है। इससे स्थानीय लोगों में दहशत है। ग्रामीण स्पर बनाने की मांग कर रहे हैं।
स्थानीय निवासी राजेश, रामकवल, विक्रम, धर्मेंद्र, किशन आदि लोगों ने बताया कि यहां पहले भी कटान होती थी। उस समय वैकल्पिक व्यवस्था के माध्यम से कटान रोकी गई थी, लेकिन वर्तमान में जगह-जगह बनाए गए स्पर व नदी की बदलती भौगोलिक परिस्थितियों की वजह से एक बार फिर कटान शुरू हो गया है। नदी के तट पर बसे लोगों में कटान का दहशत है। लोगों ने बोल्डर पीचिंग कराकर कटान रोकने की मांग की है। इस संबंध में अधिशाषी अधिकारी वैभव चौधरी ने बताया कि कटान का निरीक्षण कर हर संभव प्रयास किया जाएगा।
-- -
बोले बाढ़ पीड़ित
नदी के कटान से घर पहले ही कट गया है। किसी तरह सड़क के किनारे पशुओं को बांधे हुए हैं। परिवार के साथ सड़क पर छप्पर डालकर गुजर बसर कर रही हूं।
- पाना देवी, बगहा देवार
-- -- -- -- -- -- --
बाढ़ से फसल बर्बाद हो रही है। घर के करीब बाढ़ का पानी पहुंच गया है। इसमें घुसकर आना-जाना पड़ रहा है। गांव की सड़क पर परिवार के साथ जीवनयापन कर रहा हूं।
- राम अवध साहनी, बगहा देवार
-- -- --
रात में मोबाइल के टाॅर्च की रोशनी से काम चलता है। जहरीले जीव-जंतुओं का भय हमेशा बना रहता है। इन सबके बीच आवास की आस में गुजर-बसर कर रहे हैं।
- सुमन पाल, बगहा देवार
-- -- -- -- -- -- -- -- --
सरयू नदी की बाढ़ के चलते गड़रिया टोला घिर गया है। पूरा गांव टापू बन गया है। पशुओं और परिवार के साथ सड़क किनारे झोपड़ी में गुजारा कर रहे हैं। नदी से अंदर ही अंदर कटान हो रहा है।
- कन्हैया पाल, बगहा देवार
विज्ञापन
चिल्लूपार। सरयू नदी के जलस्तर में रविवार काे कमी आई है। सुबह आठ से शाम चार बजे के बीच बरहज (देवरिया) गेज पर पांच सेंटीमीटर की कमी दर्ज की गई। हालांकि सरयू का जलस्तर खतरा के निशान से 95 सेंटीमीटर ऊपर है। बाढ़ के कारण क्षेत्र के 10 से अधिक गांव अभी भी घिरे हैं। जैतपुर, ज्ञानकोल और बगहा देवार में धीमी गति से कटान हो रहा है। पानी कम होते ही इन गांवों में कटान तेज हाेने की संभावना है। उधर, बाढ़ प्रभावित गांवों की दुश्वारियां अब भी कम नहीं हुई हैं।
दियारा में बाढ़ के पानी से जैतपुर, ज्ञानकोल, बगहादेवार, मुशाडोही, बल्थर, कोटिया निरंजन, कोटिया दीपशाह, अजयपुरा, बिहुआ उर्फ अगिलगौआ गांव चारों तरफ से घिरे हुए हैं। तहसील प्रशासन की ओर से छह गांव में नाव लगाई गई है।
विज्ञापन
जैतपुर, ज्ञानकोल और बगहा देवार गांव के समीप धीमी गति से कटान हो रही है।घटते जलस्तर के बीच ज्ञानकोल के बचे 16 घरों पर खतरा मंडराता नजर आने लगा है। वहीं, बगहा देवार में बचे आठ घरों व गांव के प्राथमिक विद्यालय सहित पक्की सड़क के कटने की आशंका है। वहीं, जैतपुर में 10 घर कटान की जद में आ सकते हैं। टापू बने जैतपुर गांव के नंदकुमार, शिवचंद, कोमल, लल्लन यादव, मनोज झिनकु,राम किशुन आदि के घर के कटान के मुहाने पर हैं। यहां कटान रोधी कार्य संबंधित विभाग की ओर से अब तक शुरू नहीं कराया गया। बाढ़ पीड़ित परिवार के सामने खाने पीने का संकट है।
विज्ञापन
वर्जन
जैतपुर, बगहादेवार, ज्ञानकोल सहित अन्य बाढ़ प्रभावित गांव के लोगों में 700 भोजन का पैकेट वितरित किया गया है। पानी घटने लगा है। तहसील कर्मी बाढ़ क्षेत्र की निगरानी कर रहे हैं।
अमित कुमार जायसवाल, एसडीएम, गोला
बरहज में सरयू नदी का जलस्तर पांच सेंटीमीटर घटा है। ज्ञानकोल में कटान रोधी कार्य चल रहा है। पानी घटने पर कटान की आशंका को देखते हुए बचाव सामग्री की व्यवस्था कर ली गई है। सहायक अभियंता और जेई कटान क्षेत्र में हैं। जैतपुर में कटान रोधी कार्य करना संभव नहीं है।
- विकास कुमार सिंह, मुख्य अभियंता, गंडक
गोला के मल्लाह टोली में कटान शुरू, लोगों की नींद उड़ी
गोला। सरयू नदी के तट पर स्थित गोला कस्बा के वार्ड संख्या 18 मल्लाह टोली में एक बार फिर कटान शुरू हो गई है। इससे स्थानीय लोगों में दहशत है। ग्रामीण स्पर बनाने की मांग कर रहे हैं।
स्थानीय निवासी राजेश, रामकवल, विक्रम, धर्मेंद्र, किशन आदि लोगों ने बताया कि यहां पहले भी कटान होती थी। उस समय वैकल्पिक व्यवस्था के माध्यम से कटान रोकी गई थी, लेकिन वर्तमान में जगह-जगह बनाए गए स्पर व नदी की बदलती भौगोलिक परिस्थितियों की वजह से एक बार फिर कटान शुरू हो गया है। नदी के तट पर बसे लोगों में कटान का दहशत है। लोगों ने बोल्डर पीचिंग कराकर कटान रोकने की मांग की है। इस संबंध में अधिशाषी अधिकारी वैभव चौधरी ने बताया कि कटान का निरीक्षण कर हर संभव प्रयास किया जाएगा।
बोले बाढ़ पीड़ित
नदी के कटान से घर पहले ही कट गया है। किसी तरह सड़क के किनारे पशुओं को बांधे हुए हैं। परिवार के साथ सड़क पर छप्पर डालकर गुजर बसर कर रही हूं।
- पाना देवी, बगहा देवार
बाढ़ से फसल बर्बाद हो रही है। घर के करीब बाढ़ का पानी पहुंच गया है। इसमें घुसकर आना-जाना पड़ रहा है। गांव की सड़क पर परिवार के साथ जीवनयापन कर रहा हूं।
- राम अवध साहनी, बगहा देवार
रात में मोबाइल के टाॅर्च की रोशनी से काम चलता है। जहरीले जीव-जंतुओं का भय हमेशा बना रहता है। इन सबके बीच आवास की आस में गुजर-बसर कर रहे हैं।
- सुमन पाल, बगहा देवार
सरयू नदी की बाढ़ के चलते गड़रिया टोला घिर गया है। पूरा गांव टापू बन गया है। पशुओं और परिवार के साथ सड़क किनारे झोपड़ी में गुजारा कर रहे हैं। नदी से अंदर ही अंदर कटान हो रहा है।
- कन्हैया पाल, बगहा देवार